गुरुग्राम. ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो के दूसरे चरण के लिए 9 स्टेशनों की जमीन तय कर ली गई है। पालम विहार से लेकर अशोक विहार तक मेट्रो कनेक्टिविटी मिलेगी। जानें रूट और निर्माण कार्य का ताजा अपडेट।
गुरुग्राम के पुराने शहर यानी ओल्ड गुरुग्राम में रहने वाले लाखों लोगों के लिए एक बहुत बड़ी और राहत भरी खबर आई है। वर्षों के इंतजार के बाद अब मेट्रो परियोजना जमीन पर हकीकत का रूप लेती दिखाई दे रही है। गुरुग्राम मेट्रो रेल लिमिटेड यानी जीएमआरएल ने दूसरे चरण के तहत बनने वाले 9 मेट्रो स्टेशनों के लिए जमीन का चयन कर लिया है।
इस फैसले के बाद अब ओल्ड गुरुग्राम के निवासियों को जाम से मुक्ति मिलने की उम्मीद बढ़ गई है। प्रशासन ने स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बनाने के लिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण से जमीन का ब्योरा भी मांग लिया है।
इन 9 इलाकों में बनेंगे नए मेट्रो स्टेशन
मेट्रो विस्तार के दूसरे चरण में जिन इलाकों की किस्मत बदलने वाली है उनकी तस्वीर अब साफ हो गई है। जीएमआरएल ने सेक्टर 9 से लेकर डीएलएफ साइबर सिटी तक के रूट पर फोकस किया है। जिन प्रमुख स्थानों पर मेट्रो स्टेशन बनाए जाएंगे उनमें सेक्टर 7 और सेक्टर 4 शामिल हैं।
इसके अलावा सेक्टर 5 और अशोक विहार व सेक्टर 3 में भी स्टेशन बनेंगे। बजघेड़ा और पालम विहार एक्सटेंशन के साथ पालम विहार व सेक्टर 23ए के लोगों को भी मेट्रो की सीधी कनेक्टिविटी मिलेगी। रियल एस्टेट विशेषज्ञों का मानना है कि मेट्रो रूट फाइनल होने से इन इलाकों में प्रॉपर्टी के दामों में उछाल आ सकता है।
तीन चरणों में पूरा होगा यह मेगा प्रोजेक्ट
मिलेनियम सिटी में मेट्रो के जाल को बिछाने के लिए पूरे प्रोजेक्ट को तीन हिस्सों में बांटा गया है ताकि काम व्यवस्थित तरीके से हो सके।
पहला चरण: मिलेनियम सिटी सेंटर से लेकर सेक्टर 9 तक मेट्रो लाइन बिछाई जाएगी। इसके लिए टेंडर जारी हो चुके हैं और मौके पर काम भी शुरू हो गया है।
दूसरा चरण: सेक्टर 9 से आगे बढ़कर मेट्रो डीएलएफ साइबर सिटी तक जाएगी। इसी रूट के 9 स्टेशनों के लिए अब जमीन फाइनल की गई है।
तीसरा चरण: सेक्टर 33 में मेट्रो के रखरखाव के लिए एक आधुनिक डिपो बनाया जाएगा।
ग्राउंड जीरो पर शुरू हुई हलचल
परियोजना की गंभीरता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि निर्माण एजेंसी ने काम की रफ्तार बढ़ा दी है। मिलेनियम सिटी सेंटर से बख्तावर चौक के बीच पाइलिंग यानी पिलर बनाने के लिए जमीन की खुदाई का काम शुरू हो चुका है। इसके लिए मौके पर तीन भारी भरकम मशीनें तैनात कर दी गई हैं। यह दृश्य देखकर स्थानीय लोगों में उम्मीद जगी है कि अब जल्द ही उन्हें ट्रैफिक जाम से छुटकारा मिलेगा।
रेलवे स्टेशन जाना भी होगा आसान
ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो प्रोजेक्ट में कनेक्टिविटी का खास ध्यान रखा गया है। योजना के मुताबिक सेक्टर 5 को गुरुग्राम रेलवे स्टेशन से जोड़ने का प्रस्ताव है। यह रूट करीब 2 किलोमीटर लंबा होगा जिस पर दो नए स्टेशन बनाए जा सकते हैं। इससे फायदा यह होगा कि जो यात्री ट्रेन पकड़ने के लिए रेलवे स्टेशन जाना चाहते हैं वे मेट्रो से सीधे वहां पहुंच सकेंगे।
409 करोड़ से बनेगा हाईटेक डिपो
मेट्रो के संचालन और मरम्मत के लिए सेक्टर 33 में एक विशाल डिपो तैयार किया जाएगा। इसके निर्माण पर लगभग 409 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। सरकार का लक्ष्य है कि तय समय सीमा के भीतर इस प्रोजेक्ट को पूरा कर जनता को समर्पित किया जाए।













