Patient Pension: Now assistance of ₹ 3000 every month! Know who will be the beneficiary: थैलेसीमिया और हीमोफीलिया मरीजों के लिए पेंशन (Thalassemia and Hemophilia Patient Pension) की घोषणा कर हरियाणा सरकार ने सैकड़ों परिवारों को बड़ी राहत दी है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हाल ही में विधानसभा के बजट सत्र में ऐलान किया कि जिन परिवारों की वार्षिक आय ₹3 लाख तक है, उनके बीमार सदस्यों को दिव्यांग श्रेणी में आर्थिक सहायता दी जाएगी।
इस योजना के तहत पात्र मरीजों को ₹3000 मासिक पेंशन दी जाएगी। इसके अलावा, मरीजों को ज़रूरी जीवन रक्षक दवाएं जैसे फैक्टर-8 और फैक्टर-9 की कमी से भी मुक्ति मिलेगी। यह कदम ना केवल मरीजों की दैनिक ज़रूरतों को आसान बनाएगा, बल्कि उनके इलाज में भी निरंतरता बनाए रखेगा।
प्रतिनिधिमंडल ने उठाई दवाओं की कमी की बात, CM ने दिया समाधान का भरोसा Patient Pension
मुख्यमंत्री सैनी ने कैथल, यमुनानगर, रोहतक, फतेहाबाद और कुरुक्षेत्र से आए मरीजों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। बैठक के दौरान प्रतिनिधियों ने बताया कि थैलेसीमिया और हीमोफीलिया से पीड़ित मरीजों को (Factor-8 Shortage India) जैसी गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि दवाओं की अनुपलब्धता के कारण मरीजों की हालत बिगड़ जाती है और इलाज बाधित होता है। इस पर CM ने भरोसा दिलाया कि सप्ताह भर में समाधान किया जाएगा और दवाएं सभी ज़िलों में उपलब्ध कराई जाएंगी।
यह निर्णय हेल्थ सिस्टम को मजबूत करने और मरीजों को सहारा देने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
सामाजिक सुरक्षा और मेडिकल सुविधा का बेहतर तालमेल
यह योजना (Disability Assistance Haryana) केवल पेंशन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सरकार की मरीज-केन्द्रित सोच को दर्शाती है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार भविष्य में ऐसे दुर्लभ रोगों से जूझ रहे लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और वित्तीय सहायता देने के लिए विशेष नीति बनाएगी।
यह पहल न केवल मरीजों बल्कि उनके परिजनों की मानसिक और आर्थिक स्थिति को भी सुधारने का काम करेगी। स्वास्थ्य सेवाओं में समग्र सुधार और सामाजिक सुरक्षा की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता साफ झलकती है।











