1. Home
  2. Dharam

Akshaya Tritiya 2025 Date: कब है अक्षय तृतीया 2025 का खास पर्व, जानें तारीख, मुहूर्त और महत्व

Akshaya Tritiya 2025 Date: कब है अक्षय तृतीया 2025 का खास पर्व, जानें तारीख, मुहूर्त और महत्व
Kab hai Akshaya Tritiya 2025 Tareekh samay: अक्षय तृतीया 2025, 30 अप्रैल को मनाई जाएगी। वैशाख माह की तृतीया तिथि पर होने वाला यह हिंदू त्योहार माँ लक्ष्मी पूजा और सोने की खरीदारी के लिए प्रसिद्ध है। शुभ मुहूर्त सुबह 5:41 से दोपहर 12:18 तक रहेगा। भगवान विष्णु से जुड़ा यह पर्व चार धाम यात्रा की शुरुआत का भी प्रतीक है।

Akshaya Tritiya 2025 Date kab hai Akshaya Tritiya Tareekh samay: हिंदू धर्म में अक्षय तृतीया का विशेष स्थान है। यह पर्व हर साल वैशाख माह की शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। कई क्षेत्रों में इसे अखा तीज या युगादि तिथि के नाम से भी जाना जाता है। मान्यताओं के अनुसार, इस दिन माँ लक्ष्मी की पूजा और आराधना का प्राचीन रिवाज है।

लोग इस शुभ मौके पर सोना या सोने के गहनों की खरीदारी करते हैं, क्योंकि ऐसा माना जाता है कि इस दिन किए गए शुभ कार्यों और दान-पुण्य का फल कई जन्मों तक मिलता है। पौराणिक कथाओं में कहा जाता है कि अक्षय तृतीया के दिन भगवान श्रीकृष्ण ने पांडवों को अक्षय पात्र भेंट किया था, जो कभी न खत्म होने वाली भोजन की आपूर्ति करता था। साथ ही, सतयुग और त्रेतायुग का आरंभ भी इसी पवित्र तिथि से हुआ था। इस दिन भगवान विष्णु और उनके अवतारों की पूजा से जीवन में सुख-समृद्धि आती है।

Akshaya Tritiya 2025 Date: अक्षय तृतीया 2025 की तारीख

अक्षय तृतीया हर साल वैशाख माह की तृतीया तिथि को आती है। साल 2025 में यह पर्व 30 अप्रैल को होगा, जो बुधवार का दिन है। हिंदू धर्म के प्रमुख त्योहारों में शामिल यह दिन धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया जाता है।

Akshaya Tritiya 2025 Muhurat: अक्षय तृतीया 2025 का शुभ मुहूर्त

हिंदू पंचांग के अनुसार, वैशाख शुक्ल तृतीया तिथि 29 अप्रैल 2025 को शाम 5:31 बजे शुरू होगी और 30 अप्रैल को दोपहर 2:12 बजे खत्म होगी। सनातन परंपरा में उदया तिथि को महत्व दिया जाता है, इसलिए अक्षय तृतीया 30 अप्रैल को मनाई जाएगी। इस दिन पूजा का शुभ समय सुबह 5:41 बजे से दोपहर 12:18 बजे तक रहेगा। इस दौरान पूजा करने से विशेष फल की प्राप्ति होती है।

अक्षय तृतीया का धार्मिक महत्व : Akshaya Tritiya ka Mahatva

अक्षय तृतीया का महत्व हिंदू धर्म में बहुत गहरा है, क्योंकि यह दिन भगवान विष्णु से जुड़ा है। मान्यता है कि इसी दिन उनके छठे अवतार भगवान परशुराम का जन्म हुआ था। इसके अलावा, दस महाविद्याओं में नौवीं माँ मातंगी का अवतरण भी इसी तिथि को हुआ था। भगवान नर-नारायण और हयग्रीव की जयंती भी इसी दिन मनाई जाती है। अक्षय तृतीया के दिन चार धाम यात्रा की शुरुआत होती है और गंगोत्री-यमुनोत्री धाम के कपाट भी खुलते हैं, जिससे इस दिन का महत्व और बढ़ जाता है।

Aaj ka Panchang 26 March 2025: आज का पंचांग 26 मार्च 2025 चैत्र मास की द्वादशी तिथि, जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल की पूरी जानकारी


देश दुनिया के साथ ही अपने शहर की ताजा खबरें पाने के लिए अब आपHaryanaNewsPostकेGoogle Newsपेज औरTwitterपेज से जुड़ें और फॉलो करें।
whtsapp-img
News Hub