Womens World Cup 2025: महज 8 दिन बाद आईसीसी महिला विश्व कप 2025 की धमाकेदार शुरुआत होने वाली है। पहला मैच भारत और श्रीलंका के बीच गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में खेला जाएगा। इस बड़े टूर्नामेंट से पहले भारतीय महिला टीम की ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा, स्नेह राणा और विकेटकीपर ऋचा घोष ने अपने सफर और मानसिकता का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि कैसे विमेंस प्रीमियर लीग (डब्ल्यूपीएल) ने उनके खेल को निखारा और अपने गुरुओं व टीम के साथियों से क्या-क्या सीखा।
स्नेह राणा का बयान Womens World Cup 2025 है खास
स्नेह राणा ने विश्व कप को बेहद खास और अहम बताया। खासकर इसलिए, क्योंकि यह टूर्नामेंट भारत में हो रहा है। JioHotstar के शो ‘ऑफ द पिच’ पर स्नेह ने कहा, “यह विश्व कप हमारी कप्तान हरमन दीदी (हरमनप्रीत कौर) के लिए बहुत खास है, क्योंकि वह सालों से क्रिकेट खेल रही हैं। हमारा एकमात्र लक्ष्य है कि इस बार विश्व कप की ट्रॉफी भारत की झोली में आए।” स्नेह का यह बयान भारतीय प्रशंसकों में जोश भरने वाला है।
डब्ल्यूपीएल का बड़ा योगदान
स्नेह राणा ने विमेंस प्रीमियर लीग के प्रभाव की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने बताया कि इस लीग ने भारतीय खिलाड़ियों को विश्व स्तरीय प्रतिभाओं के साथ खेलने का मौका दिया। इससे न केवल उनका आत्मविश्वास बढ़ा, बल्कि उन्हें बड़े मंच पर सफल होने का अनुभव भी मिला। स्नेह का मानना है कि डब्ल्यूपीएल ने भारतीय महिला क्रिकेट को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।
दीप्ति शर्मा और ऋचा घोष की तैयारियां
भारतीय ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने विश्व कप से पहले टीम की मानसिक तैयारी पर खुलकर बात की। उन्होंने कहा, “हम जब भी कोई द्विपक्षीय सीरीज खेलते हैं, विश्व कप की ट्रॉफी हमारे दिमाग में रहती है। यह कोच अमोल मजूमदार सर का पहला विश्व कप है, इसलिए यह बेहद खास है। हम भारत में अपने फैंस के सामने खेलने को तैयार हैं, और यह एक यादगार अभियान होगा।” दीप्ति का यह आत्मविश्वास भारतीय टीम की मजबूत मानसिकता को दर्शाता है।
वहीं, विकेटकीपर ऋचा घोष ने डब्ल्यूपीएल के जरिए मिले अनुभव को साझा किया। उन्होंने कहा, “डब्ल्यूपीएल मेरे लिए बहुत फायदेमंद रहा। मैं हमेशा गेंदबाजी से जुड़ी मीटिंग्स में शामिल होती हूं, क्योंकि एक कीपर के तौर पर मुझे कप्तान और गेंदबाजों जितना ही समझना जरूरी है। विदेशी खिलाड़ियों के साथ खेलने से उनकी रणनीतियां सीखने को मिलती हैं, जो मेरे खेल को बेहतर बनाती हैं।” ऋचा का यह बयान बताता है कि डब्ल्यूपीएल ने भारतीय खिलाड़ियों को कितना मजबूत किया है।













