Delhi Karnal Corridor: Reach Karnal in just 90 minutes through Delhi Karnal Corridor: (दिल्ली करनाल कॉरिडोर) को लेकर एक बड़ा अपडेट सामने आया है। केंद्र सरकार की योजना के तहत दिल्ली से करनाल तक का सफर अब पहले से कहीं ज्यादा आसान और तेज़ होने वाला है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्रीय परिवहन निगम (NCRTC) ने 136 किलोमीटर लंबे रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) के लिए तीन टेंडर जारी कर दिए हैं।
इस कॉरिडोर का उद्देश्य दिल्ली, पानीपत और करनाल जैसे शहरों को बेहतर और तेज़ यातायात सुविधा देना है। हालांकि अभी केंद्र सरकार की अंतिम स्वीकृति मिलनी बाकी है, लेकिन निर्माण-पूर्व गतिविधियां शुरू हो चुकी हैं।
निर्माण से पहले सड़क चौड़ीकरण और मरम्मत Delhi Karnal Corridor
कॉरिडोर के निर्माण से पहले सड़क के चौड़ीकरण और मरम्मत का काम शुरू किया गया है। अधिकारियों के अनुसार, जब (Delhi Karnal Corridor) का निर्माण शुरू होगा, तो कुछ हिस्सों पर बैरिकेडिंग और डायवर्जन की जरूरत पड़ेगी। ऐसे में यातायात बाधित न हो, इसके लिए पहले से ही सड़क चौड़ी की जा रही है।
इसमें आरसीसी नालियों का निर्माण, नई सड़क की कार्पेटिंग और ह्यूम पाइप बिछाने जैसे सिविल कार्य शामिल हैं। ठेकेदारों को सुरक्षा मानकों का पालन करने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। यह सब यात्रियों की सुविधा और निर्माण के दौरान सुगम आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए किया जा रहा है।
कॉरिडोर के तीन खंड और प्रमुख स्टेशन
136 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर को तीन हिस्सों में बांटा गया है:
पहला खंड: सराय काले खां से अलीपुर
दूसरा खंड: अलीपुर से समालखा
तीसरा खंड: समालखा से करनाल न्यू ISBT
जब यह (Delhi Karnal RRTS) पूरा हो जाएगा, तो दिल्ली से करनाल का सफर सिर्फ 90 मिनट में तय किया जा सकेगा। इसके अलावा:
कश्मीरी गेट से मुरथल: 30 मिनट
इंद्रप्रस्थ से सोनीपत: 35 मिनट
कश्मीरी गेट से पानीपत: 1 घंटा
कॉरिडोर दिल्ली के सराय काले खां से शुरू होकर करनाल के न्यू ISBT पर खत्म होगा। दिल्ली में कुल सात स्टेशन होंगे: सराय काले खां, इंद्रप्रस्थ, कश्मीरी गेट, झड़ौदा कलां, भलस्वा चौक, अलीपुर और नरेला। मुरथल और गंजबार में दो डिपो भी बनाए जाएंगे।
यह प्रोजेक्ट न केवल यात्रियों के समय की बचत करेगा, बल्कि दिल्ली और हरियाणा के बीच आर्थिक और सामाजिक जुड़ाव को भी मजबूत करेगा।












