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किडनी की बीमारी से सावधान! Rohtak PGI में 3 गुना बढ़ी ओपीडी, ट्रांसप्लांट के लिए डोनर की कमी

On: September 9, 2025 1:37 PM
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किडनी की बीमारी से सावधान! Rohtak PGI में 3 गुना बढ़ी ओपीडी, ट्रांसप्लांट के लिए डोनर की कमी
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Kidney transplant Rohtak PGI, (रोहतक) : रोहतक के PGIIMS में किडनी की बीमारियों से जूझ रहे मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि बिना डॉक्टरी सलाह के एंटीबायोटिक्स और अन्य दवाओं का इस्तेमाल किडनी को नुकसान पहुंचा रहा है। पिछले साल जहां नेफ्रोलॉजी विभाग की ओपीडी में रोजाना 50 मरीज आते थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 150 हो गई है। कई मरीजों की किडनी इतनी खराब हो चुकी है कि उन्हें ट्रांसप्लांट की जरूरत है, लेकिन डोनर की कमी के कारण यह प्रक्रिया समय पर नहीं हो पा रही है। PGIIMS में किडनी ट्रांसप्लांट मुफ्त है, और क्रास मैचिंग टेस्ट के लिए दिल्ली की एक लैब से करार किया गया है, जिसका खर्च 50,000 से 60,000 रुपये है।

ट्रांसप्लांट में चुनौतियां

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PGIIMS में फरवरी 2024 से नोडल अधिकारी डॉ. अंकुर गोयल की अगुआई में रेनल ट्रांसप्लांटेशन कार्यक्रम शुरू हुआ। इसमें मृत शरीर (कैडैवेरिक) और परिवार/रिश्तेदारों (लाइव रिलेटेड) से किडनी ट्रांसप्लांट शामिल हैं। अब तक 22 मरीजों का ट्रांसप्लांट हो चुका है, जिसमें 4 कैडैवेरिक हैं। लेकिन 130 मरीजों को अभी ट्रांसप्लांट की सख्त जरूरत है, और डोनर न मिलने से दिक्कतें आ रही हैं। हर हफ्ते सिर्फ एक ट्रांसप्लांट हो पा रहा है, जो मरीजों की बढ़ती संख्या के सामने कम है।

बीमारी का कारण

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डॉ. अंकुर गोयल ने बताया कि बीपी, शुगर और मनमर्जी से एंटीबायोटिक्स लेना किडनी की बीमारियों का बड़ा कारण है। छोटी-मोटी तकलीफ पर लोग बिना सलाह के स्ट्रॉन्ग दवाएं ले लेते हैं, जिसका सीधा असर किडनी पर पड़ता है। खासकर डायबिटीज और हाई बीपी के मरीजों में यह समस्या ज्यादा देखी जा रही है। पिछले साल की तुलना में ओपीडी में मरीजों की संख्या तीन गुना बढ़ी है, जो चिंता की बात है।

शुरुआती इलाज जरूरी

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डॉक्टरों ने सलाह दी है कि किडनी की छोटी-सी दिक्कत को नजरअंदाज न करें। शुरुआती स्टेज में इलाज करवाने से ट्रांसप्लांट की नौबत टाली जा सकती है। PGIIMS में मरीजों को मुफ्त इलाज और बेहतर सुविधाएं दी जा रही हैं, लेकिन जागरूकता की कमी के कारण लोग समय पर इलाज नहीं कराते। अगर आप भी बिना सलाह दवाएं ले रहे हैं, तो सावधान हो जाइए, क्योंकि यह आपकी किडनी को नुकसान पहुंचा सकता है।

राहुल शर्मा

राहुल शर्मा एक कुशल पत्रकार और लेखक हैं, जो पिछले 8 वर्षों से ब्रेकिंग न्यूज़, हरियाणा न्यूज़ और क्राइम से जुड़ी खबरों पर प्रभावशाली लेख लिख रहे हैं। उनकी खबरें तथ्यपूर्ण, गहन और तेज़ी से पाठकों तक पहुँचती हैं, जो हरियाणा और अन्य क्षेत्रों की महत्वपूर्ण घटनाओं को उजागर करती हैं। राहुल का लेखन शैली आकर्षक और विश्वसनीय है, जो पाठकों को जागरूक और सूचित रखता है। वे Haryananewspost.com और डिजिटल मंचों पर सक्रिय हैं, जहाँ उनकी स्टोरीज़ सामाजिक और आपराधिक मुद्दों पर गहरी छाप छोड़ती हैं।

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