Anil Vij: Army should get complete freedom: Anil Vij’s befitting reply to Mehbooba Mufti: हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन और श्रम मंत्री अनिल विज ने जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है।
महबूबा ने कहा था कि सेना को कश्मीर में धरपकड़ बंद कर देनी चाहिए। इस पर विज ने साफ कहा कि सेना को क्या करना है, यह सेना खुद तय करे। उनकी यह टिप्पणी न केवल देश की सुरक्षा नीतियों पर जोर देती है, बल्कि जनता को सेना के साथ एकजुट होने का संदेश भी देती है।
सेना को निर्णय लेने की पूरी आजादी
पत्रकारों से बातचीत के दौरान अनिल विज ने कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट कर दिया है कि सेना को यह तय करने की आजादी है कि कब और कहां कार्रवाई करनी है, तो अन्य नेताओं को इसमें दखल देने की जरूरत नहीं है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि सेना देश की रक्षा के लिए सबसे सक्षम है और उसे बिना किसी बाधा के काम करने देना चाहिए। विज का यह बयान न केवल महबूबा मुफ्ती के लिए जवाब है, बल्कि उन सभी लोगों के लिए संदेश है जो सेना की कार्रवाइयों पर सवाल उठाते हैं।
जनता से एकजुटता की अपील
अनिल विज ने देशवासियों से अपील की कि वे भारतीय सेना के साथ मजबूती से खड़े हों और उनका हौसला बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि नकारात्मकता फैलाने वालों का ऐसा जवाब देना चाहिए कि कोई भी सेना के खिलाफ आवाज न उठाए।
विज का यह बयान देशभक्ति की भावना को जगाता है और जनता को सेना के प्रति अपनी जिम्मेदारी याद दिलाता है। उन्होंने कहा कि सेना हमारी सुरक्षा की रीढ़ है और हमें उसका हर कदम पर साथ देना चाहिए।
सिविल डिफेंस और मॉकड्रिल की अहमियत
पाकिस्तान के साथ बढ़ते तनाव के बीच केंद्र सरकार ने 7 मई को देशभर में मॉकड्रिल कराने का आदेश दिया है। इस पर अनिल विज ने कहा कि सिविल डिफेंस को सक्रिय करना बेहद जरूरी है।
उन्होंने 1965 और 1971 के भारत-पाक युद्धों का जिक्र करते हुए बताया कि उस समय ब्लैकआउट और सुरक्षित स्थानों पर जाने की प्रक्रिया आम थी। विज ने कहा कि अगर हम युद्ध की स्थिति में हैं, तो पाकिस्तान में भी ऐसी ही तैयारियां हो रही होंगी। मॉकड्रिल का उद्देश्य सिविल डिफेंस को तैयार करना है, ताकि आपात स्थिति में देश के अंदर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रहे।
देश की सुरक्षा पहले
अनिल विज का यह बयान न केवल सेना के प्रति सरकार के भरोसे को दर्शाता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि देश की सुरक्षा के लिए हर स्तर पर तैयारियां जरूरी हैं।
उन्होंने सिविल डिफेंस और मॉकड्रिल की महत्ता को रेखांकित करते हुए कहा कि यह देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने का एक कदम है। विज का यह रुख देशवासियों में एकता और सुरक्षा के प्रति जागरूकता को बढ़ाने वाला है।
एक मजबूत संदेश
अनिल विज ने अपने बयान से साफ कर दिया कि सेना को बिना किसी राजनीतिक दबाव के काम करने की आजादी मिलनी चाहिए। उनका यह बयान न केवल महबूबा मुफ्ती के बयान का जवाब है, बल्कि यह देश की जनता को सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलने का आह्वान भी है। यह बयान देश की सुरक्षा और एकता के लिए एक मजबूत संदेश देता है।












