ब्रेकिंग न्यूज़मौसमक्रिकेटऑटोमनोरंजनअपराधट्रेंडिंगकृषिलाइफस्टाइलराशिफलहरियाणा

E Kshatipurti Portal: चरखी दादरी में फसलों को भारी नुकसान, ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल खुला, 10 सितंबर तक करें अपलोड!

On: September 3, 2025 9:52 AM
Follow Us:
E Kshatipurti Portal: चरखी दादरी में फसलों को भारी नुकसान, ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल खुला, 10 सितंबर तक करें अपलोड!
Join WhatsApp Group

E Kshatipurti Portal, सिटी रिपोर्टर | चरखी दादरी : जिले में बारिश का दौर अभी भी लगातार जारी है। जो किसानों के लिए कहर बनकर बरस रही है। अब तक हुई 570 एमएम बारिश ने जिलेभर में फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। कृषि विभाग अनुसार बाजरा व कपास में करीब 60 प्रतिशत तक नुकसान पहुंच गया है। इस नुकसान की जानकारी खुद विधायक सुनील सांगवान ने चंडीगढ़ में सीएम से मुलाकात करके दी है।

फसलों पर बारिश की मार

विधायक की डिमांड पर सीएम ने पूरे जिले की फसलें खराब मानते हुए तुरंत मंगलवार को ही ई क्षतिपूर्ति पोर्टल खोल दिया है। जिसमें किसानों को अपनी फसलों में हुए खराबे की जानकारी फोटो सहित 10 सितंबर तक अपलोड करनी होगी। विधायक ने कहा कि किसान तुरंत अपना अपना नुकसान पोर्टल पर अपलोड करें ताकि उन्हें अपनी खराब फसलों को मुआवजा मिल सके।

हरियाणा सरकार का किसानों को तोहफा, अब वापस मिलेगी सरकारी ट्यूबवेल वाली जमीन
हरियाणा सरकार का किसानों को तोहफा, अब वापस मिलेगी सरकारी ट्यूबवेल वाली जमीन

ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल पर करें आवेदन

डीसी मुनीश शर्मा के साथ मंगलवार को सीएम नायब सैनी ने विधायक सुनील सांगवान द्वारा हालातों से अवगत करवाने के बाद वीडियो कांफ्रेंस की है। इस दौरान जिले में जलभराव के हालातों की जानकारी जुटाई है। सीएम ने आदेश जारी किए हैं कि जिले में आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारी और कर्मचारी 24 घंटे मुख्यालय पर तैनात रहने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने कहा है कि तुरंत ई क्षतिपूर्ति पोर्टल पर किसानों का खराबा अपलोड करवा कर तुरंत पटवारी व कानूनगो को भेजकर निरीक्षण करवा रिपोर्ट बनवाएं।

जलघरों में नहीं डाला जाएगा नहरी पानी

किसानों के लिए नया नियम: बिना फार्मर आईडी नहीं मिलेगी खाद और बीज पर सब्सिडी
किसानों के लिए नया नियम: बिना फार्मर आईडी नहीं मिलेगी खाद और बीज पर सब्सिडी

फिलहाल बरसाती पानी खेतों में भरा हुआ है। खेतों में फसलों को बीमारियों से बचाने के लिए किसानों ने कई कीटनाशक दवाइयां डाली हुई हैं। यह दवाइयां अब बरसाती पानी में मिल चुकी हैं। वहीं सिंचाई विभाग खेतों में भरे पानी को उठाकर इंदिरा कैनाल और बधवाना डिस्ट्रीब्यूटरी में डाल रहा है।

यहीं पानी उठाकर जलघरों में डाला जाता है और यहां से घरों में लोगों के लिए सप्लाई किया जाता है। मगर कीटनाशक युक्त पानी से लोगों के स्वास्थ्य पर बुरा असर ना पड़े पेयजल की पूर्ति करने के लिए जन स्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन सोहन लाल जांगड़ा ने बताया कि नहरों का पानी पीने से लोगों में बीमारियां फैल सकती हैं।

इसलिए हमने जो पानी जलघरों में है, उसी से पेयजल की पूर्ति करनी है। इन बोरिंग पंपों का प्रयोग टैंकों में हम हररोज बोरिंग (ट्यूबवेल) का पानी डाल रहे हैं। इसी से पेयजल सप्लाई दी जा रही है। जब तक खेतों का पानी निकल जाता, हम बोरिंग के पानी से पेयजल की डिमांड पूरी करेंगे। तीसरे दिन जिले में पिछले तीन दिनों से लगातार रुक रुक कर बारिश हो रही है।

हरियाणा किसान अलर्ट: ओलावृष्टि मुआवजे के लिए खुला पोर्टल, 15 अप्रैल तक करें आवेदन
हरियाणा किसान अलर्ट: ओलावृष्टि मुआवजे के लिए खुला पोर्टल, 15 अप्रैल तक करें आवेदन

जिले में 41.33 एमएम बारिश दर्ज

मंगलवार को दादरी में 46 एमएम, बाढड़ा में 12 एमएम और बौंद कलां रही बारिश में 66 एमएम बारिश हुई है। यानि जिलेभर में 41.33 एमएम बारिश हुई है। जिससे फसलों में जलभराव का स्तर और ज्यादा बढ़ गया है।

राहुल शर्मा

राहुल शर्मा एक कुशल पत्रकार और लेखक हैं, जो पिछले 8 वर्षों से ब्रेकिंग न्यूज़, हरियाणा न्यूज़ और क्राइम से जुड़ी खबरों पर प्रभावशाली लेख लिख रहे हैं। उनकी खबरें तथ्यपूर्ण, गहन और तेज़ी से पाठकों तक पहुँचती हैं, जो हरियाणा और अन्य क्षेत्रों की महत्वपूर्ण घटनाओं को उजागर करती हैं। राहुल का लेखन शैली आकर्षक और विश्वसनीय है, जो पाठकों को जागरूक और सूचित रखता है। वे Haryananewspost.com और डिजिटल मंचों पर सक्रिय हैं, जहाँ उनकी स्टोरीज़ सामाजिक और आपराधिक मुद्दों पर गहरी छाप छोड़ती हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment