Abhishek Sharma Player of the Series: अभिषेक शर्मा ने ऑस्ट्रेलिया की मुश्किल चुनौती को पार करने के लिए महीनों तक मानसिक और तकनीकी तैयारी की। नतीजा? भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 2-1 से टी20 सीरीज में हरा दिया और इस 24 साल के युवा ओपनर को ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ का खिताब मिला।
शीर्ष क्रम में अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से सबको इम्प्रेस करने वाले अभिषेक ने बताया कि वो लंबे समय से ऑस्ट्रेलिया की उछाल भरी पिचों और तेज गेंदबाजों के खिलाफ खुद को आजमाने के लिए बेताब थे। पांच मैचों में उन्होंने 163 रन ठोके, हालांकि दो मैच बारिश की भेंट चढ़ गए।
Abhishek Sharma
पांचवें और आखिरी टी20 मैच के बारिश से रद्द होने के बाद अभिषेक ने कहा, “मैं इस टूर्नामेंट का इंतजार कर रहा था। जब पता चला कि हम टी20 के लिए ऑस्ट्रेलिया जा रहे हैं, तो मैं बहुत एक्साइटेड था।”
ऑस्ट्रेलिया बल्लेबाजी के लिए कितना अच्छा: अभिषेक
उन्होंने आगे कहा, “पूरे करियर में मैंने देखा है कि ऑस्ट्रेलिया बल्लेबाजी के लिए कितना अच्छा है और मैं खुद को ऐसे गेंदबाजों और कंडीशंस के लिए तैयार करना चाहता था।” बाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने बताया कि उनकी तैयारी विश्वस्तरीय तेज गेंदबाजों का मुकाबला करने और ऑस्ट्रेलियाई पिचों के हिसाब से अपना खेल ढालने पर फोकस थी।
जब पूछा गया कि क्या पिछले तीन टी20 मैचों में जोश हेजलवुड की गैरमौजूदगी से भारतीय बल्लेबाजों को आसानी हुई, तो अभिषेक ने साफ कहा, “अगर अच्छा क्रिकेट खेलना है और टीम के लिए परफॉर्म करना है, तो विश्वस्तरीय गेंदबाजों का सामना करना पड़ेगा। मैं इसी तरह के गेंदबाजों के लिए प्रैक्टिस कर रहा था, क्योंकि यही आपको बेहतर खिलाड़ी बनाता है।”
नैचुरल गेम खेलने की पूरी छूट
अभिषेक की सुपर-आक्रामक बल्लेबाजी पर सवाल उठा तो उन्होंने बताया कि टीम मैनेजमेंट ने उन्हें अपना नैचुरल गेम खेलने की पूरी छूट दी। अभिषेक ने कहा, “कप्तान और कोच ने मुझे खुद को एक्सप्रेस करने की क्लैरिटी और कॉन्फिडेंस दिया। एक बल्लेबाज जब 20-30 रन बनाता है, तो पता चलता है कि वो लंबा खेल सकता है, लेकिन टीम के लिए गति सेट करने की क्लैरिटी ने सच में मदद की।” पंजाब के इस युवा खिलाड़ी ने कहा कि इस सीरीज ने अगले साल टी20 विश्व कप में जगह पाने का उनका हौसला और मजबूत कर दिया।
उन्होंने कहा, “अगर मुझे विश्व कप खेलने का मौका मिला, तो ये मेरे सपने के सच होने जैसा होगा। बचपन से मैं भारत के लिए विश्व कप जीतने का सपना देखता रहा हूं। मैं ये सुनिश्चित करूंगा कि उस टूर्नामेंट के लिए पूरी तरह तैयार रहूं।” भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने अपने खिलाड़ियों, खासकर गेंदबाजों की जमकर तारीफ की।
उन्होंने कहा, “जिस तरह सभी ने योगदान दिया और 0-1 से पिछड़ने के बाद वापसी की, उसका क्रेडिट सभी को जाता है। बल्ले, गेंद और फील्डिंग – हर जगह अच्छी सीरीज रही। तेज गेंदबाज और स्पिनर, दोनों अपना काम बखूबी जानते हैं।” सूर्यकुमार ने कहा, “बुमराह और अर्शदीप की जोड़ी बेहद खतरनाक है। अक्षर और वरुण भी अच्छा कर रहे हैं। वाशी (वाशिंगटन सुंदर) ने आखिरी मैच में शानदार प्रदर्शन किया। अब वे काफी टी20 क्रिकेट खेल चुके हैं, जिससे फायदा हो रहा है।”
उन्होंने ये भी कहा कि आने वाली सीरीज भारत को अगले साल घरेलू टी20 विश्व कप के लिए मजबूत तैयारी देगी। सूर्यकुमार ने कहा, “ये अच्छा सरदर्द है, कई खिलाड़ी कमाल कर रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड जैसी तीन मजबूत टीमों से खेलना विश्व कप से पहले शानदार तैयारी होगी।”
उन्होंने कहा कि घरेलू मैदान पर विश्व कप खेलना चुनौतीपूर्ण लेकिन रोमांचक होगा। सूर्यकुमार ने कहा, “मैंने हाल में देखा कि महिला टीम ने भारत में विश्व कप जीता, दर्शकों का अविश्वसनीय सपोर्ट मिला। ये अच्छी चुनौती और रोमांचक टूर्नामेंट होगा, लेकिन अभी बहुत दूर है। दो और सीरीज बाकी हैं।” ऑस्ट्रेलियाई कप्तान मिचेल मार्श ने अहम मौकों पर भारत के बेहतरीन प्रदर्शन को स्वीकार करते हुए अपनी टीम की गहराई और अनुकूलन क्षमता की तारीफ की।
मार्श ने कहा, “मुझे याद नहीं कि पिछली बार जब हम खेले तो बारिश ने इतनी बार खलल डाला हो। वैसे ये शानदार सीरीज थी। भारत ने निश्चित रूप से अहम समय में मैच जीते, उन्हें बधाई।” ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ने कहा कि इस दौरे से उनकी टीम को अगले साल टी20 विश्व कप से पहले अपनी बेंच स्ट्रेंथ और कॉम्बिनेशन टेस्ट करने में मदद मिली।












