अंबाला (shatabdi express)। कैंट स्टेशन पर यात्रियों को उपचार की सुविधा मिलेगी, उन्हें स्टेशन पर उतरकर इधर-उधर भटकने की जरूरत नहीं होगी, वहीं ट्रेन में भी आपात स्थिति में चिकित्सकीय उपचार की सुविधा मिलेगी।
अंबाला रेल मंडल प्रबंधक के निर्देश पर वाणिज्य विभाग इस प्रस्ताव की तैयारी में जुट गए हैं ताकि बीमार यात्रियों को तत्काल उपचार उपलब्ध करवाया जा सके। रेलवे स्टेशन पर मेडिकल रूम सहित दवाई व उपचार आदि की सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए मेडिकल रूम भी बनाया जाएगा।
यहां सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी जोकि इमरजेंसी के समय भी इस्तेमाल की जा सकेंगी। इस सुविधा के लिए रेलवे ने दो जगह को चिह्नित किया है।
पहला रेलवे परिसर में खाली जगह पर कमरे आदि के निर्माण को लेकर और दूसरी प्लेटफार्म एक पर ने शताब्दी के बेस किचन को चिह्नित किया गया है जोकि अब रेलवे ने खाली करवा लिया है।
सिरदर्द व पट्टी की सुविधा
रेलवे ने प्राथमिक उपचार के लिए स्टेशन पर तैनात कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया है जोकि बुखार व सिरदर्द आदि होने पर दवाई देते हैं, इसके अलावा अगर छोटा घाव है तो उस पर भी मरहम-पट्टी की जाती है।
लेकिन गंभीर मरीज को एंबुलेंस की मदद से छावनी के नागरिक अस्पताल में भेजा जाता है, वहीं हादसे में टांग व बाजू आदि कटने के बाद मरीज को उपचार के लिए इंतजार करना पड़ता है।
त्योहार के दिनों में तो रेलवे स्टेशन पर डाक्टर की तैनाती की जाती है, लेकिन अब मेडिकल रूम को लेकर प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है ताकि यात्रियों को इधर-उधर भटकना न पड़े और स्टेशन पर ही उपचार की सुविधा मिल सके।
रोजाना रही 15 के करीब शिकायतें
कैंट रेलवे स्टेशन पर रोजाना 170 के करीब ट्रेनों का आवागमन हो रहा है, वहीं यात्रियों की संख्या भी रोजाना के हिसाब से 30 से 35 हजार तक है।
ऐसे में ट्रेन में सफर करने वाले और स्टेशन पर ट्रेन का इंतजार करने वाले व्यक्तियों को उपचार की सुविधा के लिए कभी ट्रेन मैनेजर तो कभी स्टेशन अधीक्षक से संपर्क करना पड़ता है।
रेलवे से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर रोजाना लगभग 15 शिकायतें मेडिकल इमरजेंसी को लेकर कंट्रोल रुम से प्राप्त होती हैं। ऐसे में स्टेशन पर सुविधा न होने के कारण रेलवे डाक्टर की मदद लेनी पड़ती है।












