Haryana Crime: Haryana Lance Naik Suicide: Shocking revelation in viral video, serious allegations on officers: हरियाणा के झज्जर जिले के भिंडावास गांव के लांसनायक सोनू यादव की आत्महत्या (Lance Naik suicide) ने न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे समाज को झकझोर कर रख दिया है। 28 वर्षीय सोनू ने पंजाब के बठिंडा में जहरीला पदार्थ खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। मरने से पहले उन्होंने एक वीडियो बनाया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल (viral video) हो रहा है।
इस वीडियो में उन्होंने अपने वरिष्ठ अधिकारियों पर उत्पीड़न और पत्नी के साथ छेड़छाड़ की शिकायत को नजरअंदाज करने जैसे गंभीर आरोप लगाए। शुक्रवार को उनका शव उनके पैतृक गांव पहुंचा, जहां सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार (military honours) किया गया। इस दुखद घटना ने कई सवाल खड़े किए हैं, जिनका जवाब अब पुलिस जांच से मिलने की उम्मीद है।
लांसनायक सुसाइड: क्या है पूरा मामला? Haryana Crime
सोनू यादव (28) हरियाणा के झज्जर जिले के भिंडावास गांव के रहने वाले थे। वे 2018 से भारतीय वायुसेना (Indian Air Force) में बतौर क्लर्क भिसियाना एयरफोर्स स्टेशन, बठिंडा में तैनात थे।
सोनू अपनी पत्नी और ढाई साल की बेटी के साथ एयरफोर्स स्टेशन की एमईएस कॉलोनी के सरकारी क्वार्टर में रहते थे। उनके पिता सुरेश कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि सोनू ने हाल ही में उन्हें पड़ोसी सतीश कुमार द्वारा अपनी पत्नी के साथ छेड़छाड़ (molestation) की घटना के बारे में बताया था। सतीश, जो जींद का रहने वाला है, ने कथित तौर पर सोनू की पत्नी को
गंदे इशारे किए और छेड़छाड़ की कोशिश की।
16 मई 2025 को इस मुद्दे पर सोनू और सतीश के बीच तीखी बहस और झगड़ा हुआ। सोनू ने इसकी शिकायत अपने वरिष्ठ अधिकारियों से की, लेकिन उनकी शिकायत पर कोई कार्रवाई (action against complaint) नहीं हुई।
इसके उलट, सोनू ने वीडियो में आरोप लगाया कि अधिकारियों ने सतीश का साथ दिया और उल्टा उन्हें ही परेशान करना शुरू कर दिया। इस मानसिक उत्पीड़न (harassment) से तंग आकर सोनू ने आत्महत्या का कदम उठाया।
वायरल वीडियो में अधिकारियों पर गंभीर आरोप
सोनू द्वारा बनाए गए वायरल वीडियो (viral video) में उन्होंने अपनी मौत के लिए पांच लोगों को जिम्मेदार ठहराया। इनमें चीफ वर्क्स इंजीनियर (CWE) एसके पांडे, सहायक CWE विकास गांधी, तेजराम मीना, हवलदार राजीव कुमार और सतीश कुमार शामिल हैं।
वीडियो में सोनू ने साफ कहा कि इन अधिकारियों ने उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया और उन्हें मानसिक रूप से परेशान (harassment) किया। इस वीडियो ने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है और लोग इस मामले में त्वरित कार्रवाई (action against complaint) की मांग कर रहे हैं।
पुलिस ने शुरू की जांच
सोनू के पिता की शिकायत के आधार पर बठिंडा पुलिस ने पांच वायुसेना अधिकारियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने (abetment to suicide) का मामला दर्ज किया है।
पुलिस ने इस दुखद घटना की गहन जांच शुरू कर दी है और वायरल वीडियो को भी सबूत के तौर पर शामिल किया गया है। स्थानीय समुदाय और सोनू के परिवार ने इस मामले में निष्पक्ष जांच और दोषियों को सजा देने की मांग की है।
समाज और सेना के लिए सबक
यह घटना न केवल एक परिवार की त्रासदी है, बल्कि यह समाज और सैन्य संस्थानों के लिए भी एक गंभीर चेतावनी है। कार्यस्थल पर उत्पीड़न (harassment) और शिकायतों को नजरअंदाज करना कितना खतरनाक हो सकता है, यह इस घटना से साफ है।
विशेषज्ञों का कहना है कि सैन्य कर्मियों के मानसिक स्वास्थ्य (mental health) पर ध्यान देना और शिकायतों को तुरंत संबोधित करना जरूरी है। साथ ही, छेड़छाड़ (molestation) जैसे मामलों में त्वरित और कठोर कार्रवाई जरूरी है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।
परिवार और समाज के लिए संदेश
सोनू यादव की आत्महत्या (Lance Naik suicide) ने उनके परिवार को गहरा सदमा दिया है। उनके पिता सुरेश कुमार ने बताया कि सोनू एक जिम्मेदार बेटा और पिता था, जो अपनी बेटी और पत्नी से बेहद प्यार करता था। इस घटना ने उनके गांव भिंडावास में शोक की लहर दौड़ा दी है।
समाज से अपील है कि वे मानसिक स्वास्थ्य (mental health) के मुद्दों को गंभीरता से लें और किसी भी तरह के उत्पीड़न की शिकायत को नजरअंदाज न करें।













