Haryanvi daughter-in-law played an important role in the missile strike, know who is Wing Commander Vyomika Singh: भारत ने हाल ही में पहलगाम में हुई आतंकी घटना के जवाब में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया, जिसमें पाकिस्तान के 9 आतंकी ठिकानों को नष्ट कर दिया गया।
इस ऑपरेशन की सफलता के बाद भारतीय वायुसेना की दो महिला अधिकारियों, सोफिया कुरैशी और व्योमिका सिंह ने मीडिया को जानकारी दी। हरियाणा के भिवानी से नाता रखने वाली विंग कमांडर व्योमिका सिंह की कहानी प्रेरणादायक है। आइए, उनकी जिंदगी और उपलब्धियों के बारे में जानते हैं।
कौन हैं व्योमिका सिंह? Commander Vyomika Singh
विंग कमांडर व्योमिका सिंह भारतीय वायुसेना में हेलीकॉप्टर पायलट के रूप में तैनात हैं। उनका जन्म उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हुआ, लेकिन उनका ससुराल हरियाणा के भिवानी जिले के बापोड़ा गांव में है। उनके पति, ग्रुप कैप्टन दिनेश सभ्रवाल, भी भारतीय वायुसेना में सेवारत हैं।
व्योमिका का नाम, जिसका अर्थ है ‘आकाश की बेटी’, उनकी जिंदगी के मकसद को दर्शाता है। बचपन से ही पायलट बनने का सपना देखने वाली व्योमिका ने मेहनत और लगन से यह मुकाम हासिल किया।
प्रेरणादायक करियर की शुरुआत
वायोमिका ने एनसीसी में हिस्सा लेने के बाद इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की। वह अपने परिवार की पहली महिला हैं, जिन्होंने सशस्त्र बलों में कदम रखा।
साल 2019 में उन्हें भारतीय वायुसेना की फ्लाइंग ब्रांच में स्थाई कमीशन मिला। हेलीकॉप्टर पायलट के रूप में उन्होंने चेतक और चीता जैसे हेलीकॉप्टरों को दुर्गम इलाकों में उड़ाने में महारत हासिल की है। उनके करियर में 25,000 घंटे से अधिक की उड़ान का रिकॉर्ड है, जो उनकी काबिलियत को दर्शाता है।
हरियाणा से गहरा नाता
वयोमिका का ससुराल भिवानी के बापोड़ा गांव में है, जहां उनके ससुर प्रेम सभ्रवाल एक सेवानिवृत्त DETC अधिकारी हैं। हरियाणा की इस बहू ने न केवल अपने ससुराल का, बल्कि पूरे देश का नाम रोशन किया है।
उनकी मेहनत और साहस हरियाणा की बेटियों के लिए एक मिसाल है। 2017 में उन्हें विंग कमांडर के पद पर प्रमोशन मिला, और 2019 में स्थाई कमीशन ने उनके करियर को नई ऊंचाई दी।
ऑपरेशन और बचाव अभियान में योगदान
वयोमिका ने 2020 में अरुणाचल प्रदेश में एक विशेष बचाव अभियान में हिस्सा लिया था, जहां उनकी बहादुरी और कौशल की खूब तारीफ हुई।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद उनकी भूमिका और भी अहम हो गई, जब उन्हें मीडिया ब्रीफिंग के लिए चुना गया। यह दर्शाता है कि भारतीय वायुसेना में महिला अधिकारियों का योगदान कितना महत्वपूर्ण है।
प्रेरणा का स्रोत
वयोमिका सिंह की कहानी हर उस युवा के लिए प्रेरणा है, जो बड़े सपने देखता है। खासकर महिलाओं के लिए, जो सशस्त्र बलों में करियर बनाना चाहती हैं, उनकी जिंदगी एक मिसाल है।
दुर्गम इलाकों में हेलीकॉप्टर उड़ाने से लेकर देश की सुरक्षा में योगदान तक, व्योमिका ने हर चुनौती को अवसर में बदला।
देश के लिए गर्व
वयोमिका सिंह जैसी बेटियां भारत की ताकत हैं। हरियाणा और लखनऊ, दोनों जगहों से उनका गहरा नाता है, और उनकी उपलब्धियां देशवासियों के लिए गर्व का विषय हैं। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में उनकी भूमिका ने एक बार फिर साबित किया कि भारतीय वायुसेना की महिला अधिकारी किसी से कम नहीं हैं।
वयोमिका सिंह की इस प्रेरणादायक कहानी को साझा करें और ताजा अपडेट्स के लिए हमारे साथ बने रहें।












