Jammu Kashmir Rain 2025, सिटी रिपोर्टर | जम्मू : जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश और बाढ़ ने हाहाकार मचा दिया है। उत्तर रेलवे ने जम्मू और कटरा से आने-जाने वाली 68 ट्रेनों को 30 सितंबर 2025 तक रद्द कर दिया है, जबकि 24 ट्रेनें फिर से शुरू की जाएंगी। भारी बारिश और भूस्खलन के कारण पठानकोट-जम्मू रेल खंड में कई जगह रेलवे ट्रैक खराब हो गए हैं, जिससे पिछले आठ दिनों से रेल यातायात ठप है। माता वैष्णो देवी मंदिर के पास भूस्खलन में 34 लोगों की जान चली गई। आइए, जानते हैं इस आपदा की पूरी स्थिति और प्रशासन की तैयारियों के बारे में।
बारिश और भूस्खलन का कहर
जम्मू क्षेत्र में 26 अगस्त से शुरू हुई भारी बारिश ने सड़क और रेल यातायात को बुरी तरह प्रभावित किया है। बुधवार तक 380 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो 1910 के बाद का रिकॉर्ड है। कटरा में माता वैष्णो देवी मंदिर के पास हुए भूस्खलन ने तीर्थयात्रियों को मुश्किल में डाल दिया है। कई यात्री और स्थानीय लोग फंस गए हैं। रेलवे ने यात्रियों की मदद के लिए जम्मू और कटरा के बीच तीन शटल ट्रेनें शुरू की हैं। मौसम विभाग ने अगले 16 घंटों में दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग, शोपियां और कुलगाम में भारी बारिश की चेतावनी दी है।
कश्मीर घाटी में हालात
कश्मीर घाटी में मंगलवार शाम रुक-रुक कर बारिश हुई। ज्यादातर इलाकों में बारिश हल्की से मध्यम रही, लेकिन दक्षिण कश्मीर में कुछ जगहों पर भारी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने पीर पंजाल पर्वतमाला और दक्षिण कश्मीर में तेज बौछारों, बादल फटने, फ्लैश फ्लड और भूस्खलन की आशंका जताई है। हालांकि, झेलम नदी और अन्य जलाशय अभी बाढ़ के खतरे से नीचे हैं। प्रशासन ने सभी विभागों को हाई अलर्ट पर रखा है ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।












