रोहतक, C-Arm Machine PGIMS Rohtak: रोहतक के पीजीआईएमएस अब आधुनिक तकनीक से लैस हो रहा है। यहां जल्द ही 5 नई C-आर्म मशीनों से इलाज शुरू होगा, जिनकी कीमत 58 लाख रुपये है। इन मशीनों की खरीद प्रक्रिया अंतिम चरण में है। यह पहली बार है जब पीजीआई में ऐसी एडवांस मशीनों का इस्तेमाल होगा। इनके जरिए डॉक्टर ऑपरेशन के दौरान स्क्रीन पर पूरी प्रक्रिया देख सकेंगे, जिससे इलाज में सटीकता बढ़ेगी। सर्जरी में छोटा चीरा लगेगा, जिससे मरीज जल्द ठीक होकर घर लौट सकेंगे।
क्या है C-आर्म मशीन की खासियत?
इन मशीनों से रोजाना 4-5 मरीजों को फायदा होगा। मेडिसन विभाग के सीनियर प्रोफेसर डॉ. संदीप गोयल ने बताया कि पित्त की थैली या नली में रुकावट जैसे मामलों में इलाज सिर्फ 30-45 मिनट में हो जाएगा। मरीज उसी दिन घर जाकर खाना खा सकेगा। अन्य बीमारियों में भी छोटा चीरा और सटीक इलाज मरीजों के लिए वरदान साबित होगा।
मरीजों को ये होंगे फायदे
C-आर्म मशीनें ऑपरेशन के दौरान हड्डियों का अलाइनमेंट, इंप्लांट प्लेसमेंट, स्टेंट और कैथेटर लगाने में मदद करेंगी। ये मशीनें लीवर और अग्नाशय के कैंसर, पीलिया और हड्डी में इंप्लांट डालने-निकालने जैसे मामलों में कारगर होंगी। इनसे निरंतर वीडियो और एक्स-रे इमेज मिलेगी, जो रिकॉर्ड होकर बाद में भी काम आएगी। मशीनों को ऑपरेशन थिएटर में आसानी से मूव किया जा सकता है, और ये विभिन्न कोणों से तस्वीरें लेने में सक्षम हैं।
रोहतक पीजीआई का मिशन
कुलपति डॉ. एचके अग्रवाल ने बताया कि ये मशीनें मरीजों के लिए बड़ी राहत लाएंगी। संस्थान लगातार सुविधाएं और संसाधन बढ़ाने पर काम कर रहा है, ताकि मरीजों को बेहतर इलाज मिले। छोटे चीरे और तेज रिकवरी से मरीज जल्द स्वस्थ होंगे।













