Dipika Hockey: Hockey’s new star Dipika! Know how she became famous at the world level, entered the senior team at the age of just 12: पोलिग्रास मैजिक स्किल अवॉर्ड जीतकर हिसार की हॉकी खिलाड़ी दीपिका ने इतिहास रच दिया है।
वे इस प्रतिष्ठित सम्मान को पाने वाली भारत की पहली महिला खिलाड़ी बन गई हैं। यह अवॉर्ड उन्हें एफआईएच प्रो लीग के 2024–25 सत्र के दौरान नीदरलैंड्स के खिलाफ अद्भुत गोल के लिए मिला है (Poligras Magic Skill Award, Dipika Hockey).
कैसे हासिल हुआ यह अंतरराष्ट्रीय सम्मान? Dipika Hockey
फरवरी 2025 में भुवनेश्वर के कलिंग स्टेडियम में हुए एफआईएच प्रो लीग मुकाबले में दीपिका ने विश्व की नंबर एक टीम नीदरलैंड्स के खिलाफ शानदार गोल दागा। यह मैच 2-2 की बराबरी पर खत्म हुआ लेकिन दीपिका की खेल कला ने दर्शकों का दिल जीत लिया। हॉकी प्रेमियों के ऑनलाइन मतदान के आधार पर उन्हें (FIH Fan Voting) यह अवॉर्ड प्रदान किया गया।
उनके शानदार प्रदर्शन ने उन्हें पोलिग्रास मैजिक स्किल अवॉर्ड के लिए नामांकित किया, जिसमें स्पेन की पेट्रीसिया अल्वारेज़ और ऑस्ट्रेलिया की एक महिला खिलाड़ी भी शॉर्टलिस्ट की गई थीं।
दीपिका की प्रेरणादायक यात्रा
दीपिका मूल रूप से रोहतक की हैं। उनके पिता और चाचा कुश्ती से जुड़े रहे, जबकि उन्हें हॉकी से प्रेम हो गया। बचपन में ग्राउंड पर जाकर हॉकी खिलाड़ियों को देखना उन्हें पसंद था। कोच आज़ाद सिंह मलिक ने उनकी प्रतिभा पहचानी और उन्हें खेलने का मौका दिया।
सिर्फ 12 साल की उम्र में उन्होंने सब-जूनियर से सीनियर टीम तक का सफर तय कर लिया। धीरे-धीरे उन्होंने देशभर में अपनी पहचान बनाई और आज उनकी मेहनत का फल पोलिग्रास मैजिक स्किल अवॉर्ड के रूप में सामने आया।
सम्मान मिलने पर दीपिका की प्रतिक्रिया
दीपिका ने कहा, “टीम के लिए मुश्किल स्थिति में गोल करना मेरे लिए एक यादगार लम्हा था। यह सम्मान मुझे आगे और मेहनत करने की प्रेरणा देगा।” उनका यह बयान दर्शाता है कि वे न सिर्फ खेल में उत्कृष्टता दिखाती हैं, बल्कि मानसिक रूप से भी मजबूत हैं।
यह सम्मान न केवल उनके लिए बल्कि देश के महिला हॉकी खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणा है। दीपिका की उपलब्धि भविष्य की पीढ़ियों के लिए एक उदाहरण बनेगी (Indian Women’s Hockey, Sports Inspiration India).












