करनाल,Paddy Procurement Issues: करनाल में खरीफ सीजन 2025-26 के लिए धान की खरीद की तैयारियां जोरों पर हैं। हरियाणा सरकार ने बोगस खरीद पर रोक लगाने के लिए कड़े कदम उठाए हैं। शुक्रवार को जिला सचिवालय में उपायुक्त (डीसी) उत्तम सिंह ने अधिकारियों के साथ बैठक की और धान खरीद व मिलिंग प्रबंधों की समीक्षा की। डीसी ने साफ चेतावनी दी कि अगर कहीं भी बोगस खरीद पकड़ी गई, तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
मंडियों में सुविधाओं का आदेश
डीसी ने मंडी बोर्ड के अधिकारियों को हिदायत दी कि मंडियों में बिजली, पानी, कैंटीन, शौचालय, पार्किंग और सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं में कोई कमी नहीं होनी चाहिए। धान खरीद के दौरान मंडी सचिव, नीलामी रिकॉर्डर और सुपरवाइजर सहित सभी कर्मचारियों को अपनी ड्यूटी पूरी सजगता से निभानी होगी। जिले में इस बार भी 15 खरीद केंद्र बनाए गए हैं, जहां सड़क, फड़, पानी निकासी और मरम्मत का काम पूरा हो चुका है। पिछले खरीफ सीजन 2024-25 में 226 राइस मिलरों ने धान की मिलिंग की थी।
मशीनरी और सीसीटीवी की जांच
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मंडियों और खरीद केंद्रों पर लगे सीसीटीवी कैमरों, इलेक्ट्रिक झरनों, नमी मापक यंत्रों, पावर मशीनों, पॉलीथिन कवर और क्रेट्स की स्थिति की जांच कर लें। यह सुनिश्चित करें कि सारी मशीनरी चालू हालत में है। डीसी ने सभी एसडीएम को अगले हफ्ते मंडियों और खरीद केंद्रों का दौरा कर खरीद प्रबंधों की जांच करने को कहा। साथ ही, यह भी निर्देश दिया कि धान की खरीद सिर्फ मंडियों में ही हो, ताकि कोई गड़बड़ी न हो।
10% ज्यादा आवक की उम्मीद
पिछले साल खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, हैफेड और हरियाणा वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन ने 8,40,448 मीट्रिक टन धान खरीदा था। इस बार धान की आवक में 10% बढ़ोतरी की उम्मीद है। एजेंसियों के पास पर्याप्त बारदाना मौजूद है। डीसी ने कहा कि लेबर और ट्रांसपोर्टेशन में कोई दिक्कत नहीं आनी चाहिए। इसके अलावा, राइस मिलरों से 8 करोड़ रुपये से ज्यादा की बकाया राशि की वसूली में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। मिलरों ने 30 सितंबर तक शनिवार, रविवार और सार्वजनिक अवकाश के दिन भी गोदाम खुले रखने की मांग की है।












