Viral Video: राजस्थान के सांभर साल्ट लेक से सामने आया एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है। वीडियो में पूरी झील गुलाबी रंग में रंगी दिखाई देती है, जिसने लोगों को हैरान और खुश दोनों कर दिया है। यह नजारा किसी कैमरा फिल्टर का नहीं, बल्कि हजारों फ्लेमिंगो पक्षियों की मौजूदगी का नतीजा है।
पहली नजर में यह दृश्य किसी पेंटिंग जैसा लगता है, लेकिन इसकी वजह प्रकृति का संतुलन और पक्षियों का प्रवास है।
राजस्थान के सांभर साल्ट लेक में इस सर्दी बड़ी संख्या में फ्लेमिंगो पहुंचे हैं। उनकी वजह से झील का पानी गुलाबी दिखाई दे रहा है और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
झील गुलाबी क्यों दिख रही है
पक्षी विशेषज्ञों के अनुसार, जब ग्रेटर और लेसर फ्लेमिंगो उथले खारे पानी में बड़ी संख्या में उतरते हैं, तो उनकी गुलाबी रंगत पानी की सतह पर साफ दिखने लगती है।
इसके पीछे मुख्य कारण
• झील में पानी का स्तर संतुलित होना
• शैवाल और सूक्ष्म जीवों की भरपूर उपलब्धता
• सर्दियों में अनुकूल तापमान
इन परिस्थितियों में फ्लेमिंगो लंबे समय तक एक ही जगह रुकते हैं।
इस साल क्यों खास है सांभर साल्ट लेक
वन्यजीव विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार झील की पारिस्थितिकी पहले से बेहतर स्थिति में है। बीते कुछ वर्षों की तुलना में पानी और भोजन दोनों की स्थिति मजबूत रही है।
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एक बर्ड रिसर्चर के मुताबिक, जब झील में नमक और पानी का संतुलन सही रहता है, तब फ्लेमिंगो हजारों की संख्या में यहां प्रवास करते हैं। यही वजह है कि इस बार उनकी संख्या ने पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है।
हर साल आते हैं प्रवासी पक्षी, लेकिन नजारा अलग
सांभर साल्ट लेक भारत की सबसे बड़ी खारे पानी की झीलों में गिनी जाती है। हर सर्दी में यहां विदेशी और प्रवासी पक्षी आते हैं।
हालांकि इस बार
• फ्लेमिंगो की संख्या ज्यादा है
• झील का बड़ा हिस्सा गुलाबी दिख रहा है
• पर्यटकों और फोटोग्राफर्स की दिलचस्पी बढ़ी है
यह दृश्य झील को किसी सपनों की दुनिया जैसा बना देता है।
सोशल मीडिया पर क्यों हो रहा है वीडियो वायरल
यह वीडियो एक फोटोग्राफी अकाउंट से शेयर किया गया है, जिसे लाखों लोग देख चुके हैं। लोग इसे राजस्थान की प्राकृतिक खूबसूरती और जैव विविधता का शानदार उदाहरण बता रहे हैं।
सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो पर्यावरण संरक्षण को लेकर जागरूकता भी बढ़ाते हैं।
क्यों मायने रखता है यह नजारा
पर्यावरण विशेषज्ञ मानते हैं कि बड़ी संख्या में प्रवासी पक्षियों का आना झील के स्वस्थ होने का संकेत है। यह स्थानीय इकोसिस्टम और जैव विविधता के लिए सकारात्मक माना जाता है।
साथ ही यह पर्यटन और स्थानीय रोजगार के लिए भी फायदेमंद हो सकता है।
अगर मौसम और जल स्तर ऐसा ही बना रहा, तो आने वाले हफ्तों में और भी पक्षी यहां देखे जा सकते हैं। विशेषज्ञ लगातार झील की निगरानी कर रहे हैं।













