Fatehabad Cannabis Smuggling: 522 kg ganja was hidden in the field! Consignment worth Rs 80 lakh, smuggler caught!: फतेहाबाद गांजा तस्करी (Fatehabad Cannabis Smuggling) के खिलाफ पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। फतेहाबाद पुलिस ने नशा मुक्ति अभियान (Anti-Drug Campaign) के तहत 522.6 किलोग्राम गांजा बरामद (Cannabis Seized) किया, जिसकी कीमत 80 लाख रुपये से अधिक है।
दो तस्करों को गिरफ्तार (Arrested) किया गया, जो उड़ीसा से गांजा लाकर हरियाणा और पंजाब में सप्लाई करते थे। यह कार्रवाई नशे के खिलाफ पुलिस की सख्ती को दर्शाती है। आइए, इस ऑपरेशन और इसके पीछे की कहानी को समझते हैं।
खेत में छिपा था 80 लाख का गांजा Fatehabad Cannabis Smuggling
फतेहाबाद पुलिस की एवीटी स्टाफ ने गुप्त सूचना के आधार पर जाडली कला गांव में छापेमारी की। गोरखपुर रोड पर आत्मा राम के खाली खेत में नीम के पेड़ के पास मिट्टी में दबाए गए 26 कट्टे मिले। प्रत्येक कट्टे में 20.1 किलो गांजा था, जो कुल 522.6 किलोग्राम (Cannabis Seized) बनता है।
इसकी बाजार कीमत 80 लाख रुपये से ज्यादा है। पुलिस ने मौके से दो तस्करों, देशराज और ओमी, को गिरफ्तार (Arrested) किया। दोनों के खिलाफ पहले से ही एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) के तहत मामले दर्ज हैं। यह कार्रवाई नशे के नेटवर्क को तोड़ने में अहम है।
तस्करी का शातिर तरीका
पूछताछ में तस्करों ने खुलासा किया कि वे उड़ीसा के जयपुर जिले के रामकिशन हरी के संपर्क में थे। रामकिशन इस अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह (Interstate Smuggling Ring) का सरगना है। वह उड़ीसा से गांजा मंगवाता और तस्करों को गाड़ियां उपलब्ध कराता था।
रास्ते में गाड़ियां बदलकर (Vehicle Switching) पुलिस को चकमा दिया जाता था। यह शातिर तरीका तस्करों को लंबे समय तक पकड़ से बचाता रहा। पुलिस अब रामकिशन और अन्य संदिग्धों की तलाश में है। यह खुलासा नशे के कारोबार की गहराई को उजागर करता है।
पुलिस की सख्ती और समाज को संदेश
पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन ने इस कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि फतेहाबाद पुलिस नशा मुक्ति अभियान (Anti-Drug Campaign) में कोई ढिलाई नहीं बरतेगी।
थाना भूना में एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस पूरे नेटवर्क को खंगाल रही है। यह ऑपरेशन समाज को नशा मुक्त (Drug-Free Society) बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। लोगों से अपील है कि वे नशे के खिलाफ जागरूक रहें और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना पुलिस को दें।













