Haryana Government Schemes, Big initiative of Haryana Government: Rs 7.48 crore reached the accounts of 24,695 new beneficiaries: हरियाणा सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के तहत एक बार फिर अपनी प्रतिबद्धता दिखाई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 24,695 नए लाभार्थियों के बैंक खातों में 7.48 करोड़ रुपये की पहली पेंशन राशि हस्तांतरित की है।
यह राशि वृद्ध, विधवा, दिव्यांग, और अन्य जरूरतमंद लोगों को दी गई है, ताकि उनकी जिंदगी में आर्थिक सहारा मिल सके। यह कदम न केवल सामाजिक कल्याण को बढ़ावा देता है, बल्कि सरकार की पारदर्शी और त्वरित कार्यप्रणाली को भी दर्शाता है। आइए, इस पहल के बारे में विस्तार से जानते हैं।
वित्तीय सहायता वितरण समारोह: एक नई शुरुआत Haryana Government Schemes
चंडीगढ़ के हरियाणा सिविल सचिवालय में आयोजित “वित्तीय सहायता वितरण समारोह” में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नए लाभार्थियों को संबोधित किया।
इस मौके पर कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रोएक्टिव मोड में काम कर रही है, जिसके तहत पात्र लोगों की पेंशन स्वतः तैयार की जाती है। अब लाभार्थियों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ते। एक बटन दबाकर उन्होंने 24,695 नए लाभार्थियों के खातों में 7.48 करोड़ रुपये की पेंशन राशि ट्रांसफर की और सभी को बधाई दी।
सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं का विस्तार
हरियाणा सरकार की सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाएं जरूरतमंद लोगों के लिए वरदान साबित हो रही हैं। अप्रैल 2025 में स्वीकृत इन योजनाओं के तहत 24,695 नए लाभार्थी जोड़े गए हैं।
अब राज्य में कुल 35,16,814 लोग इन योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं, और हर महीने 1060.16 करोड़ रुपये की पेंशन राशि वितरित की जा रही है। यह आंकड़ा सरकार के सामाजिक कल्याण के प्रति समर्पण को दर्शाता है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर पात्र व्यक्तियों से आवेदन आमंत्रित किए गए थे, जिसके बाद यह राशि तुरंत उनके खातों में पहुंचाई गई।
विभिन्न योजनाओं के नए लाभार्थी
नई पेंशन राशि में कई श्रेणियों के लाभार्थी शामिल हैं। वृद्धावस्था सम्मान भत्ता योजना में 17,407 नए लोग जोड़े गए। विधवा पेंशन के तहत 1,673, दिव्यांग पेंशन में 864, और निराश्रित बच्चों के लिए वित्तीय सहायता में 1,700 नए लाभार्थी शामिल हुए।
इसके अलावा, विधुर और अविवाहित व्यक्तियों के लिए 2,062, लाडली सामाजिक सुरक्षा भत्ता में 530, स्कूल न जाने वाले निःशक्त बच्चों के लिए 106, तृतीय और चतुर्थ स्तर के कैंसर मरीजों के लिए 351, किन्नर भत्ता में 1, और दुर्लभ बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों के लिए 1 नया लाभार्थी जोड़ा गया। यह विविधता सरकार की समावेशी नीति को उजागर करती है।
सरकार की प्रोएक्टिव कार्यप्रणाली
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बताया कि सरकार की प्रोएक्टिव नीति के कारण पेंशन योजनाओं का लाभ अब बिना किसी परेशानी के पात्र लोगों तक पहुंच रहा है।
पहले जहां लोगों को दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ते थे, अब ऑनलाइन और स्वचालित प्रणाली ने प्रक्रिया को सरल बना दिया है। यह न केवल समय बचाता है, बल्कि पारदर्शिता भी सुनिश्चित करता है। सरकार की यह पहल वृद्ध, दिव्यांग, और अन्य कमजोर वर्गों के लिए आर्थिक सुरक्षा का मजबूत आधार प्रदान करती है।
लाभार्थियों के लिए सलाह
सरकार ने लाभार्थियों से अपील की है कि वे अपने बैंक खाते की जानकारी नियमित रूप से जांचें और पेंशन राशि प्राप्त होने की पुष्टि करें। यदि किसी को पेंशन से संबंधित कोई समस्या हो,
तो वे स्थानीय सामाजिक कल्याण विभाग या जिला प्रशासन से संपर्क कर सकते हैं। नए लाभार्थियों को सलाह दी गई है कि वे इस राशि का उपयोग अपनी जरूरतों को पूरा करने और जीवन को बेहतर बनाने में करें।
निष्कर्ष
हरियाणा सरकार की यह पहल सामाजिक सुरक्षा और समावेशी विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है। 24,695 नए लाभार्थियों को 7.48 करोड़ रुपये की पेंशन राशि और कुल 35 लाख से अधिक लोगों को नियमित वित्तीय सहायता प्रदान करना सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाता है।
यह योजना न केवल आर्थिक सहारा देती है, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों को आत्मसम्मान के साथ जीने का अवसर भी प्रदान करती है।












