Vehicle Tracking Device: CM Saini’s big step for security in Haryana!: वाहन ट्रैकिंग डिवाइस (Vehicle Tracking Device) हरियाणा में सार्वजनिक परिवहन को और सुरक्षित बनाने जा रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी (CM Nayab Saini) ने महिला और बच्चों की सुरक्षा के लिए इसकी अनिवार्यता पर जोर दिया है।
साथ ही, सड़क सुरक्षा (Road Safety) को बढ़ाने के लिए वैज्ञानिक अध्ययन और स्कूल बसों की निगरानी के निर्देश दिए गए। यह कदम हरियाणा में परिवहन को सुरक्षित और जवाबदेह बनाने की दिशा में मील का पत्थर है। आइए, इस पहल की खासियत को समझें।
सार्वजनिक परिवहन में सुरक्षा उपाय Vehicle Tracking Device
मुख्यमंत्री ने परिवहन विभाग की समीक्षा बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए। सभी सार्वजनिक वाहनों में वाहन ट्रैकिंग डिवाइस (Vehicle Tracking Device) लगाए जाएंगे। यह उपकरण वाहनों की लोकेशन को रियल-टाइम ट्रैक करेगा। इससे महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा (Women and Child Safety) सुनिश्चित होगी।
इसके अलावा, पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिक्योरिटी सिस्टम को आपातकालीन सेवा 112 (Emergency Service 112) से जोड़ा जाएगा। यह सुविधा किसी भी आपात स्थिति में तुरंत मदद पहुंचाएगी। यह कदम यात्रियों को भरोसा देगा कि उनकी सुरक्षा प्राथमिकता है।
स्कूल बसों पर विशेष निगरानी
CM सैनी ने स्कूल बसों की फिटनेस पर विशेष ध्यान देने को कहा। सभी स्कूल बसों की नियमित जांच (School Bus Inspection) होगी। उनकी तकनीकी स्थिति पर नजर रखी जाएगी। यह बच्चों की सुरक्षा (Child Safety) के लिए जरूरी है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्ती से निर्देश दिए कि कोई भी स्कूल बस बिना फिटनेस सर्टिफिकेट के सड़क पर न चले। इससे सड़क दुर्घटनाओं (Road Accidents) को कम करने में मदद मिलेगी। अभिभावकों को भी यह भरोसा मिलेगा कि उनके बच्चे सुरक्षित हैं।
सड़क सुरक्षा के लिए वैज्ञानिक दृष्टिकोण
सड़क सुरक्षा (Road Safety) को बढ़ाने के लिए CM ने वैज्ञानिक अध्ययन की बात कही। दुर्घटनाओं के कारणों की गहन जांच होगी। इससे सड़क हादसों (Road Accidents) को रोकने के लिए प्रभावी नीतियां बनेंगी।
बैठक में मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी और परिवहन आयुक्त टी एल सत्यप्रकाश मौजूद थे। सरकार का लक्ष्य है कि हरियाणा में परिवहन सुरक्षित और विश्वसनीय बने। लोगों से अपील है कि वे नियमों का पालन करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना दें।










