Legal Metrology Haryana: हरियाणा सरकार ने वजन-माप उपकरणों के सत्यापन के ऑनलाइन प्रमाण–पत्र की समय-सीमा 30 दिन से घटाकर 3 दिन कर दी है। नई व्यवस्था से व्यापारियों को तेजी से सेवा और पारदर्शिता का लाभ मिलेगा।
हरियाणा सरकार ने राज्य के व्यापारियों, दुकानदारों और उद्योगों के लिए एक बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है। अब बाजार में इस्तेमाल होने वाले तराजू, नाप-तौल मशीनों और अन्य माप उपकरणों के सत्यापन (Verification) का ऑनलाइन प्रमाण–पत्र पाने के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। पहले जहां यह प्रक्रिया 30 दिन तक चलती थी, अब सरकार ने इसे घटाकर केवल 3 दिन कर दिया है।
यह बदलाव विधिक माप विज्ञान संगठन (Legal Metrology) की उन सेवाओं में किया गया है, जो हरियाणा सेवा का अधिकार अधिनियम, 2014 के तहत आती हैं।
परिवर्तन क्यों महत्वपूर्ण है? Legal Metrology Haryana
नाप-तौल उपकरणों का समय पर सत्यापन व्यवसायों के लिए काफी जरूरी होता है। पुराने सिस्टम में:
व्यापारी हफ्तों तक प्रमाणपत्र का इंतजार करते थे
जाँच और दस्तावेज़ अपडेट में देरी से बिजनेस संचालन प्रभावित होता था
नवीनीकरण के देर होने पर जुर्माने जैसी समस्याएँ आती थीं
नई व्यवस्था से तेज़ी आएगी और भ्रष्टाचार या अनावश्यक चक्करें भी कम होंगी।
एक डिजिटल गवर्नेंस विशेषज्ञ के अनुसार,
“समय-सीमा को 30 दिन से घटाकर 3 दिन करना ई-गवर्नेंस में हरियाणा की बड़ी छलांग है। इससे छोटे व्यापारियों को सबसे ज़्यादा राहत मिलेगी।”
क्या बदला है? — नई समय-सीमा और जिम्मेदार अधिकारी
सरकार ने न केवल समय-सीमा घटाई है, बल्कि अधिकारियों की जिम्मेदारियों को भी स्पष्ट किया है:
1. ऑनलाइन प्रमाण-पत्र / नवीनीकरण की समय-सीमा
पुरानी समय-सीमा: 30 दिन
नई समय-सीमा: 3 दिन
2. कौन करेगा प्रमाण-पत्र जारी?
विधिक माप विज्ञान अधिकारी (निरीक्षक) — मुख्य जिम्मेदार अधिकारी
सहायक नियंत्रक, विधिक माप विज्ञान — प्रथम शिकायत निवारण प्राधिकारी
उप नियंत्रक, विधिक माप विज्ञान — द्वितीय शिकायत निवारण प्राधिकारी
यह स्पष्ट ढांचा उपभोक्ताओं और व्यापारियों दोनों के लिए समाधान प्रक्रिया को पारदर्शी बनाता है।
व्यापारियों के लिए लाभ
समय की बड़ी बचत
बिना देरी के ऑनलाइन प्रमाण-पत्र
व्यापार संचालन में कोई रुकावट नहीं
शिकायतों के समाधान की स्पष्ट व्यवस्था
हरियाणा में लगभग हर सेक्टर—किराना, ज्वेलरी, ऑटो वर्कशॉप, उद्योग, पेट्रोल पंप—वजन-माप उपकरणों का उपयोग करता है। इसलिए यह निर्णय लाखों लोगों को प्रभावित करने वाला माना जा रहा है।
राज्य की डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा
हरियाणा सरकार लगातार डिजिटल गवर्नेंस और पारदर्शिता पर फोकस कर रही है।
इस साल कई विभागों में ऑनलाइन सेवाओं को समय-बद्ध बनाने के लिए नई समय-सीमाएँ लागू की गई हैं।
यह कदम उसी दिशा में एक और महत्वपूर्ण सुधार है।












