Crime Haryana , Girl burnt alive after refusing to marry, accused arrested: हरियाणा के साल्हावास क्षेत्र के धारौली गांव में एक ऐसी घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया, जिसने इंसानियत पर सवाल खड़े कर दिए। 23 वर्षीय हिमांशु उर्फ निधि की जलकर मौत कोई हादसा नहीं, बल्कि एक सोची-समझी हत्या थी।
शादी से इनकार करने की रंजिश में आरोपी नरेंद्र ने निधि पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है। आइए, इस दुखद घटना के बारे में विस्तार से जानते हैं।
रंजिश ने छीनी एक मासूम की जिंदगी Crime Haryana
27 अप्रैल की रात धारौली गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब निधि के घर में अचानक आग लग गई। निधि और उसकी बड़ी बहन कोमल उस समय घर में सो रही थीं।
आग इतनी भयावह थी कि निधि की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कोमल
गंभीर रूप से झुलस गई। शुरुआत में इसे हादसा माना गया, लेकिन पुलिस की जांच ने चौंकाने वाला सच सामने लाया। यह कोई दुर्घटना नहीं, बल्कि नरेंद्र नाम के एक युवक की साजिश थी, जिसने शादी से इनकार करने की रंजिश में निधि को जिंदा जला दिया।
आरोपी की क्रूर साजिश
पुलिस जांच में पता चला कि रेवाड़ी जिले के धुड़कावास गांव का रहने वाला नरेंद्र निधि से शादी करना चाहता था। निधि के इनकार ने उसे इतना आहत किया कि उसने बदला लेने की ठान ली।
उसने दो बोतल पेट्रोल लेकर निधि के घर में घुसपैठ की और सोते समय उस पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी। इस जघन्य अपराध में नरेंद्र खुद भी झुलस गया, जिसके चलते उसके हाथ और चेहरे पर चोटें आईं। निधि की बहन कोमल भी इस आग में बुरी तरह घायल हो गई और वर्तमान में रोहतक के पीजीआई में उसका इलाज चल रहा है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही साल्हावास पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। थाना प्रभारी निरीक्षक दिलबाग ने बताया कि 28 अप्रैल को निधि के चचेरे भाई राजकुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने घटनास्थल का दौरा किया और फोरेंसिक साइंस लैबोरेट्री (एफएसएल) की टीम को बुलाकर साक्ष्य जुटाए।
मौके से दो बदबूदार प्लास्टिक की बोतलें मिलीं, जिनमें पेट्रोल होने की पुष्टि हुई। जांच के दौरान नरेंद्र पर शक गहराया, और पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। अदालत ने आरोपी को पांच दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है, ताकि मामले की और गहराई से जांच हो सके।
परिवार का दर्द और समाज में सवाल
निधि की मौत ने उसके परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। निधि के चचेरे भाई राजकुमार ने बताया कि कोमल ने घटना के बाद नरेंद्र के भाई तेज सिंह को फोन किया था, लेकिन तब तक निधि की जान जा चुकी थी।
परिवार ने पहले ही नरेंद्र की नीयत पर शक जताया था, क्योंकि शादी के लिए बातचीत के दौरान निधि ने साफ इनकार कर दिया था। यह घटना समाज में महिलाओं की सुरक्षा और उनकी स्वतंत्रता पर सवाल उठाती है। शादी जैसे निजी फैसले को न मानने की सजा क्या किसी की जान लेना हो सकता है?
सामाजिक जागरूकता की जरूरत
यह दिल दहलाने वाली घटना हमें यह सोचने पर मजबूर करती है कि समाज में अभी भी जागरूकता और संवेदनशीलता की कितनी कमी है।
महिलाओं को अपनी पसंद और नापसंद व्यक्त करने का अधिकार है, और इसे स्वीकार करना हर किसी की जिम्मेदारी है। इस तरह की घटनाएं न केवल कानूनी कार्रवाई की मांग करती हैं, बल्कि सामाजिक बदलाव की भी जरूरत को रेखांकित करती हैं।
कानून और न्याय की उम्मीद
नरेंद्र की गिरफ्तारी और पुलिस की सक्रियता से यह उम्मीद जागी है कि निधि को न्याय मिलेगा। कोमल के ठीक होने की दुआएं की जा रही हैं, और पुलिस इस मामले में हर पहलू की जांच कर रही है। यह घटना प्रशासन के लिए भी एक चेतावनी है कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए और सख्त कदम उठाने की जरूरत है।












