ब्रेकिंग न्यूज़मौसमक्रिकेटऑटोमनोरंजनअपराधट्रेंडिंगकृषिलाइफस्टाइलराशिफलहरियाणा

सिरसा में बारिश ने फसलें बर्बाद कीं, 25,975 किसानों ने मांगा मुआवजा!

On: September 5, 2025 6:22 PM
Follow Us:
सिरसा में बारिश ने फसलें बर्बाद कीं, 25,975 किसानों ने मांगा मुआवजा!
Join WhatsApp Group

सिरसा। जिले में बीते दिनों हुई 175 एमएम तक बारिश से जलभराव ने खरीफ सीजन की फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। नरमा, बाजरा और ग्वार की फसलें किसानों के अनुसार 70 फीसदी तक बर्बाद हो गई हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा पोर्टल पर अब तक 24975 किसानों ने ऑनलाइन आवेदन कर फसलों के नुकसान का सर्वे करवाने की मांग की है। इसके अलावा, बड़ी संख्या में किसान डीडीए कार्यालय ऑफलाइन आवेदन भी दे रहे हैं। प्रशासन की ओर से संबंधित गांवों में नुकसान का आंकलन किया जा रहा है और सर्वे टीमों को खेतों में भेजा गया है।

जिला प्रशासन ने बताया कि जिन गांवों में जलभराव अधिक रहा और फसलें पूरी तरह खराब हो गई, वहां प्राथमिकता के आधार पर कृषि विभाग व बीमा कंपनी टीमों की ओर से सर्वे कार्य करवाया जाएगा ताकि किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा मिल सके। सर्वे करते हुए कुल 2460 एकड़ क्षेत्र में फसल खराबे की तैयार रिपोर्ट में महानिदेशक, चंडीगढ़ को भेजी है। इसमें नाथूसरी चौपटा क्षेत्र के तरकांवाली, शाहपुरिया, शक्करमंदोरी, गंजा रूपाणा, रूपाणा खुर्द, दड़बा कलां व अन्य शामिल है।

25 हजार ने दी हानि की रिपोर्ट

मल्टी वैरायटी मैंगो फार्मिंग : एक ही पेड़ पर उगेंगे दशहरी, लंगड़ा और चौसा, किसानों के लिए कमाल की है यह तकनीक
मल्टी वैरायटी मैंगो फार्मिंग : एक ही पेड़ पर उगेंगे दशहरी, लंगड़ा और चौसा, किसानों के लिए कमाल की है यह तकनीक

उप कृषि निदेशक सिरसा डॉ. सुखदेव सिंह ने कहा कि फसल बीमा पोर्टल पर करीब 25 हजार किसानों ने जलभराव से नुकसान बताया है। कृषि विभाग व बीमा कंपनी की संयुक्त टीमें निरीक्षण रिपोर्ट बना रही हैं। फिलहाल चौपटा, रानियां और बड़गुढ़ा क्षेत्र में नुकसान अधिक है। चौपटा क्षेत्र के 14 गांवों में नुकसान की रिपोर्ट पहले भी भेजी जा चुकी है। वहीं सरकार ने 310 गांव के लिए ई क्षतिपूर्ति पोर्टल भी खोल दिया है।

बारिश ने फेरा मेहनत पर पानी

जिले के गांव खारियां के किसान सुभाष नैन, रामकुमार, अभिषेक कुमार, विपिन, राजेंद्र सिंह व अन्य ने बताया कि इस सीजन नरमा, ग्वार, धान व बाजरा की फसलें अच्छी होने से खुश थे। फसलों पर कर्ज लेकर खर्चा लगा रहे थे। लेकिन पिछले कुछ दिनों से हो रही बारिश से पूरी मेहनत पर पानी फेर दिया है। फसलें जलभराव से गल चुकी हैं। किसानों ने संबंधित विभाग से गिरदावरी की मांग करते हुए सरकार खेत में घुसे बरसाती पानी से फसल को नुकसान से मुआवजा दिलाए जाने की मांग की है।

यूरिया के लिए लाइन में लगने की जरूरत नहीं, सरकार ला रही नई डिजिटल सुविधा
यूरिया के लिए लाइन में लगने की जरूरत नहीं, सरकार ला रही नई डिजिटल सुविधा

14 गांवों की भेजी रिपोर्ट

उप कृषि निदेशक सिरसा डॉ. सुखदेव सिंह ने कहा कि फसल बीमा पोर्टल पर करीब 25 हजार किसानों ने जलभराव से नुकसान बताया है। कृषि विभाग व बीमा कंपनी की संयुक्त टीमें निरीक्षण रिपोर्ट बना रही हैं। फिलहाल चौपटा, रानियां और बड़गुढ़ा क्षेत्र में नुकसान अधिक है। चौपटा क्षेत्र के 14 गांवों में नुकसान की रिपोर्ट पहले भी भेजी जा चुकी है। वहीं सरकार ने 310 गांव के लिए ई क्षतिपूर्ति पोर्टल भी खोल दिया है।

हरियाणा सरकार का बड़ा फैसला, खेतों की मिट्टी जांचने के लिए 2.5 करोड़ की लागत से आएंगी आधुनिक किट
हरियाणा सरकार का बड़ा फैसला, खेतों की मिट्टी जांचने के लिए 2.5 करोड़ की लागत से आएंगी आधुनिक किट

मोनिका गुप्ता

मोनिका गुप्ता एक अनुभवी लेखिका हैं, जो पिछले 10 वर्षों से लाइफस्टाइल, एंटरटेनमेंट, ट्रेंडिंग टॉपिक्स और राशिफल पर हिंदी में आकर्षक और जानकारीपूर्ण लेख लिख रही हैं। उनकी रचनाएं पाठकों को दैनिक जीवन की सलाह, मनोरंजन की दुनिया की झलक, वर्तमान ट्रेंड्स की गहराई और ज्योतिषीय भविष्यवाणियों से जोड़ती हैं। मोनिका जी का लेखन सरल, रोचक और प्रासंगिक होता है, जो लाखों पाठकों को प्रेरित करता है। वे विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्म्स और न्यूज़ पोर्टल्स (Haryananewspost.com) पर सक्रिय हैं, जहाँ उनकी कलम से निकले लेख हमेशा चर्चा का विषय बन जाते हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment