Mahalaxmi Vrat 2025: हिंदू धर्म में महालक्ष्मी व्रत को बहुत पवित्र और शुभ माना जाता है। यह व्रत भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि से शुरू होता है और 16 दिनों तक चलता है। मान्यता है कि इस व्रत को करने से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और घर में धन-वैभव का आगमन होता है। साल 2025 में यह व्रत 31 अगस्त से 14 सितंबर तक चलेगा। अगर 16 दिन व्रत रखना संभव न हो, तो कम से कम 3 दिन का व्रत भी बहुत फलदायी माना जाता है। आइए जानें कि मां लक्ष्मी घर में कब आती हैं और इस दौरान किन गलतियों से बचना चाहिए।
मां लक्ष्मी का घर में आगमन
शास्त्रों के अनुसार, मां लक्ष्मी शाम 7 बजे से रात 9 बजे के बीच घरों में भ्रमण करती हैं। इसे प्रदोष काल कहा जाता है, जो मां लक्ष्मी के लिए खास समय है। इस दौरान कुछ काम करने से बचना चाहिए, क्योंकि ये मां लक्ष्मी को नाराज कर सकते हैं। अगर आप चाहते हैं कि आपके घर में मां लक्ष्मी का वास हो, तो इस समय सावधानी बरतें।
इन कामों से बचें
सोना और भोजन: शाम 7 से 9 बजे के बीच सोना या भोजन करना अशुभ माना जाता है। इससे घर में दरिद्रता आ सकती है।
क्रोध और अभद्र भाषा: इस समय गुस्सा करना या गलत शब्दों का इस्तेमाल करने से मां लक्ष्मी घर में प्रवेश नहीं करतीं।
बाल-नाखून काटना: प्रदोष काल में बाल या नाखून काटना अशुभ है, इसलिए इसे टालें।
तुलसी को छूना: इस समय तुलसी के पौधे को छूना या उस पर जल चढ़ाना नहीं चाहिए, क्योंकि इससे मां लक्ष्मी नाराज हो सकती हैं।
मां लक्ष्मी को पसंद हैं ऐसे घर
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां लक्ष्मी उसी घर में रहती हैं, जहां साफ-सफाई और सुंदर सजावट होती है। जिन घरों में सुव्यवस्था और स्वच्छता का ध्यान रखा जाता है, वहां धन-धान्य की कमी नहीं होती। मां लक्ष्मी ऐसे घरों में हमेशा निवास करती हैं।
सुबह करें ये काम, आएगी समृद्धि
सुबह उठते ही मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए अपनी हथेलियों को देखकर “कराग्रे वसते लक्ष्मी…” मंत्र का जाप करें। इसके बाद तुलसी की पूजा करें, घर का मुख्य द्वार साफ रखें और वहां रंगोली बनाएं। शाम को घर में धूपबत्ती जलाने से भी मां लक्ष्मी की कृपा मिलती है।
मां लक्ष्मी के आने के संकेत
ज्योतिष के अनुसार, मां लक्ष्मी के आने से पहले कुछ शुभ संकेत मिलते हैं, जो धन और समृद्धि का इशारा करते हैं। इनमें शामिल हैं: घर में उल्लू का दिखना, काली चींटियों का झुंड आना, पक्षी का घोंसला बनाना, सपने में कमल या हाथी दिखना, और दाहिने हाथ में खुजली होना।
नोट: इस लेख में दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं और सामान्य जानकारियों पर आधारित है। हरियाणा न्यूज पोस्ट इसकी पुष्टि नहीं करता।












