अंबाला. हरियाणा के अंबाला जिले में सोमवार की सुबह अभिभावकों और स्कूल प्रशासन के लिए चिंताजनक खबर लेकर आई। शहर के चार प्रतिष्ठित स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। यह धमकी एक ईमेल के जरिए दी गई जो सुबह 8 बजकर 22 मिनट पर स्कूलों की आधिकारिक आईडी पर प्राप्त हुआ। जैसे ही स्कूल प्रबंधन ने यह मेल देखा तो तुरंत पुलिस को सूचित किया गया। खबर फैलते ही सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गईं और स्कूलों में व्यापक सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया।
निशाने पर कौन से स्कूल रहे
प्राप्त जानकारी के अनुसार धमकी भरे ईमेल का निशाना अंबाला शहर और छावनी क्षेत्र के प्रमुख स्कूल थे। जिन स्कूलों के नाम सामने आए हैं उनमें प्रमुख हैं:
अंबाला सिटी का एसए जैन स्कूल
अंबाला कैंट का पुलिस डीएवी रिवरसाइड स्कूल
केंद्रीय विद्यालय नंबर 1 (आर्मी एरिया)
इसके अलावा कुछ अन्य शिक्षण संस्थानों को भी इसी प्रकार की मेल मिलने की बात कही जा रही है। पुलिस यह जांच कर रही है कि क्या यह किसी एक ही सोर्स से भेजी गई स्पैम मेल है या इसके पीछे कोई गहरी साजिश है।
सेना के स्कूल में जवानों ने की घेराबंदी
मामले की गंभीरता तब और बढ़ गई जब अंबाला छावनी के संवेदनशील सैन्य क्षेत्र में स्थित केंद्रीय विद्यालय नंबर 1 को भी यह धमकी मिली। चूंकि यह स्कूल आर्मी एरिया में आता है इसलिए यहां सुरक्षा की जिम्मेदारी सेना ने अपने हाथों में ले लिया।
सूचना मिलते ही सेना के जवान और मिलिट्री पुलिस स्कूल पहुंच गई। जवानों ने पूरे परिसर को घेर लिया और क्लास रूम से लेकर खेल के मैदान तक चप्पे चप्पे की तलाशी ली। स्कूल के बाहर खड़ी गाड़ियों और पार्किंग एरिया को भी डॉग स्क्वायड की मदद से चेक किया गया।
प्रिंसिपल और पुलिस का क्या है कहना
पुलिस डीएवी स्कूल की प्रिंसिपल सीमा ने बताया कि सुबह मेल चेक करते समय उन्हें इस धमकी का पता चला। उन्होंने बिना देरी किए पुलिस को सूचना दी। वहीं महेश नगर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर जितेंद्र ढिल्लो ने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया है। एहतियात के तौर पर स्कूलों के बाहर पीसीआर वैन और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। फिलहाल तलाशी अभियान में कोई भी संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली है।
क्या स्कूल बंद होंगे
धमकी मिलने के बाद अभिभावकों में डर का माहौल जरूर है लेकिन प्रशासन ने अभी तक स्कूलों में छुट्टी घोषित करने का कोई आधिकारिक आदेश जारी नहीं किया है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यह किसी शरारती तत्व द्वारा फैलाया गया डर हो सकता है जिसे ‘होक्स कॉल’ या झूठी धमकी कहा जाता है।
विशेषज्ञों की राय: साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार पिछले कुछ समय में दिल्ली एनसीआर और अन्य शहरों के स्कूलों में भी ऐसी ही धमकियां मिली थीं जो बाद में अफवाह साबित हुईं। ऐसी मेल अक्सर विदेशी सर्वर या वीपीएन का इस्तेमाल करके भेजी जाती हैं ताकि पुलिस को गुमराह किया जा सके और समाज में पैनिक फैलाया जा सके। पुलिस की साइबर सेल अब आईपी एड्रेस ट्रेस करने में जुट गई है।













