Haryana Happy Card: Stuck for 10 months, 5 lakh people troubled!: हरियाणा हैप्पी कार्ड (Haryana Happy Card) योजना, जो अंत्योदय परिवारों को मुफ्त बस यात्रा (Free Bus Travel) की सुविधा देती है, पिछले 10 महीनों से ठप पड़ी है। 15 अगस्त 2024 के बाद से नए कार्ड जारी नहीं हुए, जिससे लाखों लोग परेशान हैं।
हरियाणा अंत्योदय परिवार परिवहन योजना (Haryana Antyodaya Family Transport Scheme) के तहत यह कार्ड गरीब परिवारों को रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा का लाभ देता है। लेकिन आवेदन प्रक्रिया (Application Process) में देरी ने लोगों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
5 लाख से अधिक आवेदन लंबित Haryana Happy Card
हरियाणा में 15 अगस्त 2024 के बाद से हैप्पी कार्ड बनाने का काम रुक गया है। इस दौरान लगभग 5 लाख लोगों ने आवेदन (Pending Applications) किए, लेकिन कोई प्रगति नहीं हुई। अकेले करनाल जिले में 80,000 से अधिक आवेदन लंबित हैं। अन्य जिलों में भी यही स्थिति है।
करनाल के हैप्पी कार्ड काउंटर प्रभारी वेद शर्मा और जगपाल ने बताया कि कार्ड मुंबई में एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक (AU Small Finance Bank) के सहयोग से बनते हैं। लेकिन 14 अगस्त 2024 के बाद कोई नया कार्ड नहीं आया। इस देरी ने लोगों को निराश किया है।
परिवहन विभाग की चुनौतियाँ
करनाल डिपो के जीएम कुलदीप सिंह ने बताया कि हैप्पी कार्ड (Haryana Happy Card) की जिम्मेदारी एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक के पास है। ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया (Online Application) तो चल रही है, लेकिन कार्ड कब तक बनेंगे, इसकी कोई समयसीमा नहीं है।
परिवहन विभाग (Transport Department) के पास भी इस देरी का कोई ठोस जवाब नहीं है। यह स्थिति गरीब परिवारों (Antyodaya Families) के लिए बड़ी परेशानी बन गई है, जो मुफ्त यात्रा की सुविधा का इंतजार कर रहे हैं। सरकार को इस मुद्दे पर जल्द कदम उठाने की जरूरत है।
लोगों की उम्मीदों पर क्या होगा असर?
हरियाणा हैप्पी कार्ड (Haryana Happy Card) योजना गरीब परिवारों के लिए वरदान थी, लेकिन इसकी रुकी प्रक्रिया ने लोगों का भरोसा डगमगाया है। यह योजना न केवल यात्रा को सस्ता बनाती है, बल्कि सामाजिक समावेशन (Social Inclusion) को भी बढ़ावा देती है।
लंबित आवेदनों (Pending Applications) के कारण लोग मुफ्त यात्रा (Free Bus Travel) के लाभ से वंचित हैं। सरकार और परिवहन निगम को इस समस्या का जल्द समाधान करना होगा, ताकि अंत्योदय परिवारों को उनका हक मिल सके। यह योजना हरियाणा के गरीबों के लिए आर्थिक राहत का बड़ा स्रोत बन सकती है।











