Haryana Agriculture News: Agriculture Minister’s announcement- New plan with low cost and high profit: (Haryana Cold Storage Scheme 2025) को लेकर हरियाणा सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। राज्य के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने घोषणा की है कि हर जिले में एक बड़ा कोल्ड स्टोरेज बनाया जाएगा। इसका उद्देश्य यह है कि फल और सब्जी उगाने वाले किसानों की फसलें बर्बाद न हों और उन्हें उनकी मेहनत की बेहतर कीमत मिल सके।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि काम में तेजी लाई जाए और बजट 2025-26 में की गई सभी घोषणाओं को निर्धारित समयसीमा में लागू किया जाए। देरी करने वाले अधिकारियों से जवाब-तलबी की जाएगी। उन्होंने सिरसा में किन्नू के लिए प्रोसेसिंग व पैकेजिंग प्लांट की स्थिति की समीक्षा भी की। बताया गया कि इसके लिए 3 एकड़ भूमि चिह्नित हो चुकी है और डीपीआर तैयार की जा रही है (Haryana fruit processing plant)।
बागवानी और नई नीतियों को लेकर सरकार का फोकस Haryana Agriculture News
बैठक में यह भी बताया गया कि हिसार और फतेहाबाद में अमरूद के लिए अत्याधुनिक पैकेजिंग प्लांट और मंडी की स्थापना की योजना है। इसके साथ ही राज्य में 2000 नए हरहित स्टोर शुरू करने की योजना में अब तक 1805 समझौते हो चुके हैं और 1284 स्टोर खुल चुके हैं (Horticulture development Haryana)।
‘मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना’ के तहत मुआवजा राशि बढ़ाने पर चर्चा हुई, जिसे अब महंगाई के अनुसार आवधिक रूप से संशोधित करने के लिए ‘हॉर्टिकल्चर पॉलिसी’ में शामिल किया जा रहा है (Horticulture policy Haryana)।
कोल्ड स्टोरेज और किसानों के लिए सब्सिडी का लाभ
सरकार की योजना के अनुसार कोल्ड स्टोरेज की स्थापना के लिए सोलर प्लांट के माध्यम से बिजली आपूर्ति को प्रोत्साहित किया जाएगा (Cold storage solar plant Haryana)। इससे लागत घटेगी और किसानों की आय बढ़ेगी। 5000 मीट्रिक टन क्षमता वाले कोल्ड स्टोरेज पर सरकार द्वारा 35% सब्सिडी दी जाएगी, जो ₹1.68 करोड़ से ₹2.10 करोड़ प्रति लाभार्थी के बीच होगी (Haryana horticulture subsidy)।
मंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि किसान कम पानी व कम रसायन वाली फसलों की खेती को अपनाएं। इससे पर्यावरण भी सुरक्षित रहेगा और नागरिकों को स्वास्थ्यवर्धक भोजन मिलेगा। हल्दी, लहसून, अदरक पर ₹30,000 और धनिया, मेथी जैसी फसलों पर ₹15,000 प्रति एकड़ अनुदान दिया जा रहा है (किसान अनुदान हरियाणा)। मधुमक्खी पालन और मशरूम खेती को भी सरकारी सहयोग मिल रहा है।












