Operation Sindoor India penetrated 100 km inside Pakistan and destroyed 9 terrorist hideouts, avenged the Pahalgam attack: भारत ने आतंकवाद के खिलाफ अपनी ताकत और दृढ़ संकल्प का एक और शानदार प्रदर्शन किया है। ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारतीय वायुसेना ने 6-7 मई 2025 की मध्यरात्रि को पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में 9 आतंकी ठिकानों पर सटीक हवाई हमले किए। ये ठिकाने पाकिस्तान की सीमा से 100 किलोमीटर अंदर तक थे, और इनमें जैश-ए-मुहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिद्दीन के प्रमुख शिविर शामिल थे। यह कार्रवाई 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जवाब थी, जिसमें 26 लोगों की जान गई थी। आइए, इस ऑपरेशन और इसके पीछे की रणनीति को करीब से समझें।
Operation Sindoor: 16 दिन बाद करारा जवाब
22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को झकझोर दिया था। इस हमले में आतंकियों ने धर्म और नाम पूछकर 25 भारतीयों और एक नेपाली नागरिक की बर्बर हत्या की थी। ज्यादातर पीड़ित पर्यटक थे, जिनमें नवविवाहित जोड़े भी शामिल थे। हमले की जिम्मेदारी लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मुहम्मद से जुड़े आतंकियों ने ली थी। ऑपरेशन सिंदूर इस हमले का जवाब था, जिसे 16 दिन बाद अंजाम दिया गया। भारत ने इस कार्रवाई से साफ संदेश दिया कि वह आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाएगा। ऑपरेशन का नाम सिंदूर उन महिलाओं के सम्मान में रखा गया, जिनके पति इस हमले में शहीद हुए, विशेष रूप से नवविवाहिता हिमांशी नरवाल, जिनके पति लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की तस्वीरें वायरल हुई थीं।
9 ठिकानों का चयन: रणनीतिक और सटीक
भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के लिए 9 ठिकानों को क्यों चुना? खुफिया एजेंसियों ने इन ठिकानों को उनके आतंकी गतिविधियों में शामिल होने के ठोस सबूतों के आधार पर चिह्नित किया। सबसे बड़ा हमला बहावलपुर में जैश-ए-मुहम्मद के मुख्यालय पर किया गया, जो अंतरराष्ट्रीय सीमा से 100 किमी अंदर है। यह संगठन 2001 के संसद हमले और 2019 के पुलवामा हमले जैसी घटनाओं के लिए जिम्मेदार रहा है। मुरीदके में लश्कर-ए-तैयबा का शिविर, जो सांबा सेक्टर से 30 किमी अंदर है, 26/11 मुंबई हमले का केंद्र था। यहां अजमल कसाब जैसे आतंकियों को प्रशिक्षित किया गया था। गुलपुर में हिजबुल मुजाहिद्दीन का ठिकाना, जो पुंछ-राजौरी से 35 किमी अंदर है, 2023 और 2024 के पुंछ हमलों से जुड़ा था। इन ठिकानों का चयन भारत के खिलाफ आतंकी साजिशों को जड़ से उखाड़ने की रणनीति का हिस्सा था।
वैश्विक समुदाय को जानकारी: भारत की पारदर्शिता
ऑपरेशन सिंदूर के तुरंत बाद भारत ने अपनी कार्रवाई की जानकारी प्रमुख देशों—अमेरिका, रूस, ब्रिटेन, सऊदी अरब और UAE—को दी। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल ने अमेरिकी समकक्ष मार्को रुबियो से बात की और ऑपरेशन के उद्देश्यों को स्पष्ट किया। भारत ने बताया कि यह कार्रवाई केवल आतंकी ठिकानों के खिलाफ थी, और उसने सटीकता और संयम का पूरा ध्यान रखा। भारतीय दूतावास ने बयान जारी कर कहा कि पहलगाम हमले में पाकिस्तान आधारित आतंकियों की संलिप्तता के पुख्ता सबूत हैं, और पाकिस्तान ने इस दौरान आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय झूठे आरोप लगाए। यह कदम भारत की पारदर्शिता और जिम्मेदारी को दर्शाता है।
ऑपरेशन सिंदूर भारतीय सेना की संयुक्त कार्रवाई
ऑपरेशन सिंदूर भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना की संयुक्त कार्रवाई थी, जिसे रात 1:44 बजे अंजाम दिया गया। भारतीय वायुसेना ने राफेल जेट्स, स्कैल्प क्रूज मिसाइलों और कमिकaze ड्रोन का इस्तेमाल कर 9 आतंकी ठिकानों को पूरी तरह नष्ट कर दिया। ये ठिकाने पाकिस्तान के बहावलपुर, मुरीदके, सियालकोट, चक अमरू और PoK के मुजफ्फराबाद, बाघ, कोटली, गुलपुर, भीमबेर में थे। खुफिया जानकारी के आधार पर इन ठिकानों की पहचान की गई, जिनमें जैश-ए-मुहम्मद के 4, लश्कर-ए-तैयबा के 3 और हिजबुल मुजाहिद्दीन के 2 शिविर शामिल थे। रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की कि इस ऑपरेशन में 100 से अधिक आतंकी मारे गए, और किसी भी पाकिस्तानी सैन्य सुविधा को निशाना नहीं बनाया गया। यह कार्रवाई पहलगाम हमले के लिए जिम्मेदार आतंकी संगठनों को सजा देने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए थी।
नागरिकों के लिए सलाह: सतर्क और जिम्मेदार रहें
ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान ने पुंछ-राजौरी और कुपवाड़ा में सीजफायर का उल्लंघन किया, जिसमें 7 भारतीय नागरिकों की मौत हो गई। जम्मू, सांबा, कठुआ, राजौरी और पुंछ में स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं। श्रीनगर, लेह, जम्मू और अमृतसर हवाई अड्डों पर उड़ानें रद्द हैं। नागरिकों से अपील है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों, जैसे श्रीनगर एयरबेस पर हमले की खबर, पर ध्यान न दें। PIB फैक्ट चेक ने ऐसी खबरों को फर्जी बताया है। केवल ANI, NDTV, India Today जैसे विश्वसनीय स्रोतों या सरकारी बयानों पर भरोसा करें। यात्रा की योजना बनाने से पहले इंडिगो, एयर इंडिया या स्पाइसजेट की वेबसाइट पर उड़ानों की स्थिति जांच लें।
ऑपरेशन सिंदूर ने भारत की सैन्य ताकत और आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति को दुनिया के सामने ला दिया। 100 किमी अंदर तक 9 आतंकी ठिकानों को नष्ट करने वाली इस कार्रवाई ने पहलगाम हमले के शहीदों को न्याय दिलाया। जैश-ए-मुहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिद्दीन के शिविरों को तबाह कर भारत ने साफ कर दिया कि आतंकियों को कहीं भी छिपने की जगह नहीं मिलेगी। यह समय एकजुटता और सतर्कता का है। हमारे जवान सरहद पर देश की रक्षा कर रहे हैं, और हमारा कर्तव्य है कि हम शांति बनाए रखें और उनकी इस लड़ाई में उनका साथ दें। जय हिंद!













