Manisha Death Case: Bhiwani teacher Manisha case: Big disclosure by school operator, salary was 5 thousand, went missing on August 11!: भिवानी | हरियाणा के भिवानी में 19 साल की लेडी टीचर मनीषा की मौत का मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। इस केस में अब किड्स केयर सीएससी बाल विद्यालय के संचालक रोहित दहिया का बयान सामने आया है,
जिसने कई नए सवाल खड़े कर दिए हैं। मनीषा की मौत को लेकर चल रही जांच और नए खुलासों ने लोगों का ध्यान खींचा है। आइए, इस खबर में जानते हैं कि स्कूल संचालक ने क्या बताया और मनीषा की जिंदगी से जुड़ी अहम बातें।
स्कूल से देर से निकली थी मनीषा Manisha Death Case
किड्स केयर सीएससी बाल विद्यालय में पढ़ाने वाली मनीषा की मौत के मामले में स्कूल संचालक रोहित दहिया ने बताया कि मनीषा रोजाना दोपहर 1:30 बजे स्कूल से निकल जाती थी।
लेकिन 11 अगस्त को वह 1:58 बजे अकेले स्कूल के गेट से निकली थी। उस दिन स्कूल में बच्चों का टेस्ट था, जिसके चलते मनीषा और बाकी स्टाफ को देर हो गई। रोहित दहिया के इस बयान ने जांच को नई दिशा दी है, क्योंकि मनीषा उसी दिन लापता हो गई थी।
5 हजार थी मनीषा की सैलरी
मनीषा ने 9 जुलाई से स्कूल में पढ़ाना शुरू किया था। उनकी मासिक सैलरी 5 हजार रुपये थी। खबरों के मुताबिक, मनीषा को अभी अपनी पहली सैलरी मिलनी थी, लेकिन इससे पहले ही 11 अगस्त को वह लापता हो गई। मनीषा के परिवार को उनकी सैलरी अभी तक नहीं मिली है।
यह बात परिवार के लिए और भी दुखदायी है, क्योंकि मनीषा अपने परिवार की आर्थिक मदद के लिए काम कर रही थी।
12वीं में 85% अंक, नर्सिंग का था सपना
मनीषा एक होनहार छात्रा थी। उसने 12वीं में साइंस स्ट्रीम से 85 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। उसका सपना बीएससी नर्सिंग में दाखिला लेकर आगे पढ़ाई करना था। लेकिन घर की कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण उसने स्कूल में पढ़ाना शुरू किया, ताकि पैसे जोड़कर नर्सिंग कॉलेज में दाखिला ले सके।
मनीषा 11 अगस्त को एक नर्सिंग कॉलेज में दाखिले की जानकारी लेने गई थी, लेकिन वह वापस नहीं लौटी। 13 अगस्त को उसका शव भिवानी के एक खेत में मिला, जिसने पूरे इलाके में सनसनी मचा दी।











