अंबाला (Shalimar Malani Express)। बाड़मेर से जम्मूतवी के बीच चलने वाली शालीमार मलानी एक्सप्रेस का स्वरूप बदलेगा। लगभग दस वर्ष बाद ट्रेन के पुराने कोच को हटाकर नए एलएचबी (लिंक हॉफमैन बुश) कोच लगाए जाएंगे जोकि सुविधाओं व सुरक्षा से सुसज्जित कोच हैं। यह सुविधा यात्रियों को नववर्ष पर मिलेगी। इसकी रुपरेखा रेलवे ने तैयार कर ली है ताकि ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों को सुविधा मिल सके।
Shalimar Malani Express: यात्रियों को होगा फायदा
अंबाला मंडल के वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक एनके झा ने बताया कि बाड़मेर से जम्मूतवी के बीच संचालित ट्रेन में नए कोच लगने का सीधा फायदा सैन्य कर्मचारियों सहित आम यात्रियों को होगा। ट्रेन छह राज्यों से होकर जम्मू पहुंचती है।
इसमें राजस्थान के अलावा उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब व जम्मू के यात्री सफर करते हैं। ट्रेन में अक्सर वेटिंग की स्थिति रहती है, लेकिन नए कोच के लगने से ट्रेन में सीटों की संख्या में भी बढ़ोतरी हो जाएगी और इससे यात्रियों को कंफर्म टिकट मिलने की उम्मीद भी बंध जाएगी।
रेलवे ट्रेनों में लगे पुराने कोच को हटाकर नए एलएचबी कोच लगा रहा है। जिस प्रकार कालका से हावड़ा के बीच चलने वाली नेताजी एक्सप्रेस में नए कोच लगाए गए हैं, उसकी प्रकार आने वाले समय में बाड़मेर-जम्मूतवी सहित कुछ अन्य ट्रेनों में भी नए कोच लगाए जाएंगे। इसका सीधा फायदा यात्रियों को होगा।
रेलवे ने जारी की आठ ट्रेनों की सूची
उत्तर रेलवे की 8 जोड़ी ट्रेनों में नए एलएचबी कोच लगाने की सूची जारी की गई है। इसमें तीन ट्रेनें अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन से होकर गुजरती हैं। इन ट्रेनों में पहले नंबर पर 14662/14661 जम्मूतवी–बाड़मेर एक्सप्रेस है। इस ट्रेन में 15 जनवरी को नए कोच लगाए जाएंगे। ट्रेन में पांच जनरल, छह स्लीपर, छह थर्ड एसी, दो सेकेंड एसी, एक फस्ट एसी, एक जनरेटर कार और एक दिव्यांग सह गार्ड कोच लगाया जाएगा।
इसके अलावा अंबाला से गुजरने वाली दूसरी ट्रेन 14631/14632 अमृतसर– देहरादून एक्सप्रेस में 20 नवंबर से और बनारस से जम्मूतवी के बीच चलने वाली बेगमपुरा एक्सप्रेस 12237/12238 में 15 जनवरी से नए कोच लगाए जाएंगे। इसके अलावा ट्रेन नंबर 14241/14242 प्रयागराज संगम–सहारनपुर, 14942/14041 देहरादून– पुरानी दिल्ली, 14229/14230 प्रयागराज संगमश-योगनगरी ऋषिकेश, 14223/14224 बनारस-राजगीर और ट्रेन नंबर 14235/14236 बनारस-बरेली एक्सप्रेस शामिल है।












