करनाल (Karnal Utility News)। हरियाणा सरकार ने शहरी लोगों को एक बड़ी समस्या का सरलीकरण कर दिया है। अब 15 साल के बाद भी नगर निगम से जन्म प्रमाणपत्र बनवाकर रिकॉर्ड में अपने बच्चे का नाम दर्ज करवा सकेंगे। इसके लिए लोगों को निगम में ऑफलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन के साथ निर्धारित दस्तावेज जमा करवाने होंगे।
Karnal Utility News: हरियाणा सरकार ने दी छूट
अब तक जन्म प्रमाण पत्र बनाने की प्रक्रिया 15 साल तक ही थी। यदि कोई इस अवधि में प्रमाणपत्र नहीं बनवा पाता था, तो उसे कोर्ट की शरण लेनी होती थी। वकील करके न्यायालय में अपना पक्ष रखना होता था। न्यायालय के आदेश पर ही नगर निगम 15 साल के बाद जन्म प्रमाणपत्र जारी करता था।
इस प्रक्रिया में लंबा समय तो लगता ही था, साथ ही धन भी अधिक खर्च होता था। महापौर रेनू बाला गुप्ता ने बताया कि जन्म प्रमाणपत्र में बच्चे का नाम दर्ज करवाने के लिए 15 वर्ष का समय निर्धारित था लेकिन हरियाणा सरकार की ओर से अब इसमें छूट दी गई है।
नागरिक अब 15 वर्ष बाद भी नाम दर्ज करवा सकेंगे लेकिन इसके लिए उन्हें सिर्फ ऑफलाइन माध्यम से ही आवेदन करना होगा। उन्होंने बताया कि सरल पोर्टल पर नाम दर्ज करवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन करने पर अभी भी 15 वर्ष तक का ही समय है। नागरिकों को जन्म प्रमाणपत्र, 10वीं की डीएमसी, आधार कार्ड और एफिडेविट देना होगा।
कृषि यंत्राें के लिए 391 किसानों का चयन
कृषि यंत्रों की खरीद पर सब्सिडी देने के लिए लघु सचिवालय में सोमवार को डीएलसीई सदस्यों और किसानों के समक्ष ऑनलाइन ड्रॉ निकला गया। इसमें 391 किसानों का चयन हुआ। उप-कृषि निदेशक डॉ. वजीर सिंह ने बताया कि निदेशालय के निर्देशानुसार अतिरिक्त मशीनों का लक्ष्य प्राप्त हुआ था, जिसके तहत सोमवार को उपमंडल अधिकारी अनुभव मेहता की अध्यक्षता में ऑनलाइन ड्रॉ निकाला गया।
हालांकि इससे पहले भी 1110 किसानों का चयन हुआ था। उन्होंने बताया कि फसल अवशेष प्रबंधन योजना 2025-26 के तहत कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, हरियाणा के पोर्टल www.agriharyana.gov.in पर 20 अगस्त 2025 तक कृषि यंत्रों पर अनुदान के लिए 1904 किसानों ने कुल 3509 कृषि यंत्रों के लिए आवेदन किया था। उन्होंने बताया कि कृषि यंत्र खरीदने की अंतिम तिथि 30 नवम्बर है।
बिजली शिकायतों की आज होगी सुनवाई
बिजली निगम का खुला दरबार 11 नवंबर को सुबह 11 बजे लगेगा। यह दरबार सेक्टर 12 करनाल कार्यालय के सभागार में आयोजित होगा। इसमें बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतें सुनी जाएंगी। शिकायतों की सुनवाई परिचालन उपभोक्ता शिकायत निवारण फोरम, उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम करनाल के अध्यक्ष करेंगे।
परिचालन मंडल के अध्यक्ष एससी नसीब सिंह ने बताया कि ऐसे उपभोक्ता जिनकी बिजली संबंधी समस्याओं का स्थानीय अधिकारियों से मिलने के बाद भी समाधान नहीं हो पा रहा है, वे फोरम के समक्ष शिकायत रख सकते हैं। उन्होंने बताया कि ऐसे उपभोक्ता जिनका बिजली संबंधी केस कोर्ट में विचाराधीन है तथा जिनकी शिकायत या मामला दो वर्ष से पुराना है, ऐसे उपभोक्ता सुनवाई के पात्र नहीं होंगे। इसके अलावा बिजली चोरी संबंधी शिकायतें भी बैठक में नहीं सुनी जाएंगी।
धर्मशालाओं में अनुदान पर लगेंगे सोलर पैनल
प्रदेश सरकार की ओर से नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभाग व हरेडा के माध्यम से ऊर्जा संरक्षण एवं सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए सभी सरकारी भवनों में ग्रिड कनेक्टेड सोलर पावर प्लांट लगाए जाएंगे। जिला की पंजीकृत अनुसूचित जाति व पिछड़े वर्ग की धर्मशालाओं में 75 प्रतिशत अनुदान पर ग्रिड कनेक्टेड सोलर पावर प्लांट लगाए जाएंगे, इसकी 25 प्रतिशत राशि संबंधित संस्था की ओर से वहन की जाएगी।
अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि इन धर्मशालाओं में बिना बैटरी बैंक के पांच किलोवाट तक के सोलर पावर प्लांट लगाए जाएंगे। इस योजना का पहले आओ पहले पाओ के आधार पर लाभ मिलेगा। इच्छुक सामाजिक संस्थाओं का नीति आयोग के दर्पण पोर्टल पर पंजीकृत होनी अनिवार्य है।












