ब्रेकिंग न्यूज़मौसमक्रिकेटऑटोमनोरंजनअपराधट्रेंडिंगकृषिलाइफस्टाइलराशिफलहरियाणा

Chandigarh में सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध, फिर भी मजबूत है वितरण नेटवर्क, पर्यावरण संरक्षण की चुनौती

On: June 5, 2025 3:53 PM
Follow Us:
Chandigarh में सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध, फिर भी मजबूत है वितरण नेटवर्क, पर्यावरण संरक्षण की चुनौती
Join WhatsApp Group

Single use plastic banned in Chandigarh, yet distribution network is strong Challenge of environmental protection: वर्ल्ड एन्वायर्नमेंट डे की थीम है- ‘बीट प्लास्टिक पॉल्यूशन’ पूरी दूनिया में इस दिन कई कार्यक्रम होंगे। चंडीगढ़ में भी कई तरह के अवेयरनेस इवेंट्स करवाए जाने हैं। लेकिन सवाल यह है कि क्या हम एन्वायर्नमेंट को बचाने की तरफ अपना योगदान दे रहे हैं?

जो चीजें पर्यावरण के लिए खतरा बन रही है उनका इस्तेमाल हम खुद रोक पा रहे हैं? इन सवालों का ज्यादातर जवाब ‘न’ में ही होगा। यही वजह है कि प्लास्टिक और पॉलीथीन का इस्तेमाल अभी भी जारी है। चंडीगढ़ का हर आदमी साल में करीब 5 किलो प्लास्टिक वेस्ट जेनरेट कर रहा है।

यह हालात तब हैं जब चंडीगढ़ में कई तरह के सिंगल यूज प्लास्टिक आइटम्स पर पूरी पाबंदी है। इसके बावजूद कई दुकानों में आराम से मिलता है। पाबंदी के चलते प्लास्टिक और पॉलीथीन इस्तेमाल कम हुआ है। मार्केट में बड़े पॉलीथीन के लिफाफों की जगह अब कागज या कपड़े के बैग ही दिखाई देते हैं।

लेकिन रेगुलर ड्राइव न चलने से पॉलीथीन पूरी तरह बंद नहीं हुआ है। हाल में हुई मीटिंग में प्रस्ताव रखा गया है कि चंडीगढ़ पुलिस बॉर्डर एरिया में ही इस तरह के सामान को रोके, कोई गाड़ी चंडीगढ़ में आती है तो उसका चालान करके सामान जब्त करे।

बैंक हो या म्यूचुअल फंड, अब एक ही KYC से होंगे सभी काम; जानें क्या है सरकार का नया प्लान
बैंक हो या म्यूचुअल फंड, अब एक ही KYC से होंगे सभी काम; जानें क्या है सरकार का नया प्लान

प्लास्टिक और पॉलीथीन पर पाबंदी के लिए ये जरूरी

• डिस्ट्रिब्यूशन नेटवर्क को खत्म करना जरूरी। मैन्यूफेक्चरिंग यहां नहीं है, इसलिए एन्फोर्समेंट की तरफ से सख्ती जरूरी है।
• ज्यादा पॉलीथीन इस्तेमाल होने वाली जगह जैसे मंडी में रेगुलर चेकिंग और चालान।
• रेस्टोरेंट्स, ईटिंग जॉइंट्स में रेगुलर मॉनिटरिंग । इन्सेंटिव बेस्ड बायोडिग्रेडेबल पॉलीथीन की इंडस्ट्री चंडीगढ़ में शुरू की जाए।

यहां पाबंदी का असर

जूस वेंडर अब कांच या गत्ते के गिलास में ही जूस ऑफर करते हैं। किराना, कपड़े की दुकानों में पॉलीथीन के बजाय कागज या कपड़े के बैग में सामान दे रहे हैं।
• ज्यादातर ब्रांडेड दुकानों में मोटी पॉलीथीन के बैग्स बिलकुल बंद हो गए हैं। ऑनलाइन सामान देने वाली कंपनियां ज्यादातर सामान कागज के बैग में दे रही हैं।

हरियाणा सक्षम युवा योजना 2026: बेरोजगारों को हर महीने मिलेंगे ₹9500 तक, जानें कैसे
हरियाणा सक्षम युवा योजना 2026: बेरोजगारों को हर महीने मिलेंगे ₹9500 तक, जानें कैसे

यहां बेअसर

ऑनलाइन फूड डिलीवरी प्लास्टिक के बाउल, चम्मच प्लेट में हो रही है।
• सब्जी वाले बैन पॉलीथीन में ही सब्जियां दे रहे हैं। डेकोरेशन के लिए भी जो चीजें बैन हैं वो आराम से बिक रही हैं।
• शराब ठेकों, अहातों के साथ खाने-पीने की दुकानों में प्लास्टिक के गिलास बिकते हैं।

आदतों में छोटे-छोटे बदलाव कर बड़ा बदलाव ला सकते हैं

सौरभ कुमार चीफ कंजर्वेटर ऑफ फॉरस्ट व चीफ वाइल्ड लाइफ वार्डन चंडीगढ़ के अनुसार आदतों में बदलाव एन्वायर्नमेंट के लिए बेहतर हो सकता है। इसलिए सभी शहरवासियों से अपील है कि सिंगल यूज प्लास्टिक को खुद अवॉइड करें। उनकी जगह ईको फ्रेंडली प्रोडक्ट अपनाएं। हम सब मिलकर ही प्लास्टिक और पॉलीथीन को खत्म कर सकते हैं। मार्केट में जिस चीज की डिमांड कम होती है या होती ही नहीं वो धीरे धीरे खत्म हो जाती है। आदतों में छोटे-छोटे बदलाव कर हम बड़े बदलाव की तरफ बढ़ सकते हैं। चंडीगढ़ पॉल्यूशन कंट्रोल कमेटी सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलीथीन को लेकर शहर में टेक्नोलॉजी बेस्ड मॉनिटरिंग भी बढ़ाएगी।

चंडीगढ़ पुलिस और शिक्षा विभाग में रेगुलर भर्ती का रास्ता साफ, 1500 पदों पर निकलेगी वैकेंसी
चंडीगढ़ पुलिस और शिक्षा विभाग में रेगुलर भर्ती का रास्ता साफ, 1500 पदों पर निकलेगी वैकेंसी

(सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड की रिपोर्ट के मुताबिक चंडीगढ़ में)

राहुल शर्मा

राहुल शर्मा एक कुशल पत्रकार और लेखक हैं, जो पिछले 8 वर्षों से ब्रेकिंग न्यूज़, हरियाणा न्यूज़ और क्राइम से जुड़ी खबरों पर प्रभावशाली लेख लिख रहे हैं। उनकी खबरें तथ्यपूर्ण, गहन और तेज़ी से पाठकों तक पहुँचती हैं, जो हरियाणा और अन्य क्षेत्रों की महत्वपूर्ण घटनाओं को उजागर करती हैं। राहुल का लेखन शैली आकर्षक और विश्वसनीय है, जो पाठकों को जागरूक और सूचित रखता है। वे Haryananewspost.com और डिजिटल मंचों पर सक्रिय हैं, जहाँ उनकी स्टोरीज़ सामाजिक और आपराधिक मुद्दों पर गहरी छाप छोड़ती हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment