Haryana Disneyland: World class entertainment center to be built in Gurugram, thousands of job opportunities, know details!: हरियाणा डिजनीलैंड (Haryana Disneyland) की योजना हरियाणा को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर चमकाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने घोषणा की है कि गुरुग्राम के मानेसर में 500 एकड़ में डिजनीलैंड बनाया जाएगा।
यह परियोजना दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र को आर्थिक और सांस्कृतिक रूप से सशक्त बनाएगी। इसके साथ ही, सूरजकुंड में तीन मेले और अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव को बड़े स्तर पर आयोजित करने की योजना है। यह पहल हरियाणा को पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करेगी। आइए, इसकी पूरी जानकारी समझें।
गुरुग्राम में डिजनीलैंड का सपना Haryana Disneyland
हरियाणा डिजनीलैंड (Haryana Disneyland) गुरुग्राम के मानेसर में पचगांव चौक के पास बनेगा। यह स्थान कुण्डली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेसवे और हरियाणा ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर से जुड़ा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बताया कि यह परियोजना हजारों रोजगार पैदा करेगी।
बुनियादी ढांचे का विकास होगा। पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। गुरुग्राम की ग्लोबल सिटी परियोजना के साथ यह डिजनीलैंड हरियाणा की अर्थव्यवस्था (Haryana Economy) को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। यह परियोजना अंतर्राष्ट्रीय पर्यटकों को आकर्षित करेगी। इससे राज्य और देश का राजस्व बढ़ेगा।
सूरजकुंड मेला और गीता महोत्सव को नया आयाम
हरियाणा सरकार सूरजकुंड में सालाना तीन मेले आयोजित करने की योजना बना रही है। अंतर्राष्ट्रीय सूरजकुंड मेला (Surajkund Mela) पहले से ही भारतीय कला, संस्कृति, और शिल्प का अनोखा संगम है। अब दीपावली मेला और पुस्तक मेला भी आयोजित होंगे।
ये मेले स्थानीय और अंतर्राष्ट्रीय कलाकारों को मंच देंगे। साथ ही, अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव (International Gita Mahotsav) को और भव्य बनाने के लिए केंद्र सरकार से आर्थिक सहायता मांगी गई है। यह आयोजन हरियाणा को सांस्कृतिक पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करेगा।
पर्यटन से हरियाणा की नई पहचान
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने केंद्रीय पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत से मुलाकात कर इन योजनाओं पर चर्चा की। हरियाणा डिजनीलैंड (Haryana Disneyland) और सूरजकुंड मेले हरियाणा को वैश्विक पर्यटन स्थल बनाएंगे। गीता महोत्सव भगवान श्रीकृष्ण के संदेश को विश्व तक पहुंचाएगा।
ये पहल न केवल पर्यटन को बढ़ावा देंगी, बल्कि सांस्कृतिक विरासत को भी संरक्षित करेंगी। यह हरियाणा के लिए आर्थिक और सामाजिक विकास का सुनहरा अवसर है।













