हरियाणा सरकार ने विभागों को एक सप्ताह में ग्रुप डी के खाली पदों का ब्योरा एचकेसीएल पोर्टल पर अपलोड करने का आदेश दिया है ताकि कर्मचारियों की पोस्टिंग और समायोजन जल्दी हो सके।
चंडीगढ़. हरियाणा सरकार ने ग्रुप डी के कर्मचारियों की नियुक्ति और समायोजन को लेकर बड़ा कदम उठाया है। प्रदेश सरकार ने सभी विभागों के अध्यक्षों को निर्देश दिया है कि वे अपने यहां खाली पड़े ग्रुप डी के पदों का पूरा ब्योरा तुरंत प्रभाव से ऑनलाइन अपलोड करें।
मुख्य सचिव कार्यालय की ओर से जारी इस आदेश के बाद उन कर्मचारियों में उम्मीद की किरण जगी है जो अपनी पोस्टिंग या एडजस्टमेंट का इंतजार कर रहे थे। सरकार का मकसद पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और तेज बनाना है।
एक सप्ताह के भीतर देना होगा जवाब
मुख्य सचिव कार्यालय द्वारा जारी किए गए पत्र में सभी विभागाध्यक्षों को सख्त निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को एक सप्ताह का समय दिया गया है। इस समय सीमा के भीतर उन्हें हरियाणा नॉलेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड यानी एचकेसीएल के रिक्विजिशन पोर्टल पर खाली पदों की जानकारी अपलोड करनी होगी।
सरकार ने साफ किया है कि इस काम में किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी क्योंकि यह मामला सीधे तौर पर युवाओं के रोजगार और प्रशासन के सुचारू कामकाज से जुड़ा है।
क्यों पड़ी इसकी जरूरत
सरकार के इस फैसले के पीछे मुख्य उद्देश्य ग्रुप डी के उन कर्मचारियों को समायोजित करना है जिन्होंने अभी तक ज्वाइन नहीं किया है या जो अपनी नियुक्ति का इंतजार कर रहे हैं। पोर्टल पर सटीक डेटा आने के बाद सरकार इन कर्मचारियों को उनकी पसंद और प्राथमिकता के आधार पर स्टेशन अलॉट कर सकेगी।
इससे पहले कई बार डेटा उपलब्ध न होने के कारण पोस्टिंग में देरी होती थी और कर्मचारियों को उनकी पसंद के स्टेशन नहीं मिल पाते थे। अब ऑनलाइन सिस्टम होने से यह परेशानी दूर हो जाएगी।
गलती की कोई गुंजाइश नहीं
सरकार ने केवल डेटा ही नहीं मांगा है बल्कि उसकी सटीकता पर भी जोर दिया है। विभागों को निर्देश दिया गया है कि वे सक्षम प्राधिकारी द्वारा सत्यापित एक प्रमाण पत्र भी अपलोड करें। यह प्रमाण पत्र इस बात की पुष्टि करेगा कि पोर्टल पर दी गई जानकारी पूरी तरह सही है।
ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि बाद में पोस्टिंग के समय किसी तरह का विवाद न हो। नई पोस्टिंग पूरी तरह से इसी सत्यापित डेटा के आधार पर की जाएगी।
कर्मचारियों को मिलेगी बड़ी राहत
प्रशासनिक जानकारों का मानना है कि इस कदम से हजारों कर्मचारियों को राहत मिलेगी। जब विभाग खाली पदों की सही जानकारी देंगे तो सरकार के पास एक स्पष्ट तस्वीर होगी कि कहां कितने कर्मचारियों की जरूरत है।
इससे ट्रांसफर और पोस्टिंग की प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी और भाई भतीजावाद की संभावना खत्म हो जाएगी। जो कर्मचारी लंबे समय से अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे उन्हें अब जल्द ही खुशखबरी मिल सकती है।
डिजिटल सिस्टम से सुधरेगी व्यवस्था
हरियाणा सरकार लगातार प्रशासनिक कार्यों में डिजिटलीकरण को बढ़ावा दे रही है। एचकेसीएल पोर्टल के माध्यम से रिक्तियों का डेटा जुटाना इसी दिशा में एक प्रयास है।
इससे मानवीय भूल की संभावना कम होगी और पूरी प्रक्रिया रिकॉर्ड में रहेगी। इससे न केवल विभागों का काम आसान होगा बल्कि कर्मचारियों को भी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।












