Always Listening Feature immediately turn off this setting in your phone: आपका स्मार्टफोन आपकी हर बात को सुन सकता है! अगर आप अपनी निजी जानकारी को सुरक्षित रखना चाहते हैं, तो फोन की कुछ सेटिंग्स को तुरंत बंद करना जरूरी है। गलत ऐप्स या स्कैमर्स आपके पर्सनल डेटा का दुरुपयोग कर सकते हैं। इस लेख में हम आपको तीन ऐसी सेटिंग्स के बारे में बताएंगे, जिन्हें बंद करके आप अपनी प्राइवेसी को बचा सकते हैं। आइए, इन आसान स्टेप्स को जानें और अपने फोन को सुरक्षित बनाएं।
Always Listening Feature: गूगल असिस्टेंट को करें डिसेबल
स्मार्टफोन्स में गूगल असिस्टेंट एक ऐसा फीचर है, जो “Hey Google” बोलते ही एक्टिव हो जाता है। यह आपके फोन का माइक्रोफोन हमेशा चालू रखता है, जिससे आसपास की बातें रिकॉर्ड हो सकती हैं। अगर आप इसे जरूरत के बिना चालू रखते हैं, तो आपकी निजी बातें थर्ड-पार्टी ऐप्स तक पहुंच सकती हैं। इसे बंद करने के लिए फोन की सेटिंग्स में जाएं। ‘Google’ ऑप्शन पर क्लिक करें, फिर ‘All Services’ में ‘Search’ चुनें। इसके बाद ‘Assistant & Voice’ में जाएं और ‘Google Assistant’ सेक्शन में ‘Hey Google’ को ऑफ कर दें। ऐसा करने से माइक्रोफोन हर समय एक्टिव नहीं रहेगा, और आपकी प्राइवेसी सुरक्षित रहेगी।
माइक्रोफोन परमिशन पर रखें नजर
कई बार हम अनजाने में ऐप्स को माइक्रोफोन की परमिशन दे देते हैं, जो जरूरी नहीं होती। ऐसे ऐप्स आपकी बातें सुन सकते हैं, भले ही आप उनका इस्तेमाल न कर रहे हों। इससे आपकी पर्सनल जानकारी लीक होने का खतरा बढ़ जाता है। इसे चेक करने के लिए सेटिंग्स में ‘Apps’ पर जाएं और ‘Permissions’ में ‘Microphone’ ऑप्शन चुनें। यहां देखें कि किन-किन ऐप्स को माइक्रोफोन का एक्सेस दिया गया है। जिन ऐप्स को इसकी जरूरत नहीं, उनकी परमिशन तुरंत हटा दें। उदाहरण के लिए, एक फोटो एडिटिंग ऐप को माइक्रोफोन की जरूरत नहीं होती, फिर भी वह परमिशन मांग सकता है। सतर्क रहें और अनावश्यक परमिशन से बचें।
ऑलवेज लिसनिंग फीचर को करें बंद
कुछ स्मार्टफोन्स में ‘Always Listening’ या ‘Voice Wake-Up’ जैसा फीचर होता है, जो आपकी आवाज को हर समय सुनता रहता है ताकि तुरंत रिस्पॉन्स दे सके। हालांकि यह सुविधाजनक लगता है, लेकिन यह आपकी प्राइवेसी के लिए बड़ा खतरा बन सकता है। इसे बंद करने के लिए सेटिंग्स में ‘Accessibility’ या ‘Privacy’ सेक्शन में जाएं। यहां आपको ‘Always Listening’ या इससे मिलता-जुलता ऑप्शन मिलेगा। इसे डिसेबल कर दें। ऐसा करने से आपका फोन आपकी बातों को बेवजह रिकॉर्ड नहीं करेगा।
थर्ड-पार्टी ऐप्स से रहें सावधान
अपने फोन को सुरक्षित रखने के लिए थर्ड-पार्टी ऐप्स इंस्टॉल करने से पहले सावधानी बरतें। किसी भी ऐप को डाउनलोड करने से पहले उसके रिव्यू और रेटिंग्स जरूर चेक करें। ऐप इंस्टॉल करते समय ‘Terms and Conditions’ को ध्यान से पढ़ें और परमिशन देते वक्त सतर्क रहें। कई बार ऐप्स अनावश्यक डेटा, जैसे माइक्रोफोन या कैमरा एक्सेस, मांगते हैं, जो स्कैम का हिस्सा हो सकता है। अपने डेटा को सुरक्षित रखने के लिए केवल भरोसेमंद ऐप्स का इस्तेमाल करें और नियमित रूप से फोन की सेटिंग्स चेक करते रहें।
प्राइवेसी है आपका हक
आज के डिजिटल दौर में स्मार्टफोन हमारी जिंदगी का अहम हिस्सा है, लेकिन इसके साथ प्राइवेसी का खतरा भी बढ़ गया है। गूगल असिस्टेंट, माइक्रोफोन परमिशन और ऑलवेज लिसनिंग जैसे फीचर्स सुविधा के साथ-साथ जोखिम भी लाते हैं। इन सेटिंग्स को बंद करके आप अपनी पर्सनल बातों और डेटा को स्कैमर्स से बचा सकते हैं। छोटे-छोटे कदम आपके फोन को ज्यादा सुरक्षित बना सकते हैं। तो देर न करें, आज ही अपने फोन की सेटिंग्स चेक करें और प्राइवेसी को प्राथमिकता दें।













