रेवाड़ी जिले के 7 गांवों में नए उप स्वास्थ्य केंद्र बनाने के लिए 3.26 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया गया है। साथ ही 4 नए पीएचसी का निर्माण भी जल्द शुरू होगा।
रेवाड़ी. रेवाड़ी जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर एक बहुत अच्छी खबर सामने आई है। हरियाणा सरकार ने गांवों तक बेहतर चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाने के अपने वादे को निभाते हुए बड़ा कदम उठाया है।
जिले के 7 गांवों में नए उप स्वास्थ्य केंद्र यानी सब हेल्थ सेंटर बनाने की मंजूरी मिल गई है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने टेंडर भी जारी कर दिए हैं। इस फैसले के बाद इन गांवों के हजारों लोगों को अब छोटी छोटी बीमारियों के इलाज के लिए शहर के अस्पतालों में धक्के नहीं खाने पड़ेंगे।
इन 7 गांवों की बदलेगी तस्वीर
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक इस प्रोजेक्ट पर कुल 3.26 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। सरकार ने जिन सात गांवों को इस सौगात के लिए चुना है उनमें शामिल हैं:
दाखोरा
टिंट
टूमना
निमोठ
बोलनी
चिमनावास
मंदौला
इन गांवों के लोग लंबे समय से मांग कर रहे थे कि उनके गांव में सरकारी डिस्पेंसरी या हेल्थ सेंटर होना चाहिए। अब टेंडर जारी होने के बाद जल्द ही निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है।
क्यों अहम है यह फैसला
ग्रामीण भारत में स्वास्थ्य सेवाओं की कमी अक्सर एक बड़ी समस्या रही है। इन गांवों के निवासियों को अब तक बुखार, प्राथमिक उपचार, टीकाकरण या गर्भवती महिलाओं की जांच के लिए कई किलोमीटर दूर जाना पड़ता था। कई बार आपातकालीन स्थिति में दूरी होने के कारण मरीजों की जान पर बन आती थी।
विशेषज्ञों का मानना है कि गांव में ही उप स्वास्थ्य केंद्र होने से सबसे बड़ा फायदा जच्चा बच्चा देखभाल में मिलेगा। टीकाकरण समय पर हो सकेगा और मौसमी बीमारियों का इलाज गांव की दहलीज पर ही मिल जाएगा। इससे ग्रामीणों का समय और पैसा दोनों बचेगा।
12 गांवों में पहले से चल रहा है काम
ऐसा नहीं है कि काम केवल इन्हीं 7 गांवों में होगा। आपको बता दें कि पिछले साल जनवरी में भी सरकार ने जिले के एक दर्जन गांवों में स्वास्थ्य केंद्र बनाने के टेंडर जारी किए थे। वहां निर्माण कार्य काफी तेजी से चल रहा है।
इन गांवों में बेरवल, छिल्लर, मोहनपुर, रोहड़ाई, मामड़िया आसमपुर, सुठानी, झाबुआ, नेहरूगढ़, नांगल शहबाजपुर, जैतपुर शेखपुर, सुर्खपुर और लुखी शामिल हैं। उम्मीद है कि जल्द ही यहां भी ओपीडी सेवाएं शुरू हो जाएंगी।
बड़े अस्पतालों पर भी सरकार का फोकस
सिर्फ छोटे केंद्र ही नहीं बल्कि सरकार ने बड़े अस्पतालों यानी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) पर भी खजाना खोल दिया है। नाहड़, जाटूसाना और धारूहेड़ा ब्लॉक में चार नए पीएचसी बनाने की तैयारी है। इसके लिए लगभग 14.5 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया गया है।
ये नए पीएचसी गुड़ियानी, जाटूसाना, बख्तापुर और लिलोढ़ गांवों में बनेंगे। इसके अलावा भाड़ावास गांव के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को अपग्रेड करके सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) बनाने की मंजूरी भी दे दी गई है। इससे गंभीर रोगों का इलाज भी अब आसपास ही संभव हो सकेगा।
ग्रामीणों में खुशी की लहर
सरकार के इस फैसले का ग्रामीणों ने स्वागत किया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बुजुर्गों और महिलाओं को इलाज के लिए शहर ले जाना बहुत मुश्किल होता था। अब गांव में ही डॉक्टर और दवाइयां मिलने से जीवन काफी आसान हो जाएगा। यह कदम रेवाड़ी के स्वास्थ्य ढांचे को निश्चित रूप से मजबूत करेगा।











