रोहतक, 16 अप्रैल (हरियाणा न्यूज पोस्ट)। हरियाणा के मैदानी इलाकों में अप्रैल के दूसरे पखवाड़े की शुरुआत होते ही सूरज आग उगलने लगा है। रोहतक और फरीदाबाद जिलों में पारा 40 डिग्री सेल्सियस के आंकड़े को छू गया है, जिसके चलते दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरने लगा है और लू (Heat Wave) जैसे हालात बन गए हैं। हिसार, नारनौल, गुरुग्राम और जींद में भी तापमान 39 डिग्री के आसपास बना हुआ है। तपिश का आलम यह है कि सुबह 10 बजे के बाद ही घरों से निकलना मुश्किल हो रहा है।
उमस भरी रातें और न्यूनतम तापमान का गणित
दिन की तपिश के साथ-साथ अब हरियाणा की रातें भी करवट बदल रही हैं। प्रदेश के न्यूनतम तापमान में औसतन 2 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे रात का पारा 17 से 22 डिग्री के बीच झूल रहा है। गुरुग्राम और सिरसा जैसे औद्योगिक व कृषि प्रधान क्षेत्रों में रात के समय भारी उमस महसूस की जा रही है। न्यूनतम तापमान बढ़ने का सीधा असर आम आदमी की नींद और स्वास्थ्य पर पड़ रहा है, क्योंकि अब रात में भी ठंडक का अहसास पूरी तरह खत्म हो चुका है।
पश्चिमी विक्षोभ और मौसम विभाग की चेतावनी
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU), हिसार के मौसम विभाग के अध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि 17 और 18 अप्रैल को एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसके प्रभाव से प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छा सकते हैं और तेज हवाओं के साथ छिटपुट बूंदाबांदी की संभावना है। हालांकि, यह राहत बहुत मामूली और क्षणिक होगी। 19 अप्रैल से आसमान पूरी तरह साफ हो जाएगा, जिसके बाद उत्तर-पश्चिमी शुष्क हवाएं तापमान को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगी।
आम जनजीवन और खेती पर प्रभाव
बढ़ती गर्मी का सबसे ज्यादा असर उन मजदूरों और किसानों पर पड़ रहा है जो गेहूं की कटाई के अंतिम चरण में जुटे हैं। दोपहर की भीषण गर्मी काम की रफ्तार को धीमा कर रही है, वहीं बिजली की मांग भी अचानक बढ़ गई है। डॉक्टरों ने सलाह दी है कि लू से बचने के लिए तरल पदार्थों का सेवन बढ़ाएं और दोपहर 12 से 4 बजे के बीच सीधे धूप में निकलने से बचें। 19 अप्रैल के बाद आने वाली गर्मी की लहर बच्चों और बुजुर्गों के लिए घातक साबित हो सकती है।
गेहूं की कटाई कर रहे किसान ध्यान दें: हरियाणा में मौसम ने बदली करवट, जारी हुई गाइडलाइन
मौसम अपडेट और भरोसेमंद पूर्वानुमान के लिए Haryana News Post पर नज़र बनाए रखें।












