Operation Sindoor: Strategy discussed in all-party meeting, India keeping a close eye on Pakistan: भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के जरिए आतंकवाद के खिलाफ करारा जवाब देते हुए पाकिस्तान और पीओके में आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया।
इस सटीक सैन्य कार्रवाई के बाद सरकार ने 8 मई 2025 को सुबह 11 बजे सर्वदलीय बैठक बुलाई है। आइए, जानते हैं इस बैठक और ऑपरेशन की पूरी कहानी, जो देश की सुरक्षा और एकजुटता को दर्शाती है।
ऑपरेशन सिंदूर: आतंक के अड्डों पर सटीक प्रहार Operation Sindoor
6-7 मई 2025 की रात 1:05 से 1:30 बजे तक, भारतीय सशस्त्र बलों ने मात्र 25 मिनट में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को अंजाम दिया। इस ऑपरेशन में 24 मिसाइलों के जरिए लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के नौ आतंकी ठिकानों को नेस्तनाबूद कर दिया गया।
इनमें से पांच ठिकाने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में थे, जबकि चार पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में। इन शिविरों में आतंकियों की भर्ती और प्रशिक्षण होता था। इस कार्रवाई में जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर के परिवार के 10 सदस्यों और चार सहयोगियों की भी मौत हुई। यह ऑपरेशन 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जवाब था, जिसमें 26 लोगों की जान गई थी।
सर्वदलीय बैठक: रक्षा और रणनीति पर मंथन
केंद्र सरकार ने ऑपरेशन के बाद उत्पन्न स्थिति और भविष्य की रणनीति पर चर्चा के लिए सर्वदलीय बैठक बुलाई है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह इसकी अध्यक्षता करेंगे, जबकि गृह मंत्री अमित शाह और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू भी मौजूद रहेंगे। बैठक में विपक्षी नेताओं को ऑपरेशन की जानकारी और आगे की तैयारियों के बारे में बताया जाएगा।
कांग्रेस ने इस बैठक में हिस्सा लेने की पुष्टि की है, जिसमें राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में राहुल गांधी शामिल होंगे। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी बैठक में शामिल होने की मांग की है, ताकि राष्ट्रीय सुरक्षा पर व्यापक चर्चा हो सके।
कांग्रेस का समर्थन, कार्यक्रम स्थगित
कांग्रेस ने आतंकवाद के खिलाफ सरकार और सेना के साथ एकजुटता दिखाते हुए अपने सभी तय कार्यक्रम, जैसे ‘संविधान बचाओ रैलियां’, स्थगित कर दिए हैं।
पार्टी ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा सर्वोपरि है, और इस संकट के समय देश एकजुट होकर सेना के साथ खड़ा है। यह कदम विपक्ष की जिम्मेदारी और देश के प्रति समर्पण को दर्शाता है।
पीएम मोदी का दौरा रद्द, सेना हाई अलर्ट पर
बढ़ते तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 13 से 17 मई तक नॉर्वे, क्रोएशिया और नीदरलैंड का प्रस्तावित दौरा रद्द कर दिया है। यह फैसला देश की सुरक्षा को प्राथमिकता देने का प्रतीक है। दूसरी ओर, सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर पाकिस्तानी सेना की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखे हुए हैं।
ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान की ओर से युद्धविराम उल्लंघन की घटनाएं बढ़ी हैं, जिसके चलते भारतीय सेना और सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं। रक्षा अधिकारियों ने बताया कि किसी भी संभावित जवाबी कार्रवाई से निपटने के लिए सेना पूरी तरह तैयार है।
राष्ट्रीय एकता का संदेश
ऑपरेशन सिंदूर और इसके बाद की सर्वदलीय बैठक देश की एकता और आतंकवाद के खिलाफ मजबूत इरादों को दर्शाती है। सरकार का यह कदम न केवल सैन्य ताकत, बल्कि राजनैतिक सहमति और नागरिकों के बीच विश्वास को भी मजबूत करता है।
नागरिकों से अपील है कि वे अफवाहों से बचें और सेना के साथ एकजुट रहें। यह समय देश के लिए एकजुट होकर आतंकवाद के खिलाफ लड़ने का है।












