KMP Expressway Greenery: Haryana’s roads will now be green! Know when and how the green sheet will be laid: केएमपी एक्सप्रेसवे हरियाली (KMP Expressway Greenery) के तहत हरियाणा का कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP Expressway) अब हरियाली की चादर से सजेगा। इस महत्वाकांक्षी परियोजना में एक्सप्रेसवे के दोनों किनारों पर तीन लाइनों में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए जाएंगे।
यह पहल न केवल पर्यावरण को संरक्षित करेगी, बल्कि हरियाणा की सड़कों को सुंदर और प्रदूषण-मुक्त बनाने में भी मदद करेगी। हरियाणा सरकार, वन विभाग और औद्योगिक संगठनों के सहयोग से यह योजना जल्द ही धरातल पर उतरेगी। आइए, इस हरित क्रांति के बारे में विस्तार से जानें।
दो चरणों में पौधारोपण, अनोखी पहल KMP Expressway Greenery
केएमपी एक्सप्रेसवे (KMP Expressway) पर पौधारोपण का कार्य दो चरणों में होगा। पहले चरण में कुंडली से मानेसर और दूसरे चरण में मानेसर से पलवल तक पौधे लगाए जाएंगे। खास बात यह है कि सड़कों के नाम के अनुरूप पौधों की प्रजातियां चुनी जाएंगी, जो इस परियोजना को और भी अनोखा बनाती है।
हरियाणा वन विभाग (Haryana Forest Department) इन पौधों को उपलब्ध कराएगा, जबकि हरियाणा औद्योगिक अवसर योजना विकास निगम (HSIIDC) उनकी देखभाल और रखरखाव की जिम्मेदारी संभालेगा। जरूरत पड़ने पर अनुभवी लैंडस्केप एजेंसियों की मदद भी ली जाएगी। यह सुनियोजित प्रयास पर्यावरण संरक्षण (Environmental Conservation) के साथ-साथ सौंदर्यीकरण को भी बढ़ावा देगा।
वन महोत्सव: हरियाणा में हरियाली का उत्सव
हरियाणा में 15 जुलाई 2025 को वन महोत्सव (Van Mahotsav) के रूप में मनाया जाएगा, जिसमें पूरे राज्य में लाखों पौधे लगाए जाएंगे। इस दिन सार्वजनिक स्थलों, तालाबों, नदियों और पंचायत भूमि पर सामूहिक पौधारोपण होगा। पर्यावरण, वन एवं वन्य जीव मंत्री राव नरबीर सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह फैसला लिया गया।
सामाजिक संगठनों और औद्योगिक घरानों का सहयोग इस अभियान को और मजबूती देगा। शहरों के प्रमुख चौराहों पर भी पौधे लगाए जाएंगे, जिनकी जिम्मेदारी संबंधित उद्योगों को सौंपी जाएगी। प्रत्येक स्थान पर कंपनी की पट्टिका लगाकर उनकी भागीदारी को सम्मानित किया जाएगा।
पर्यावरण और अर्थव्यवस्था को मिलेगा बढ़ावा
केएमपी एक्सप्रेसवे हरियाली (KMP Expressway Greenery) परियोजना केवल पर्यावरण संरक्षण तक सीमित नहीं है। यह हरियाणा में हरित पर्यटन (Green Tourism) को बढ़ावा देगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी। पौधों से ढके रास्ते न केवल प्रदूषण कम करेंगे, बल्कि यात्रियों के लिए एक सुखद अनुभव भी प्रदान करेंगे।
इसके अलावा, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और रैपिड रेल ट्रांजिट सिस्टम जैसी परियोजनाओं में भी हरियाणा वन विकास निगम की भागीदारी होगी। यह परियोजना हरियाणा को हरित और स्वच्छ राज्य बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।













