Delhi NCR floods, सिटी रिपोर्टर | दिल्ली : दिल्ली-NCR में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है। समझ नहीं आ रहा कि यह बारिश इंद्रदेव का आशीर्वाद है या कोई सजा, क्योंकि मौसम विभाग हर दिन नए अलर्ट जारी कर रहा है। बुधवार को भी दिल्ली और NCR के कई इलाकों में तेज बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। सड़कों पर जलभराव और ट्रैफिक जाम ने हालात को और बिगाड़ दिया।
जलभराव और ट्रैफिक जाम की मार
यमुना बाजार जैसे इलाकों में सड़कें पानी से लबालब हो गईं। नोएडा और ग्रेटर नोएडा में भी बारिश ने लोगों को परेशान किया। नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर दिल्ली की ओर जाने वाली लेन पर गाड़ियों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं। ट्रैफिक पुलिस दिन-रात हालात को काबू में करने की कोशिश में जुटी रही, लेकिन बारिश का रुकने का नाम नहीं ले रहा।
यमुना नदी उफान पर
यमुना नदी का जलस्तर लगातार खतरनाक स्तर पर बना हुआ है। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में हो रही भारी बारिश ने नदी को और उग्र कर दिया है। हथिनीकुंड बैराज से हर दिन डेढ़ लाख क्यूसेक से ज्यादा पानी दिल्ली की ओर छोड़ा जा रहा है। 1 सितंबर को सुबह 4 बजे 1,61,514 क्यूसेक पानी छोड़े जाने पर ‘मिनी फ्लड’ का ऐलान किया गया, और फिर सुबह 7 बजे 2,72,645 क्यूसेक पानी के साथ ‘हाई फ्लड’ की चेतावनी जारी की गई। इस सीजन का सबसे ज्यादा जलस्तर सोमवार को दर्ज किया गया, जब बैराज से 3,29,313 क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
हथिनीकुंड बैराज से पानी का प्रवाह
3 सितंबर को हथिनीकुंड बैराज से पानी के प्रवाह का आंकड़ा इस तरह रहा:
सुबह 7 बजे: 1,63,994 क्यूसेक
सुबह 8 बजे: 1,62,779 क्यूसेक
सुबह 9 बजे: 1,60,359 क्यूसेक
सुबह 10 बजे: 1,58,552 क्यूसेक
सुबह 11 बजे: 1,59,153 क्यूसेक
दोपहर 12 बजे: 1,57,951 क्यूसेक
दोपहर 1 बजे: 1,58,552 क्यूसेक
दोपहर 2 बजे: 1,61,567 क्यूसेक
दोपहर 3 बजे: 1,62,779 क्यूसेक
फिलहाल, प्रशासन हालात पर कड़ी नजर रखे हुए है, लेकिन यमुना के बढ़ते जलस्तर और लगातार बारिश से दिल्ली-NCR की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं।













