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Som Pradosh Vrat Katha: गरीब ब्राह्मणी बनी राजमाता, सिर्फ व्रत से मिला राजवैभव, पढ़ो चमत्कार!

On: नवम्बर 3, 2025 8:44 पूर्वाह्न
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Som Pradosh Vrat Katha: गरीब ब्राह्मणी बनी राजमाता, सिर्फ व्रत से मिला राजवैभव, पढ़ो चमत्कार!
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Som Pradosh Vrat Katha: कल 3 नवंबर 2025, सोमवार को कार्तिक माह का आखिरी और नवंबर का पहला प्रदोष व्रत है। त्रयोदशी पर पड़ने वाला यह सोम-प्रदोष स्वास्थ्य, वैवाहिक सुख और मानसिक शांति का वरदान देता है। प्रदोष काल (शाम 5:30 से 6:30 बजे) में पूजा से शिव जी तुरंत प्रसन्न होते हैं।

मान्यता है कि प्रदोष व्रत करने व इस दिन कथा को सुनने या पढ़ने से सभी प्रकार के कष्ट दूर हो जाते हैं। व्यक्ति को धन, यश और वैभव की प्राप्ति होती है।

प्रदोष व्रत कथा Som Pradosh Vrat Katha

प्राचीन काल में एक छोटे से नगर में एक ब्राह्मणी रहती थी। उसके पति का देहांत हो चुका था और उसके पास सिर्फ एक छोटा बेटा था। कोई संपत्ति नहीं थी, कोई सहारा नहीं था। रोज सुबह वह बेटे को गोद में लेकर भिक्षा मांगने निकलती थी।

लोग थोड़ा-बहुत अनाज या फल दे देते थे, उसी से दोनों का गुजारा चलता था। कठिनाइयों के बावजूद ब्राह्मणी की शिव भक्ति अटूट थी। हर महीने की त्रयोदशी को वह प्रदोष व्रत रखती थी। सुबह स्नान कर शिवलिंग पर बेलपत्र चढ़ाती थी, शाम को प्रदोष काल में ॐ नमः शिवाय जपती थी और फलाहार करती थी। वह प्रार्थना करती थी, ”हे भोलेनाथ, मेरे बेटे को सुख दो, मेरे दुख हर लो।”

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राजकुमार से ब्रह्माणी की हुई भेंट

एक दिन ब्राह्मणी भिक्षा लेकर लौट रही थी। रास्ते में उसे एक घायल युवक दिखा। वह बेहोश था, शरीर पर घाव थे, कपड़े फटे हुए थे। ब्राह्मणी का हृदय पसीज गया। उसने सोचा, ”यह मेरा बेटा होता तो कोई उठाता।” उसने युवक को उठाया और घर लाई। बेटे की मदद से घाव धोए, जड़ी-बूटी लगाई और दूध पिलाया।

धीरे-धीरे युवक होश में आया। उसने बताया, ”मैं विदर्भ राज्य का राजकुमार हूं। युद्ध में दुश्मनों ने मेरे पिता को बंदी बना लिया। मैं भागकर आया, लेकिन घायल हो गया।” ब्राह्मणी ने कहा, ”बेटा, अब तुम मेरे घर में हो। मैं तुम्हारी मां हूं।” राजकुमार ने ब्राह्मणी की सेवा देखी, उसकी शिव भक्ति देखी और वह भी प्रदोष व्रत में शामिल होने लगा।

कुछ दिन बाद एक आश्चर्यजनक घटना हुई। गंधर्व लोक की राजकुमारी अंशुमति पृथ्वी पर घूमने आई। उसने राजकुमार को देखा – उसकी बहादुरी, सुंदरता और ब्राह्मणी की सेवा देखकर वह मोहित हो गई। उसने मन ही मन राजकुमार से विवाह की इच्छा की। घर लौटकर माता-पिता से कहा, ”मुझे उसी राजकुमार से विवाह करना है।”

गंधर्व राजा-रानी चिंतित हुए, लेकिन उसी रात भगवान शिव ने स्वप्न में दर्शन दिए। शिव जी बोले, ”हे गंधर्व राज, तुम्हारी पुत्री की इच्छा सच्ची है। वह राजकुमार ब्राह्मणी की सेवा और प्रदोष व्रत के पुण्य से मिला है। उसका विवाह कराओ। मैं आशीर्वाद देता हूं।”

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शिव आज्ञा से अंशुमति और राजकुमार का भव्य विवाह हुआ। गंधर्व सेना की मदद से राजकुमार ने दुश्मनों पर हमला किया। पिता को छुड़ाया और राज्य वापस लिया। अब वह शक्तिशाली राजा था। राजकुमार ने ब्राह्मणी और उसके बेटे को याद किया। उन्हें राज्य बुलाया।

ब्राह्मणी को राजमाता का सम्मान दिया। बेटे को उच्च पद पर नियुक्त किया। ब्राह्मणी के घर में धन-धान्य, नौकर-चाकर, वैभव आ गया। उसने शिव जी से कहा, ”हे भोले, तुमने मेरी भिक्षा को राजवैभव बना दिया।”

प्रदोष व्रत से मिलते हैं ये लाभ

यह कथा सिद्ध करती है कि प्रदोष व्रत की शक्ति अपार है। ब्राह्मणी ने गरीबी में भी व्रत नहीं छोड़ा, शिव जी ने उसे राजमाता बना दिया।

राजकुमार को राज्य, गंधर्व कन्या को प्रेम – सब प्रदोष पुण्य से मिला। इस व्रत को करने और कथा को सुनने या पढ़ने से गरीबी दूर होती है, धन-सम्मान मिलता है। संकट नाश होता है, शत्रु पर विजय मिलती है। विवाह सुख मिलता है, इच्छित जीवनसाथी प्राप्त होता है। सोम-प्रदोष विशेष चंद्र दोष, मानसिक रोग, वैवाहिक कलह दूर करता है।

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सोम-प्रदोष व्रत कैसे रखें?

सुबह स्नान करें और शिवलिंग पर दूध चढ़ाएं। शाम प्रदोष काल (5:30-6:30) में रुद्राभिषेक करें। ॐ नमः शिवाय 108 बार जपें। बेलपत्र, धतूरा, दूध चढ़ाएं। कथा पढ़ें और आरती करें। फलाहार करें, रात को पारण करें।

मौलिक गुप्ता

मौलिक गुप्ता एक प्रतिभाशाली और अनुभवी पत्रकार हैं, जो पिछले 8 वर्षों से एंटरटेनमेंट और ट्रेंडिंग टॉपिक्स पर आकर्षक और ताज़ा खबरें लिख रहे हैं। उनकी स्टोरीज़ बॉलीवुड, टीवी, सेलिब्रिटी अपडेट्स, वायरल ट्रेंड्स और सोशल मीडिया की हलचल को कवर करती हैं, जो पाठकों को मनोरंजन की दुनिया से जोड़े रखती हैं। मौलिक का लेखन शैली जीवंत, रोचक और समयानुकूल है, जो युवा और विविध पाठकों को आकर्षित करता है। वे Haryananewspost.com न्यूज़ प्लेटफॉर्म्स पर सक्रिय हैं, जहाँ उनके लेख ट्रेंडिंग विषयों पर गहरी अंतर्दृष्टि और मनोरंजक जानकारी प्रदान करते हैं।

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