Punjab University gift to foreign students no increase in fees, exemption from entrance exam: चंडीगढ़ की प्रतिष्ठित पंजाब यूनिवर्सिटी (पीयू) ने विदेशी छात्रों के लिए एक बड़ा तोहफा दिया है। इस शैक्षणिक सत्र में यूनिवर्सिटी ने विदेशी छात्रों की फीस में कोई वृद्धि नहीं की है और उन्हें एंट्रेंस एग्जाम से छूट भी दी है।
यह कदम विदेशी छात्रों को भारत में उच्च शिक्षा के लिए आकर्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है। हर साल नेपाल, ईरान, अफगानिस्तान, नाइजीरिया, थाईलैंड, और कनाडा जैसे देशों से सैकड़ों छात्र पीयू में पढ़ाई के लिए आते हैं।
इस बार सत्र 2024-25 के लिए 700 से ज्यादा विदेशी छात्रों ने आवेदन किया है, जिसमें अमेरिका और कनाडा जैसे विकसित देशों के छात्र भी शामिल हैं। आइए, इस पहल की पूरी कहानी जानते हैं।
पंजाब यूनिवर्सिटी के डीन इंटरनेशनल स्टूडेंट्स, प्रो. कृष्ण मोहन ने बताया कि यूनिवर्सिटी का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक विदेशी छात्र यहां पढ़ाई करें और भारत की समृद्ध शैक्षणिक परंपरा का हिस्सा बनें। इसके लिए पिछले साल बनाए गए नियमों को इस साल भी लागू रखा गया है।
विशेष रूप से, सार्क और विकासशील देशों से आने वाले छात्रों की फीस को आधा किया गया है, ताकि वे आसानी से उच्च शिक्षा प्राप्त कर सकें। इसके अलावा, भारत सरकार की आईसीसीआर स्कॉलरशिप के तहत आने वाले छात्रों को भी विशेष सुविधाएं दी जा रही हैं। यह स्कॉलरशिप विदेशी छात्रों को आर्थिक सहायता प्रदान करती है, जिससे उनकी पढ़ाई का बोझ कम होता है।
सत्र 2024-25 के लिए अब तक 700 से अधिक विदेशी छात्रों ने पीयू में दाखिले के लिए आवेदन किया है। इनमें से कई छात्र पीएचडी, ग्रेजुएशन, और पोस्ट ग्रेजुएशन जैसे कोर्सेज के लिए उत्साहित हैं। पिछले साल 139 गैर-भारतीय नागरिक (एनआरआई) और अफगानिस्तान, ईरान, और इराक जैसे देशों से 34 छात्रों ने आवेदन किया था, जिसमें 12 लड़कियां और 22 लड़के शामिल थे।
इस साल आवेदनों की संख्या में वृद्धि से साफ है कि पीयू की यह पहल विदेशी छात्रों के बीच लोकप्रिय हो रही है। यूनिवर्सिटी का यह कदम न केवल शिक्षा के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सहयोग को बढ़ावा देगा, बल्कि चंडीगढ़ को वैश्विक शिक्षा का केंद्र बनाने में भी मदद करेगा।













