Chandigarh LHB Coach Trains will get a new colour, travel will become safer: चंडीगढ़ LHB कोच (Chandigarh LHB Coaches) के साथ रेल यात्रा अब पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित और शानदार होने वाली है! चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से चलने वाली ट्रेनों को आधुनिक लिंके हॉफमैन बुश (LHB) कोच से लैस करने का फैसला रेलवे ने लिया है।
कुल 17 ट्रेनों में से 12 में ये हाई-टेक कोच पहले ही लग चुके हैं, और बाकी 5 में दिसंबर 2025 तक लग जाएंगे। पुराने ICF कोच की तुलना में ये कोच (LHB Coaches) न सिर्फ सुरक्षित हैं, बल्कि इतने आरामदायक हैं कि आपका सफर अब सपने जैसा लगेगा। जुलाई 2025 से नेताजी एक्सप्रेस, ऊंचाहार और सद्भावना सुपरफास्ट जैसी ट्रेनों में ये कोच दिखने शुरू हो जाएंगे। आइए, जानते हैं कि ये LHB कोच चंडीगढ़ के यात्रियों के लिए क्या खास लेकर आए हैं!
Chandigarh LHB Coach: सुरक्षा और आराम की नई मिसाल
LHB कोच (Chandigarh LHB Coaches) जर्मन तकनीक से कपूरथला रेल कोच फैक्ट्री में तैयार किए गए हैं। इनकी स्टेनलेस स्टील बॉडी जंग-मुक्त और हल्की है, जो ट्रेन को तेज और टिकाऊ बनाती है। सबसे खास है इनका एंटी-क्लाइंबिंग फीचर (Anti-Climbing Feature), जिससे हादसे में कोच एक-दूसरे पर नहीं चढ़ते।
एंटी-टेलिस्कोपिक डिज़ाइन (Anti-Telescopic Design) टक्कर के दौरान नुकसान को कम करता है। डिस्क ब्रेक सिस्टम (Disc Brake System) ब्रेकिंग को और प्रभावी बनाता है। ये कोच 200 किमी/घंटा की रफ्तार तक चल सकते हैं, हालांकि अभी 160 किमी/घंटा पर संचालित होंगे। बेहतर सस्पेंशन (Improved Suspension) की वजह से सफर में झटके कम होंगे, और राइड इंडेक्स 2.5–2.75 यात्रियों को आराम देगा।
जुलाई से बदलेंगी ये ट्रेनें
चंडीगढ़ से चलने वाली ट्रेनों में LHB कोच (Chandigarh LHB Coaches) का रोलआउट जुलाई 2025 से शुरू हो रहा है। नेताजी एक्सप्रेस (कालका-हावड़ा) 17 जुलाई से, ऊंचाहार एक्सप्रेस 22 जुलाई से, और सद्भावना सुपरफास्ट 24 जुलाई से इन नए कोच के साथ दौड़ेगी। चंडीगढ़-फिरोजपुर और चंडीगढ़-रामनगर ट्रेनों में दिसंबर 2025 तक LHB कोच लग जाएंगे।
कुल 17 में से 12 ट्रेनें पहले ही इन कोच से लैस हैं। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि ये बदलाव यात्रियों की सुरक्षा (Passenger Safety) और आराम को प्राथमिकता देंगे। पुराने ICF कोच अब अतीत की बात होंगे, क्योंकि LHB कोच ज्यादा जगह और सीटों (Increased Seating Capacity) के साथ आते हैं।
यात्रियों की उम्मीदें पूरी होंगी
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से रोज़ाना हज़ारों यात्री सफर करते हैं, और LHB कोच (Chandigarh LHB Coaches) उनके लिए नया जोश लेकर आएंगे। ये कोच न सिर्फ सुरक्षित हैं, बल्कि पर्यावरण के लिए भी बेहतर हैं, क्योंकि इनका रखरखाव कम होता है। दिसंबर 2025 तक सभी 17 ट्रेनों में ये कोच लगने से चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन (Chandigarh Railway Station) आधुनिकता की नई मिसाल बनेगा।
यात्रियों को अब न केवल तेज़ और सुरक्षित सफर मिलेगा, बल्कि आराम का अनुभव भी पहले से बेहतर होगा। रेलवे का यह कदम चंडीगढ़वासियों के लिए गर्व की बात है, जो अब विश्वस्तरीय सुविधाओं का मज़ा ले सकेंगे।
LHB कोच की खासियत
LHB कोच (Chandigarh LHB Coaches) पुराने ICF कोच से 1.7 मीटर लंबे हैं, यानी ज्यादा जगह और आराम। स्लीपर क्लास में 80 और थर्ड एसी में 72 यात्री सफर कर सकते हैं (Increased Seating Capacity) इनका रखरखाव भी आसान है हर दो साल में एक बार ओवरहाल काफी है। स्टेनलेस स्टील की बॉडी जंग से बचाती है, जिससे कोच लंबे समय तक टिकाऊ रहते हैं।
बेहतर सस्पेंशन (Improved Suspension) की वजह से लंबी यात्राओं में भी थकान नहीं होगी। रेलवे का यह कदम चंडीगढ़ के यात्रियों के लिए एक बड़ा तोहफा है, जो अब सुरक्षित और आरामदायक सफर का लुत्फ उठा सकेंगे। यह बदलाव रेलवे के आधुनिकीकरण (Railway Modernization) की दिशा में एक मील का पत्थर है।













