UPSC Result Haryana 39 youth won in UPSC 2024, Harshita Goyal secured second rank: हरियाणा के युवाओं ने एक बार फिर साबित कर दिया कि मेहनत और प्रतिभा के दम पर कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की 2024 की परीक्षा में हरियाणा के 39 होनहारों ने शानदार प्रदर्शन कर देशभर में अपनी छाप छोड़ी है।
इनमें हिसार की बेटी हर्षिता गोयल ने ऑल इंडिया रैंक 2 हासिल कर राज्य का मान बढ़ाया, वहीं झज्जर के आदित्य विक्रम अग्रवाल ने नौवीं रैंक हासिल की। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सभी चयनित युवाओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। यह उपलब्धि हरियाणा के युवाओं की कड़ी मेहनत और समर्पण का प्रतीक है।
हरियाणा का गौरव: UPSC में लगातार चमक UPSC Result Haryana
पिछले कई सालों से हरियाणा के युवा UPSC परीक्षा में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते आ रहे हैं। जहां 2023 में 29 युवाओं ने इस कठिन परीक्षा को पास किया था, वहीं 2024 में यह संख्या बढ़कर 39 हो गई। हालांकि, इनमें से कई युवाओं को हरियाणा कैडर कम ही मिल पाता है, लेकिन ये होनहार IAS, IPS और IFS जैसे पदों पर पहुंचकर देश और विभिन्न राज्यों की प्रगति में योगदान दे रहे हैं। साल 2011 से 2015 के बीच 51 हरियाणवी युवा IAS बने, और 2015 में अकेले 15 युवाओं ने यह मुकाम हासिल किया। यह आंकड़े हरियाणा की शिक्षा और मेहनत की संस्कृति को दर्शाते हैं।
टॉपर्स में हरियाणा की बेटी और बेटे
इस साल की UPSC टॉपर लिस्ट में हरियाणा का नाम फिर से गूंजा। हिसार की हर्षिता गोयल ने दूसरी रैंक हासिल कर न केवल अपने परिवार, बल्कि पूरे राज्य को गौरवान्वित किया। उनकी इस उपलब्धि ने बेटियों की शिक्षा और मेहनत पर जोर देने की जरूरत को और मजबूत किया। वहीं, झज्जर के आदित्य विक्रम अग्रवाल ने नौवीं रैंक हासिल कर दिखाया कि सही दिशा और मेहनत से कोई भी सपना असंभव नहीं। इन युवाओं की सफलता नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है।
शिक्षा का माहौल: हरियाणा की ताकत
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इन उपलब्धियों का श्रेय राज्य में पढ़ाई के लिए बनाए गए माहौल को दिया। उन्होंने कहा कि हरियाणा के युवा किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं। केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल, जो पहले हरियाणा के मुख्यमंत्री रह चुके हैं, ने बताया कि राज्य में पुस्तकालयों और पढ़ाई की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए कई कदम उठाए गए। उन्होंने कहा कि युवाओं को यह विश्वास दिलाना कि पढ़ाई ही उनका भविष्य उज्ज्वल करेगी, उनकी सबसे बड़ी सफलता है। इस माहौल ने हरियाणा को प्रतिभाओं का गढ़ बना दिया है।
कैडर और अकादमियों पर सवाल
UPSC में सफलता के बावजूद हरियाणा के युवाओं को अपने राज्य का कैडर कम मिलना एक चुनौती है। गुरमीत कौर और जतिन कुमार जैसे विशेषज्ञों ने इस पर चिंता जताई कि युवा एक राज्य में जन्म लेता है, पढ़ाई किसी दूसरे राज्य में करता है, और तैयारी तीसरे राज्य में। ऐसे में यह तय करना मुश्किल हो जाता है कि सफलता का श्रेय किसे मिले। सुप्रीम कोर्ट ने भी इस मुद्दे पर सवाल उठाए हैं, खासकर जब कोचिंग अकादमियां हजारों उम्मीदवारों को अपने संस्थान का बताकर दावे करती हैं। यह बहस इस बात को रेखांकित करती है कि प्रतिभा को प्रोत्साहन और सही मार्गदर्शन की जरूरत होती है, न कि अनावश्यक दावेदारी की।
हरियाणा और चंडीगढ़: तैयारी का गढ़
UPSC और हरियाणा सिविल सर्विसेज (HCS) की तैयारी के लिए हरियाणा के युवा दिल्ली की ओर रुख करते हैं, लेकिन HCS की तैयारी के लिए चंडीगढ़ की अकादमियां उनकी पहली पसंद हैं। चंडीगढ़ का शांत और पढ़ाई के लिए अनुकूल माहौल इसे युवाओं के लिए आकर्षक बनाता है। यह दिखाता है कि हरियाणा के युवा न केवल मेहनती हैं, बल्कि सही संसाधनों का उपयोग करने में भी सक्षम हैं।
युवाओं के लिए प्रेरणा
हरियाणा के इन 39 युवाओं की सफलता हर उस व्यक्ति के लिए प्रेरणा है जो कड़ी मेहनत और लगन के साथ अपने सपनों को पूरा करना चाहता है। ये युवा न केवल अपने परिवार और राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं, बल्कि देश की सेवा में भी योगदान दे रहे हैं। अगर आप भी UPSC की तैयारी कर रहे हैं, तो इन होनहारों से प्रेरणा लें और मेहनत के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ें।













