Experts will adopt Chandigarh government schools, will provide free coaching to 700 students: एकेडमिक सेशन 2024-25 में 12वीं क्लास में 90% से अधिक स्कोर कर पेरेंट्स, टीचर्स और शहर को गर्व महसूस कराने वाले 237 मेरिटोरियस स्टूडेंट्स को पंजाब के गवर्नर और यूटी प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने सम्मानित किया।
Chandigarh government schools मिलेगा इंसेंटिव
सम्मान मैं सर्टिफिकेट्स और प्रति स्टूडेंट 5000 रुपए का इंसेंटिव दिया गया। कुल मिलाकर प्रशासन ने स्टूडेंट्स को 11.85 लाख रुपए का इंसेंटिव दिया है। शिक्षा के क्षेत्र में तीन नए इनिशिएटिव लॉन्च किए हैं जिसका फायदा स्टूडेंट्स को तो मिलेगा ही, इससे शहर की शिक्षा व्यवस्था को भी नई दिशा मिलेगी। इस मौके पर अपने-अपने स्कूलों का शत-प्रतिशत रिजल्ट सुनिश्चित करने वाले चार गवर्नमेंट स्कूलों के प्रिंसिपल्स और टीचर्स को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
शिक्षा से समाज में सार्थक परिवर्तन ला सकते हैं: कटारिया
प्रशासक कटारिया ने कहा- यह सफलता न केवल स्टूडेंट्स की मेहनत का रिजल्ट है, बल्कि टीचर्स और पेरेंट्स के समर्पण, सहयोग और मार्गदर्शन का रिफ्लेक्शन भी है। समय बदला है, तकनीक बदली है, लेकिन शिक्षा देने वाले का योगदान और महत्व आज भी अटल है।
स्टूडेंट्स से कहा- शिक्षा केवल एग्जाम पास करने या मार्क्स लाने का माध्यम नहीं है, बल्कि ऐसा टूल है जिससे हम समाज में सार्थक परिवर्तन ला सकते हैं। हममें न केवल ज्ञान होना चाहिए, बल्कि मानवता के गुण भी आने चाहिए। विकसित भारत 2047 के दृष्टिकोण को शेयर करते हुए कहा- हमारा सपना है कि चंडीगढ़ एक विजनरी सिटी बने जहां शिक्षा, इनोवेशन, स्वच्छता, डिजिटल प्रोग्रेस और गुड गवर्नेस पर देश को दिशा दिखाएं।
‘एडॉप्ट ए स्कूल’ पहल
‘एडॉप्ट ए स्कूल मॅटरशिप इनिशिएटिव’ के पहले फेज में चंडीगढ़ के 42 गवर्नमेंट स्कूलों को शामिल किया गया है, जिससे 60 हजार स्टूडेंट्स को फायदा होगा। इस इनिशिएटिव के तहत प्रशासन के सीनियर ऑफिसर, डॉक्टर, वकील, खिलाड़ी, इंडस्ट्रियलिस्ट और अन्य क्षेत्रों के एक्सपर्ट्स इन स्कूलों को अडॉप्ट करेंगे स्टूडेंट्स को स्वास्थ्य, हाईजीन, नैतिक मूल्यों, साइबर अवेयरनेस और लाइफ स्किल्स जैसे सब्जेक्ट्स पर मार्गदर्शन करेंगे। यह एक ऐसा प्रयास है जो बच्चों को किताबों से बाहर की दुनिया के लिए तैयार करेगा और समाज में प्रैक्टिकल नॉलेज को बढ़ावा देगा।
‘उड़ान परियोजना’ से मुफ्त कोचिंग
गवर्नर ने ‘उड़ान परियोजना’ के अंतर्गत शिक्षा विभाग और चंडीगढ़ के कोचिंग इंस्टीट्यूट्स के बीच हुए एमओयू का भी उल्लेख किया। इसके अंतर्गत लगभग 700 मेरिटोरियस स्टूडेंट्स को जेईई, नीट, आईएएस, पीसीएस और एनडीए जैसे नेशनल लेवल के कंपीटिटिव एग्जाम्स की फ्री कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। यह इनिशिएटिव विशेष रूप से उन स्टूडेंट्स के लिए वरदान सिद्ध होगा जो प्रतिभाशाली तो हैं लेकिन संसाधनों के अभाव में अपने सपनों को साकार नहीं कर पाते।
‘कैशलेस कैंपस’ की शुरुआत
‘कैशलेस कैंपस’ सर्विस की शुरुआत करते हुए गवर्नर ने इसे चंडीगढ़ की शिक्षा प्रणाली में एक क्रांतिकारी कदम बताया। उन्होंने कहा कि यह इनिशिएटिव न केवल स्कूलों में वित्तीय लेन-देन को सुरक्षित, पारदर्शी और सरल बनाएगा, बल्कि स्टूडेंट्स को डिजिटल लिटरेसी के प्रति सशक्त भी बनाएगा। उन्होंने इस इनोवेशन को विकसित भारत 2047 के संकल्प की दिशा में एक मजबूत प्रयास बताया।












