Sawan Eating Rules What to eat, what not to eat? The right way to please Bholenath: सावन में खानपान नियम: सावन का महीना आते ही हर शिव भक्त के मन में उत्साह की लहर दौड़ने लगती है। 11 जुलाई से शुरू होने वाला ये पवित्र महीना सिर्फ पूजा-पाठ और व्रत का नहीं, बल्कि आत्म-संयम और सात्विक जीवन जीने का भी समय है।
भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए श्रावण माह में खानपान के कुछ खास नियमों का पालन करना जरूरी है। लेकिन कंफ्यूजन है ना? कौन सी चीजें खानी चाहिए और कौन सी नहीं? चलिए, इस लेख में हम आपके सारे सवालों का जवाब देंगे और बताएंगे कि सावन में क्या खाएं और क्या छोड़ दें, ताकि आपकी भक्ति भी पूरी हो और सेहत भी दुरुस्त रहे।
Sawan Eating Rules: सावन में क्या खाएं?
सावन में हल्का और सात्विक भोजन ही खाना चाहिए। साबूदाना खिचड़ी, कुट्टू का आटा, और सिघाड़े के आटे से बने हलवे आपके व्रत को स्वादिष्ट बनाएंगे। लौकी, कद्दू और अरबी जैसी सब्जियां खाएं, जो आसानी से पच जाती हैं। सेंधा नमक का इस्तेमाल करें, क्योंकि ये साधारण नमक से ज्यादा शुद्ध होता है।
ताजे फल जैसे सेब, केला और अनार खाएं, जो आपको एनर्जी देंगे। नींबू पानी, नारियल पानी और स्मूदी पीना भी फायदेमंद है। ड्राई फ्रूट्स जैसे बादाम और काजू खाएं, ये आपकी इम्यूनिटी को बूस्ट करेंगे। ये सब खाकर आप भोलेनाथ की भक्ति में डूब सकते हैं, वो भी बिना भूखे रहने के।
इन चीजों से रहें दूर
सावन में तामसिक भोजन से पूरी तरह परहेज करें। मांस, मछली, अंडा, लहसुन और प्याज को अलविदा कह दें, क्योंकि इनकी तासीर गर्म होती है और ये सात्विकता को भंग करते हैं। बैंगन और हरी पत्तेदार सब्जियां न खाएं, क्योंकि बरसात में इनमें कीड़े लगने का डर रहता है।
मसालेदार और तला-भुना खाना भी पाचन तंत्र पर भारी पड़ सकता है। शराब, तंबाकू और सिगरेट से तो बिल्कुल दूर रहें। दही और दही से बनी चीजें, जैसे कढ़ी, भी इस महीने में न खाएं। इन चीजों से परहेज करके आप सावन की पवित्रता को बनाए रख सकते हैं।
सावन में क्या सही, क्या गलत?
सावन में कुछ दालों का सेवन करने से बचें। मसूर, अरहर, उड़द और चना दाल भारी होती हैं और पचने में समय लेती हैं। इनके बजाय मूंग की दाल या बिना दाल की हल्की खिचड़ी खाएं। फलों की बात करें तो खट्टे फल जैसे नींबू, संतरा, मौसमी और चकोतरा इस महीने में न खाएं।
बरसात के मौसम में ये फल सेहत के लिए ठीक नहीं माने जाते। सावन में साधारण फल जैसे सेब और केला ही चुनें। ये नियम न सिर्फ आपकी सेहत को दुरुस्त रखेंगे, बल्कि भोलेनाथ की भक्ति में भी मदद करेंगे।
सावन में व्रत का खानपान
सावन के सोमवार को व्रत रखने वाले भक्तों को अन्न का सेवन नहीं करना चाहिए। इसके बजाय फल, दूध, और सात्विक चीजें खाएं। साबूदाना वड़ा, फलाहारी चीला या सेंधा नमक वाली खिचड़ी आपके व्रत को आसान बनाएगी। हल्का भोजन करने से आप दिनभर तरोताजा रहेंगे और भक्ति में मन भी लगा रहेगा।
सावन में खानपान के नियमों का पालन करके आप न सिर्फ भोलेनाथ को प्रसन्न करेंगे, बल्कि अपने शरीर और मन को भी शुद्ध रख पाएंगे। तो इस सावन, सात्विक भोजन के साथ भक्ति का आनंद लें और भोलेनाथ की कृपा पाएं।













