Haryana Weather Today 24 september: हरियाणा में मानसून की विदाई के साथ गर्मी ने जोर पकड़ लिया है। दिन का तापमान तेजी से बढ़ रहा है और लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। बीते दिन हिसार में सबसे ज्यादा गर्मी दर्ज की गई, जहां दिन का अधिकतम तापमान 37.1 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान 22.6 डिग्री सेल्सियस रहा।
प्रदेश में औसतन दिन का तापमान 34-37 डिग्री और रात का तापमान 22-26 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। आइए, जानते हैं कि अगले कुछ दिन हरियाणा का मौसम कैसा रहेगा और इसका असर क्या होगा।
हिसार में सबसे ज्यादा गर्मी, तापमान सामान्य से ज्यादा Haryana Weather Today
हरियाणा के हिसार में बीते दिन सबसे ज्यादा गर्मी रही। मौसम विभाग के मुताबिक, अधिकतम तापमान सामान्य औसत से करीब 2 डिग्री सेल्सियस ज्यादा दर्ज हुआ। यानी गर्मी ने लोगों को खूब परेशान किया। दिन में तेज धूप और उमस ने हाल बेहाल कर दिया, जबकि रात में भी तापमान 22-26 डिग्री के बीच रहा। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून की वापसी के कारण अब गर्मी और बढ़ सकती है।
मानसून की विदाई, साफ रहेगा आसमान
भारतीय मौसम विभाग (IMD) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, हरियाणा और पंजाब में दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। अगले 24 घंटों में कई इलाकों से मानसून पूरी तरह विदा हो सकता है।
इसके चलते हरियाणा में बारिश की संभावना अब न के बराबर है। अगले कुछ दिनों तक आसमान साफ रहेगा और दिन में हल्की से मध्यम गति की हवाएं चलेंगी। मौसम शुष्क होने से आर्द्रता में भी कमी आएगी, जो गर्मी को और तीखा कर सकती है।
तापमान और हवाओं का हाल
मौसम विभाग का अनुमान है कि हरियाणा में अधिकतम तापमान सामान्य के आसपास या उससे 1-2 डिग्री कम रह सकता है। यानी दिन में 34-37 डिग्री के बीच पारा बना रहेगा। न्यूनतम तापमान 22-25 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की उम्मीद है। दिन में उत्तर-पश्चिम दिशा से 15-25 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी, लेकिन शाम होते-होते इनकी गति 15 किमी प्रति घंटा से कम हो सकती है। शुष्क मौसम के कारण रातें भी अपेक्षाकृत गर्म रहेंगी।
किसानों के लिए अच्छी खबर
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून की वापसी और शुष्क मौसम खरीफ फसलों की कटाई के लिए अनुकूल है। किसानों के लिए यह समय फसलों को सुरक्षित करने का सुनहरा मौका है। कम आर्द्रता और साफ मौसम के चलते फसलों को नुकसान का खतरा कम होगा। हालांकि, गर्मी से बचाव के लिए किसानों को दिन में काम करने के समय का ध्यान रखना होगा।










