कैथल, (Kaithal Hospital): नागरिक अस्पताल में शनिवार-रविवार की छुट्टी के बाद सोमवार सुबह से मरीजों का तांता लग गया। मुख्य गेट से ओपीडी काउंटर, डॉक्टर रूम, लैब और दवा काउंटर तक लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। भीड़ इतनी कि अस्पताल की व्यवस्था हिल गई। मरीजों और तीमारदारों को घंटों इंतजार करना पड़ा। कई जगह लाइन तोड़ने पर बहस भी हो गई।
1800 ओपीडी, स्टाफ की मेहनत कम पड़ी
सोमवार को ओपीडी में करीब 1800 मरीज पहुंचे। पंजीकरण और दवा काउंटर कम पड़ गए। स्टाफ ने एक्स्ट्रा इंतजाम करने की कोशिश की, लेकिन भीड़ के आगे सब फेल। मरीज परेशान, तीमारदार गुस्से में।
सिविल सर्जन की सलाह
सिविल सर्जन डॉ. रेनू चावला बोलीं, “सभी जरूरी इंतजाम हैं, मरीजों को जल्द इलाज मिलेगा।” उन्होंने मौसम बदलने की चेतावनी दी—ठंडे ड्रिंक मत पिएं, गर्म कपड़े पहनें, बच्चों-बुजुर्गों का खास खयाल रखें।
बच्चों में निमोनिया, बुजुर्गों को सांस की तकलीफ
छोटे बच्चों में निमोनिया, खांसी-जुकाम, वायरल फीवर और बदन दर्द के केस तेजी से बढ़े हैं। डॉक्टरों ने पैरेंट्स को अलर्ट किया—बच्चों को ठंड से बचाएं। प्रदूषण से आंखों में जलन और सांस की दिक्कत भी आम है। बुजुर्गों को जोड़ों का दर्द और अस्थमा का खतरा ज्यादा।
घरेलू नुस्खे अपनाएं
पौष्टिक गर्म खाना खाएं, जंक फूड छोड़ें। चाय में अदरक, दूध में हल्दी डालकर पिएं। दिनभर गुनगुना पानी पिएं। संतरा, मौसमी, अमरूद, शिमला मिर्च जैसे विटामिन-सी वाले फल लें। शहद-अदरक की चाय गले और इम्यूनिटी के लिए बेस्ट।













