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Goat Farming: किसान ने रचा कमाल! बकरी पालन से कमा रहे 70 हजार महीना

On: सितम्बर 18, 2025 9:03 पूर्वाह्न
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Goat Farming: किसान ने रचा कमाल! बकरी पालन से कमा रहे 70 हजार महीना
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Goat Farming Earns 70,000 Per month: फरीदाबाद: खेती में घाटा और जमीन अधिग्रहण की मार से कई किसान टूट जाते हैं, लेकिन फरीदाबाद के नवादा गांव के राजपाल नागर ने हार नहीं मानी। खेती छोड़कर उन्होंने बकरी पालन शुरू किया और आज इलाके के सबसे सफल पशुपालकों में गिने जाते हैं। उनकी कहानी उन किसानों के लिए प्रेरणा है, जो खेती से निराश हो चुके हैं।

राजपाल बताते हैं कि तीन साल पहले उन्होंने राजस्थान से 40 बकरियां खरीदकर बकरी पालन शुरू किया। शुरुआत में गांव वालों ने ताने मारे, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी। आज उनके पास 150 बकरियां हैं, जिनमें बीटल, सिरोई और तोतापुरी जैसी खास नस्लें शामिल हैं। सरकार भी पशुपालन को बढ़ावा दे रही है, और ऐसे में यह किसानों के लिए एक शानदार विकल्प बन सकता है।

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हर महीने 70 हजार की कमाई Goat Farming

राजपाल बकरी पालन से हर महीने 70 हजार रुपये कमा रहे हैं। खासकर बकरीद और होली जैसे त्योहारों में बकरियों की कीमत बढ़ने से उनकी कमाई और ज्यादा हो जाती है। इतना ही नहीं, वह दो लोगों को रोजगार भी दे रहे हैं, जिससे उनकी सामाजिक जिम्मेदारी भी पूरी हो रही है।

बकरी के दूध से अतिरिक्त आय

राजपाल बताते हैं कि बकरी का दूध भी उनकी कमाई का बड़ा जरिया है। डेंगू जैसे बुखार के समय लोग बकरी का दूध खरीदने आते हैं। इसकी कीमत 200 रुपये प्रति लीटर तक मिलती है। यह दूध न सिर्फ सेहत के लिए फायदेमंद है, बल्कि उनकी आय को और बढ़ाता है।

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बेटों का साथ, परिवार की मेहनत

राजपाल के दोनों बेटे नौकरीपेशा हैं, लेकिन सुबह-शाम बकरियों की देखभाल में पिता का साथ देते हैं। राजपाल कहते हैं, “बकरी पालन ने मेरी जिंदगी बदल दी। मैं चाहता हूं कि दूसरे किसान भी इसे अपनाएं, खासकर अगर खेती से फायदा न हो रहा हो।” उनका परिवार इस काम में पूरी मेहनत से जुटा है।

कारोबार का और विस्तार

राजपाल ने हाल ही में एक और प्लॉट खरीदा है, जहां वह अपने बकरी पालन के कारोबार को और बढ़ाएंगे। अभी तक उन्होंने सरकार की सब्सिडी का फायदा नहीं लिया, लेकिन जल्द ही इसके लिए आवेदन करने की योजना बना रहे हैं। उनकी मेहनत और लगन दूसरों के लिए मिसाल है।

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अमनदीप सिंह

अमनदीप सिंह एक समर्पित और अनुभवी पत्रकार हैं, जो पिछले 10 वर्षों से मौसम और कृषि से संबंधित खबरों पर गहन और जानकारीपूर्ण लेख लिख रहे हैं। उनकी स्टोरीज़ मौसम के पूर्वानुमान, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और कृषि क्षेत्र की नवीनतम तकनीकों, योजनाओं और चुनौतियों को उजागर करती हैं, जो किसानों और ग्रामीण समुदायों के लिए अत्यंत उपयोगी हैं। अमनदीप का लेखन सरल, विश्वसनीय और पाठक-केंद्रित है, जो कृषि समुदाय को बेहतर निर्णय लेने में मदद करता है।

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