ब्रेकिंग न्यूज़मौसमक्रिकेटऑटोमनोरंजनअपराधट्रेंडिंगकृषिलाइफस्टाइलराशिफलहरियाणा

Chandigarh High Court Traffic: चंडीगढ़ हाईकोर्ट में जाम से छुटकारा! वन-वे ट्रायल शुरू

On: सितम्बर 18, 2025 8:26 पूर्वाह्न
Follow Us:
Chandigarh High Court Traffic: चंडीगढ़ हाईकोर्ट में जाम से छुटकारा! वन-वे ट्रायल शुरू
Join WhatsApp Group

Chandigarh High Court Traffic One-way trial: चंडीगढ़ में ट्रैफिक का सिरदर्द अब हाईकोर्ट परिसर तक पहुंच गया है। रोज़ाना 15,000 से ज्यादा गाड़ियां यहां पहुंच रही हैं, जिससे जाम और पार्किंग की समस्या बढ़ती जा रही है। इसे हल करने के लिए हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने ट्रैफिक पुलिस को वन-वे सिस्टम का प्रस्ताव दिया है, जिसका ट्रायल गुरुवार से शुरू हो रहा है। आइए जानते हैं इस नए सिस्टम और ट्रैफिक की स्थिति के बारे में पूरी डिटेल।

हाईकोर्ट में ट्रैफिक का हाल

चंडीगढ़ में हर परिवार के पास औसतन 3-4 गाड़ियां हैं। ये शहर की समृद्धि तो दिखाता है, लेकिन हाईकोर्ट परिसर में ये सिरदर्द बन रहा है। रोज़ाना 15,000 से ज्यादा गाड़ियां यहां पहुंचती हैं, जिसमें वकीलों की 3,500-4,000, कर्मचारियों की 1,500-2,000 और बाहरी लोगों की 6,000-7,000 गाड़ियां शामिल हैं। नतीजा? जाम और पार्किंग की भारी दिक्कत। सड़कों पर ही गाड़ियां पार्क हो रही हैं, जिससे हालात और खराब हो रहे हैं।

हरियाणा, पंजाब और राजस्थान सीधे जुड़ेंगे मुंद्रा पोर्ट से, 120 की स्पीड से दौड़ेंगी गाड़ियां | amritsar-jamnagar-economic-corridor-route-map-travel-time-completion-date
हरियाणा, पंजाब और राजस्थान सीधे जुड़ेंगे मुंद्रा पोर्ट से, 120 की स्पीड से दौड़ेंगी गाड़ियां

वन-वे सिस्टम का ट्रायल

इस समस्या से निपटने के लिए गुरुवार से हाईकोर्ट में वन-वे सिस्टम का ट्रायल शुरू हो रहा है। रॉक गार्डन की तरफ से सिर्फ एंट्री होगी, जबकि एग्जिट सेक्टर-1/3/4 चौक की तरफ से होगी। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने ये प्रस्ताव ट्रैफिक पुलिस को दिया था। बुधवार को बार और इम्प्लॉइज एसोसिएशन की मीटिंग में इस पर चर्चा हुई। अगर ये ट्रायल कामयाब रहा, तो इसे स्थायी कर दिया जाएगा। अगर कोई दिक्कत आई, तो इसे रिव्यू किया जाएगा। डीएसपी ट्रैफिक लक्ष्य पांडे ने बताया कि इस ट्रायल से ट्रैफिक मैनेजमेंट में सुधार की उम्मीद है।

Chandigarh High Court Traffic: पार्किंग की ज़रूरत

हाईकोर्ट इम्प्लॉइज एसोसिएशन के प्रेसिडेंट विनोद दतरवाल का कहना है कि कम से कम 5,000 गाड़ियों के लिए पार्किंग की व्यवस्था होनी चाहिए। अभी हाईकोर्ट परिसर में 10,000 कर्मचारी हैं, जिनमें 75% कार से और 25% टू-व्हीलर से आते हैं। इसके अलावा, रोज़ाना 5,000 लोग अपने केसों के लिए आते हैं, जिनमें 97% अपने वाहनों से पहुंचते हैं। पार्किंग स्पेस की कमी के कारण लोग जहां जगह मिलती है, वहां गाड़ी खड़ी कर देते हैं। परिसर के 2.5-3 किमी के दायरे में गाड़ियां पार्क हो रही हैं।

फेस्टिव सीजन में हरियाणा की इंडस्ट्री को बड़ा झटका: 1800 मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स बंद, जनरेटर भी फेल | haryana-power-strike-eleven-power-crisis-industrial-production-halt
फेस्टिव सीजन में हरियाणा की इंडस्ट्री को बड़ा झटका: 1800 मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स बंद, जनरेटर भी फेल

पहले कहां फेल हुआ वन-वे?

चंडीगढ़ में पहले भी वन-वे सिस्टम का प्रयोग हुआ है, लेकिन सफलता नहीं मिली। सेक्टर-26 की सब्जी और ग्रेन मार्केट में वन-वे लागू किया गया था, लेकिन एंट्री-एग्जिट पॉइंट्स पर लंबी लाइनें लगने लगीं, जिसके बाद इसे हटा लिया गया। सुखना लेक पर वीकेंड में वन-वे लागू किया गया था, लेकिन बाद में प्राइवेट गाड़ियों की एंट्री बंद कर शटल बस सर्विस शुरू की गई। अब हाईकोर्ट में ये ट्रायल कितना कामयाब होगा, ये देखना बाकी है।

सड़क चौड़ी करने से नहीं हुआ फायदा

कुछ महीने पहले रॉक गार्डन की बाहरी दीवार तोड़कर सड़क को चौड़ा किया गया था, लेकिन इससे ट्रैफिक में कोई सुधार नहीं हुआ। उल्टा, सड़क किनारे बेतरतीब पार्किंग बढ़ गई। रॉक गार्डन के सामने, जहां से वन-वे एंट्री होगी, वहां सड़क पर पहले से ही गाड़ियां पार्क होती हैं। अगर ये सिलसिला जारी रहा, तो वन-वे सिस्टम से मुख्य सड़क का ट्रैफिक फ्लो प्रभावित हो सकता है।

हरियाणा में लागू होगा स्वीडन का सफाई मॉडल, 84 शहरों में स्कैनर तकनीक से उठेगा घर-घर का कचरा | haryana-waste-to-energy-project-oil-india-sweden-model-vipul-goel-2026
हरियाणा में लागू होगा स्वीडन का सफाई मॉडल, 84 शहरों में स्कैनर तकनीक से उठेगा घर-घर का कचरा

अमित गुप्ता

पत्रकारिता में पिछले 30 वर्षों का अनुभव। दैनिक भास्कर, अमर उजाला में पत्रकारिता की। दैनिक भास्कर में 20 वर्षों तक काम किया। अब अपने न्यूज पोर्टल हरियाणा न्यूज पोस्ट (Haryananewspost.com) पर बतौर संपादक काम कर रहा हूं। खबरों के साथ साथ हरियाणा के हर विषय पर पकड़। हरियाणा के खेत खलियान से राजनीति की चौपाल तक, हरियाणा सरकार की नीतियों के साथ साथ शहर के विकास की बात हो या हर विषयवस्तु पर लिखने की धाकड़ पकड़। म्हारा हरियाणा, जय हरियाणा।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment